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Date: 2015-09-16 Category: Not Applicable State: Uttar Pradesh Country: India

मा0 आयोग के वेतन एवं अन्य खर्चो के मद में व्यय की गयी धनराशि की प्रतिपूर्ति एवं मा0 आयोग के चालू वित्तीय वर्ष के शेष व्यय की पूर्ति हेतु वित्तीय वर्ष 2015-2016 के आय-व्ययक में व्यवस्थित धनराशि की वित्तीय स्वीकृति।

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Executive Summary & Key Takeaways

**कार्यकारी सारांश** यह दस्तावेज़ उत्तर प्रदेश सरकार के उद्योग विकास अनुभाग-4 द्वारा जारी एक वित्तीय स्वीकृति है। यह 2015-2016 के वित्तीय वर्ष के लिए माननीय आयोग के वेतन और अन्य खर्चों को कवर करने के लिए 97,14,000 रुपये की राशि आवंटित करता है। इन निधियों का उद्देश्य वर्ष के लिए आवंटित बजट को सुव्यवस्थित करना और यह सुनिश्चित करना है कि वित्तीय लेनदेन को राज्य के नियमों के अनुसार संभाला जाए। **मुख्य बातें** * **अनुदान स्वीकृति:** राज्यपाल ने 2015-2016 के वित्तीय वर्ष के लिए 97,14,000 रुपये के आवंटन को मंजूरी दी, जो अनुदान संख्या-7 के तहत आयोजनेत्तर मद से वित्त पोषित होगी। * **व्यय का वितरण:** निम्नलिखित खर्चों के लिए राशि आवंटित की जाती है (रुपये हजार में): * वेतन: 2500 * महंगाई भत्ता: 3000 * यात्रा व्यय: 800 * अन्य भत्ते: 700 * कार्यालय व्यय: 1206 * लेखन सामग्री: 50 * कार्यालय फर्नीचर: 200 * वाहन रखरखाव: 1158 * कंप्यूटर स्टेशनरी: 100 * **व्यय की शर्तें:** स्वीकृत धनराशि का रिकॉर्ड PICUP द्वारा रखा जाएगा और इसे बैंक खाते में नहीं रखा जाएगा। फंड का उपयोग सक्षम स्तर से अनुमोदन के बाद नियमों के अनुसार किया जाना चाहिए और 26 अगस्त, 2015 के वित्तीय विभाग के ज्ञापन के अनुसार सभी नियमों का पालन करना चाहिए। * **धनराशि का आहरण:** फंड को PICUP के प्रबंध निदेशक के अनुरोध पर निकाला जाएगा और उपयोगिता प्रमाण पत्र संयुक्त आयुक्त, उद्योग, लखनऊ मंडल, लखनऊ के माध्यम से महालेखाकार को उपलब्ध कराया जाएगा। * **लेखा शीर्षक:** स्वीकृत राशि को लेखा शीर्षक "2070-अन्य सेवाएं, 105-विशेष जांच आयोग, 03-एकल सदस्यीय न्यायिक जांच आयोग" के नामे डाला जाएगा। * **अनुपालन:** यह आदेश 26 अगस्त, 2015 को जारी किए गए वित्त विभाग के सरकारी आदेश के अनुपालन में जारी किया गया है। **प्रभाव विश्लेषण** * **संयुक्त आयुक्त, उद्योग, लखनऊ मंडल, लखनऊ:** * **प्रभाव:** अनुदान के खर्चों के लिए स्वीकृत धनराशि का प्रबंधन करने और निगरानी करने का काम सौंपा गया। * **आवश्यक कार्रवाई:** यह सुनिश्चित करना कि धनराशि का सही ढंग से उपयोग किया जाए, रिकॉर्ड बनाए रखा जाए और आवश्यक उपयोगिता प्रमाण पत्र प्रदान किए जाएं। * **PICUP (उत्तर प्रदेश लघु उद्योग निगम लिमिटेड):** * **प्रभाव:** स्वीकृत धनराशि का रिकॉर्ड बनाए रखने के लिए जिम्मेदार। * **आवश्यक कार्रवाई:** धनराशि का उचित रिकॉर्ड बनाए रखें और इस बात का अनुपालन सुनिश्चित करें कि धनराशि को बैंक खाते में जमा नहीं किया गया है। * **एकल सदस्य न्यायिक जांच आयोग:** * **प्रभाव:** धन का उपयोग इसके संचालन और संबंधित खर्चों को निधि देने के लिए किया जा रहा है। * **आवश्यक कार्रवाई:** आवंटित धन के भीतर अपने व्यय का प्रबंधन करना और सभी वित्तीय लेनदेन के लिए प्रासंगिक दिशानिर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करना। * **महालेखाकार, उत्तर प्रदेश:** * **प्रभाव:** व्यय खाते की पारदर्शिता और नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए धन के व्यय की निगरानी करना। * **आवश्यक कार्रवाई:** यह सुनिश्चित करने के लिए कि फंड का उपयोग उचित रूप से किया गया था, उपयोगिता प्रमाण पत्र प्राप्त करें और रिकॉर्ड की समीक्षा करें।

Key Entities Referenced

उत्तर प्रदेश शासन: उत्तर प्रदेश सरकार लखनऊ मण्डल लखनऊ: लखनऊ मंडल, लखनऊ, उत्तर प्रदेश में एक प्रशासनिक प्रभाग। अनुदान संख्या-7: अनुदान संख्या-7 के अंतर्गत 2015-2016 के वित्तीय वर्ष के लिए मा० आयोग के वेतन और अन्य खर्चों के लिए वित्तीय आवंटन। एकल सदस्यी न्यायिक जांच आयोग: सिंगल मेंबर जस्टिसियल इंक्वायरी कमीशन वित्त विभाग कार्यालय ज्ञाप संख्या-13/2015/बी-2-2580/दस-2015-244/2015 दिनांक 26 अगस्त, 2015: वित्त विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देश जो स्वीकृत धनराशि के व्यय को नियंत्रित करते हैं।
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संख्या-26 /2075/305/77-4-5-43. ve. / 5 प्रेषक, देवी प्रसाद, संयुक्त सचिव, उत्तर प्रदेश शासन। सेवा में, संयुक्त आयुक्त, उद्योग, लखनऊ मण्डल लखनऊ। औद्योगिक विकास अनुभ्ाग-4 लखनऊ: दिनांक i6 सितम्बर, 20i5 विषयः- मा0 आयोग के वेतन एवं अन्य wel के मद में व्यय की गयी धनराशि की प्रतिपूर्ति एवं मा0 आयोग के चालू वित्तीय वर्ष के शेष व्यय की पूर्ति हेतु वित्तीय वर्ष 2045-20i6 के आय-व्ययक में व्यवस्थित धनराशि ट वर्ष 205-20i6 के आय-व्ययक में व्यवस्थित धनराशि की - वित्तीय स्वीकृति। महोदय, उपरोक्त संदर्भ में मुझे यह कहने का निदेश हुआ है कि मा0 आयोग के वेतन एवं अन्य Gat के मद में व्यय की गयी धनराशि की प्रतिपूर्ति एवं मा0 आयोग के चालू वित्तीय वर्ष के शेष व्यय की पूर्ति हेतु वित्तीय वर्ष 205-2046 के अनुदान संख्या-7 के आयोजनेत्तर मद में अनुपूरक के माध्यम से आय-व्ययक में व्यवस्थित कुल रू0 97,4,000.00 (सत्तानवे लाख dag हजार मात्र) को निम्नलिखित विवरणानुसार एवं शर्तानुसार व्यय किये जाने जाने की स्वीकृति श्री राज्यपाल महोदय सहर्ष प्रदान करते हैं। अनुदान संख्या-7 आयोजनेत्तर 2070-अन्य प्रशासनिक सेवाएं 05-विशेष जांच आयोग 03-एकल सदस्यी न्यायिक जांच आयोग धनरशि रू0 हजार में 0-वेतन एवं 2500 03-महगाई भत्ता 3000 04-यात्रा व्यय (सक्षियों सहित) 800 06-अन्य भत्ते 700 08-कार्यालय व्यय Bere नि थी नि,“ 4206) 206 i-de@a सामग्री और ot की छपाई Rae eee {2-eMateas फर्नीचर एवं उपकरण |" लि हम eee | 200 5-afgat का अनुरक्षरण और पेट्रोल आदि की खरीद ee ee 58 47-कम्प्यूटर अनुरक्षण/तत्संबंधी स्टेशनरी का क्रय |... t00 | 00 योग 9744 As उक्त स्वीकृत धनरशि का लेखा-जोखा पिकप दूवारा रखा जायेगा तथा. स्वीकृत धनरशि को किसी बैंक खाते में नहीं रखा जायेगा। 2. धनराशि सक्षम स्तर के अनुमोदन से नियमानुसार व्यय की जायेगी तथा स्वीकृत धनराशि को व्यय किये जाने से पूर्व वित्त विभाग के कार्यालय ज्ञाप Wear-43/2075/A-2-2580/eH-205-244/205 दिनांक 26 अगस्त, 205 दूवारा जारी दिशा-निर्देशों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित किया जायेगा।3. स्वीकृत धनराशि का आहरण यथावश्यक प्रबंध निदेशक, Ret की मांग पर किया जायेगा। आहरित धनराशि धनराशि के सापेक्ष उपयोगिता प्रमाण-पत्र संयुक्त आयुक्त, उद्योग, लखनऊ मण्डल लखनऊ के माध्यम से शासन महालेखाकार, उ0प्र0, इलाहाबाद को उपलब्ध कराया जायेगा। 4. उपर्युक्त स्वीकृत की जा रही BO 97.44 लाख (रूपये सत्तानवे लाख चैदह हजार मात्र) का व्यय चालू वर्ष 20:5-46 के आय-व्ययक के अन्तर्गत अनुदान संख्या-7 (आयोजनेत्तर) के लेखाशीर्षक-“2070-अन्य सेवाएं, 05-विशेष जांच आयोग, 03-एकल सदस्यी न्यायिक जांच आयोग” के नामे डाला जायेगा। 5. यह आदेश वित्त विभाग के अशासकीय WSA-73/20 5/at-2-2580/at-205-244/20i5 दिनांक 26 अगस्त, 205 में दिये गये निर्देशानुसार जारी किया जा रहा है। भवदीय, (देवी प्रसाद ) संयुक्त सचिव। संख्या एवं दिनांक ata प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषितः- न. महालेखाकार, (लेखा परीक्षा), प्रथम एवं दवितीय, उ0प्र0 इलाहाबाद। 2: महालेखाकार, (लेखा एवं हकदारी), प्रथम एवं दवितीय, उ0प्र0 इलाहाबाद। 3. प्रबंध निदेशक, पिकप, पिकप भवन, लखनऊ, गोमतीनगर। 4. सचिव, एक सदस्यीय न्यायिक जांच आयोग, पिकप भवन, लखनऊ। 5, निदेशक, वित्तीय एवं सांख्यिकी निदेशालय, जवाहर भवन लखनऊ। 6... संयुक्त अधिशासी निदेशक, उद्योग arty, लखनऊ। 7. मुख्य/वरिष्ठ कोषाधिकारी, लखनऊ। 8. वित्त (व्यय नियन्त्रण) अनुभाग-6/वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-/2 9. ms फाइल। आज्ञा से, (देवी प्रसाद ) संयुक्त सचिव।

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