ज़रूर, यहाँ सारांश दिया गया है:
**कार्यकारी सारांश**
यह दस्तावेज़ सँजोई माइनर नहर के 1.590 किलोमीटर से 1.803 किलोमीटर के बीच के गैप में नहर के निर्माण और पुनर्वास कार्य के लिए वित्तीय अनुमोदन प्रदान करता है। इस परियोजना के लिए वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 105.75 लाख रुपये की राशि को मंज़ूरी दी गई है। इस परियोजना के लिए आवंटित धनराशि की शर्तें और प्रतिबंध लागू होते हैं।
**मुख्य बातें**
* **वित्तीय स्वीकृति:**
* वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए सँजोई माइनर नहर परियोजना के लिए 105.75 लाख रुपये (1 करोड़ 5 लाख 75 हज़ार रुपये) की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की गई है।
* आवंटन लेखा शीर्षक 4701-29-051-10-14-60 के तहत अनुदान संख्या 94 के अंतर्गत आता है।
* **नियम और शर्तें:**
* वित्त विभाग के निर्देशों के अनुसार, सेंटेज शुल्क और श्रम उपकर का भुगतान नियमों के अनुसार किया जाएगा।
* बजट मैनुअल के प्रावधानों के अनुसार, व्यय का प्रमाण-पत्र समय पर उपलब्ध कराया जाना चाहिए।
* पूर्व प्रशासनिक स्वीकृति के प्रतिबंध लागू रहेंगे।
* **परियोजना का कार्यान्वयन:**
* संबंधित मुख्य अभियंता यह सुनिश्चित करेंगे कि परियोजना के कार्यों की गुणवत्ता बनाए रखी जाए और समय पर पूरा किया जाए।
* व्यय को भूमि अधिग्रहण के लिए कार्य मानक आइटम 60 के तहत लेखा शीर्षक 4701290511014 के तहत वर्तमान वित्तीय वर्ष 2025-26 के आय-व्ययक में अनुदान संख्या 094 में आवंटित किया जाएगा।
* **प्राधिकरण:**
* यह आदेश वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-1 कार्यालय ज्ञापन संख्या-6/2025/बी-1-352/दस-2025-231/2025, दिनांक 27 मार्च, 2025 के तहत जारी किया जा रहा है।
**प्रभाव विश्लेषण**
**प्रमुख अभियंता एवं विभागाध्यक्ष, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग:**
* **प्रभाव:** परियोजना के कार्यान्वयन और निगरानी के लिए जिम्मेदार।
* **आवश्यक कार्रवाई:** परियोजना कार्यों की गुणवत्ता और समय पर पूर्णता सुनिश्चित करें।
**वित्त नियंत्रक, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग:**
* **प्रभाव:** परियोजना निधि का वित्तीय प्रबंधन।
* **आवश्यक कार्रवाई:** निधि का उचित आवंटन और व्यय सुनिश्चित करें।
**कोषाधिकारी:**
* **प्रभाव:** परियोजना के लिए निधियों का वितरण।
* **आवश्यक कार्रवाई:** धन के समय पर वितरण को सुविधाजनक बनाना।
Key Entities Referenced
सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ0प्र0, लखनऊ: सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उत्तर प्रदेश, लखनऊ - प्रमुख विभाग जो इस परियोजना के कार्यान्वयन के लिए उत्तरदायी है।
संयोजी माइनर: सिंचाई माइनर जिस पर कार्य किया जाना है (कि0मी0 1.590 से कि0मी0 1.803 के मध्य गैप में नहर के निर्माण एवं पुनर्स्थापना)।
उत्तर प्रदेश शासन: उत्तर प्रदेश सरकार, इस परियोजना के लिए स्वीकृति जारी करने वाली गवर्निंग बॉडी।
वित्तीय वर्ष 2025-26: वह वित्तीय वर्ष जिसके लिए परियोजना की वित्तीय स्वीकृति दी गई है।
अनुदान संख्या-94 लेखा शीर्षक 4701-29-051-10-14-60: परियोजना के लिए आवंटित धन का अनुदान संख्या और लेखा शीर्षक।
ASAT-3 /2026/7560/25-27-FF0-4/00-6-ssrq-TiX0-206
प्रेषक,
रमा कान्त वर्मा,
संयुक्त सचिव,
उत्तर प्रदेश शासन।
सेवा में,
प्रमुख अभियन्ता एवं विभागाध्यक्ष,
सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग,
उ0प्र0, लखनऊ।
सिंचाई एवं जल संसाधन अनुभाग-4 लखनऊ: दिनांक: 2 जनवरी, 2026
विषय संजोई माइनर के कि0मी0 .590 से कि0मी0 4.803 के मध्य गैप में नहर के निर्माण एवं पुनर्स्थापना कार्य की
परियोजना की वित्तीय स्वीकृति।
महोदय,
उपर्युक्त विषयक प्रमुख अभियन्ता (परियोजना), सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ0प्र0, लखनऊ के पत्र संख्या-
498/25/25/470I/ahO/aeat/aste, दिनांक 04 अगस्त, 2025 तथा शासनादेश AEAT-377/20 6/673/76-27-
TH0-4-76(Seeq)TT20/6, दिनांक 73.42.206 द्वारा निर्गत की गयी प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति के क्रम में मुझे
यह कहने का निदेश हुआ है कि वित्तीय वर्ष 2025-26 के अनुदान संख्या-94 लेखा शीर्षक 4704-29-054-40-44-60 के
अन्तर्गत sed परियोजना के कार्यों हेतु प्राविधानित सम्पूर्ण धनराशि रू0 (05.75 लाख (रुपये एक करोड़ पाँच लाख
पचह॒त्तर हजार मात्र) परियोजना के कार्यों हेतु अवमुक्त करने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं
नियम व शर्तें/प्रतिबन्धों
(4) उक्त परियोजना हेतु अवमुक्त की जा रही धनराशि के सापेक्ष कराये जाने वाले कार्यों पर नियमानुसार
सेन्टेज चार्ज एवं लेबर सेस का भुगतान तथा व्यय प्रबन्धन एवं शासकीय व्यय में मितव्ययिता के संबंध में वित्त
विभाग द्वारा समय-समय पर जारी निर्देशों का विशेष रूप से अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा। बजट मैनुअल के
प्राविधानों के अनुसार व्यय का प्रमाण-पत्र शासन को समयान्तर्गत अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराया जाएगा। ST
सन्दर्भगत शासनादेश द्वारा WAT परियोजना हेतु निर्गत की गयी प्रशासकीय स्वीकृति में उल्लिखित प्रतिबन्ध
यथावत रहेंगे।
(2) उक्त परियोजना में कराये जाने वाले कार्यों कीगुणवत्ता एवं समय से पूर्ण कराया जाना सम्बन्धित मुख्य
अभियत्ता द्वारा सुनिश्चित किया जायेगा।
2- इस संबंध में होने वाला व्यय रुपये ,05,75,000 ( रुपये एक करोड़ पाँच लाख पचहृत्तर हजार मात्र ) को चालू वित्तीय
वर्ष 2025-26 के आय-व्ययक मे अनुदान संख्या 094 लेखा शीर्षक 47072905074 सम्बद्ध कार्य मानक मद 60 भूमि
क्रय के नामे डाला जायेगा।
3- यह आदेश वित्त (आय - व्ययक )अनुभाग-4 के कार्यालय ATT संख्या-6/2025/बी-4-352/दस-2025-234/2025,
दिनाँक- 27-मार्च, 2025 में प्रशासकीय विभाग को Schad प्रतिनिधानित अधिकार के अंतर्गत निर्गत किये जा रहे Sl
भवदीय,
TAT कान्त वर्मा
संयुक्त सचिव।
I- यह शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है।
2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है।@eA-3/2026/560/25-27 -FA0-4/00-76-ssey-TiX0-206 तद्दिनांक
प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषित:-
|- महालेखाकार (लेखा एवं हकदारी प्रथम/द्वितीय), उ0प्र0, प्रयागराज।
2- महालेखाकार (लेखा परीक्षा) प्रथम/द्वितीय, उ0प्र0, प्रयागराज।
3- प्रमुख अभियन्ता (परियोजना), सिंचाई विभाग, उ0प्र0, लखनऊ।
4- मुख्य अभियन्ता (बजट), सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ0प्र0, लखनऊ |
5- मुख्य अभियन्ता (सोन), सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ0प्र0, वाराणसी |
6- वित्त नियंत्रक, सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ0प्र0, लखनऊ।
7- वरिष्ठ/मुख्य कोषाधिकारी, भदोही, उ0प्र0।
8- अनु सचिव (लेखा), सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग, उ0प्र0।
9- वित्त व्यय नियंत्रण अनुभाग-8
40- नियोजन अनुभाग-3
W- सिंचाई एवं जल संसाधन अनुभाग-9
42- गार्ड फाईल।
आज्ञासे,
रमेश चन्द्र
अनु सचिव।
I- यह शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है।
2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है।