Home India औद्योगिक विकास विभाग गंगा एक्सवप्रेसवे परियोजना (प्रयागराज से मेरठ) में जी0एस0टी0...
Date: 2025-03-20 Category: Not Applicable State: Uttar Pradesh Country: India

गंगा एक्सवप्रेसवे परियोजना (प्रयागराज से मेरठ) में जी0एस0टी0 के अतिरिक्त 06 प्रतिशत व्यय भार के दृष्टिगत विकासकर्ताओं को प्रतिपूर्ति हेतु धनराशि‍ के आवंटन के सम्बन्ध में।

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Executive Summary & Key Takeaways

ज़रूर, यहाँ दी गई नीति का सारांश है: **कार्यकारी सारांश:** यह दस्तावेज़ गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना (प्रयागराज से मेरठ) में वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) की दर में परिवर्तन के कारण विकासकर्ताओं को प्रतिपूर्ति के लिए वित्तीय वर्ष 2024-25 की चौथी तिमाही के लिए कुल ₹17071.00 लाख की राशि के आवंटन को स्वीकृति देता है। यह आवंटन उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा दिया गया है और कुछ शर्तों के अधीन है। दस्तावेज़ में आवंटन का विवरण, साथ ही अनुपालन के लिए विशिष्ट नियम और शर्तें भी शामिल हैं। **मुख्य बातें / मुख्य सामग्री:** * **धनराशि का आवंटन:** * गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के लिए आवंटित कुल राशि ₹17071.00 लाख है। * यह राशि वित्तीय वर्ष 2024-25 की चौथी तिमाही के लिए है। * **नियम और शर्तें:** * आहरण केवल तात्कालिक आवश्यकतानुसार किया जाएगा। * स्वीकृत धनराशि केवल उसी उद्देश्य के लिए व्यय की जाएगी जिसके लिए वह स्वीकृत की गई है। * यूपीडा को आहरित धनराशि के लिए उपयोगिता प्रमाण पत्र और लेखा परीक्षा रिपोर्ट जमा करनी होगी। * धनराशि सक्षम स्तर से अनुमोदन के बाद निकाली जाएगी। * व्यय वित्त विभाग के निर्देशों और बजट मैनुअल के अनुरूप किया जाएगा। * यदि आहरित धनराशि पर कोई ब्याज प्राप्त होता है, तो उसे राजकोष में जमा किया जाएगा। * कन्सेशनर द्वारा प्रस्तुत टैक्स चालान 18 जुलाई, 2022 के बाद की तारीख का होना चाहिए। * किसी भी वित्तीय अनियमितता के लिए यूपीडा उत्तरदायी होगा। * **व्यय का स्रोत:** * व्यय चालू वित्तीय वर्ष 2024-25 में अनुदान संख्या 007, लेखा शीर्षक 5054033371700 के तहत जी.एस.टी. गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना से किया जाएगा। * व्यय मानक मद 24 वृहत् निर्माण कार्य के नामे डाला जायेगा। **प्रभाव विश्लेषण:** **हितधारक:** यूपीडा * **प्रभाव:** यूपीडा को गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के विकासकर्ताओं को जीएसटी व्यय भार की प्रतिपूर्ति के लिए आवंटित धनराशि का प्रबंधन और वितरण करना होगा। * **आवश्यक कार्रवाई:** यूपीडा को उल्लिखित शर्तों का पालन करना होगा, निधि के व्यय का प्रबंधन करना होगा, उपयोगिता प्रमाण पत्र और लेखा परीक्षा रिपोर्ट जमा करनी होगी, और आवंटित धन को वित्त विभाग के निर्देशों के अनुसार उपयोग किया जाना सुनिश्चित करना होगा। **हितधारक:** गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के विकासकर्ता * **प्रभाव:** गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के विकासकर्ता जीएसटी के कारण होने वाले अतिरिक्त व्यय के लिए वित्तीय वर्ष 2024-25 की चौथी तिमाही के लिए प्रतिपूर्ति प्राप्त करेंगे। * **आवश्यक कार्रवाई:** विकासकर्ताओं को भुगतान के लिए कन्सेशनर द्वारा प्रस्तुत टैक्स चालान 18 जुलाई, 2022 के बाद की तारीख का होना चाहिए। **हितधारक:** लेखाकार महानिरीक्षक (लेखा परीक्षा) * **प्रभाव:** इस नीति से यह सुनिश्चित हो जाता है कि विकासकर्ताओं को जीएसटी व्यय भार के लिए प्रतिपूर्ति मिल रही है। * **आवश्यक कार्रवाई:** कोई कार्रवाई आवश्यक नहीं है। **हितधारक:** वित्त नियंत्रक, यूपीडा पर्यटन भवन गोमती नगर लखनऊ * **प्रभाव:** इस नीति से वित्त नियंत्रक को भी प्रतिपूर्ति मिल जाती है। * **आवश्यक कार्रवाई:** कोई कार्रवाई आवश्यक नहीं है।

Key Entities Referenced

यूपीडा (UPIDA): उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवेज औद्योगिक विकास प्राधिकरण (Uttar Pradesh Expressways Industrial Development Authority), गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के लिए उत्तरदायी। गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना (प्रयागराज से मेरठ): प्रयागराज से मेरठ तक एक एक्सप्रेसवे परियोजना। जी0एस0टी0 (GST): गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (Goods and Services Tax), जो परियोजना लागत को प्रभावित कर रहा है। वित्त (आय व्ययक) अनुभाग-1: वित्त विभाग (वित्त मंत्रालय) का एक अनुभाग, जो इस आदेश से संबंधित है। आर्टिकल 41 Change in Law: गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के निष्पादित अनुबन्ध का एक खंड, जो कानून में बदलावों को संबोधित करता है।
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EATI-22/2025/ |/9449/2025/00-77-3002-003-3-2025 निर्मेष कुमार शुक्ल, उप सचिव, उ0प्र0 शासन। सेवा में, मुख्य कार्यपालक अधिकारी, यूपीडा, पिकप भवन, NS गोमती नगर लखनऊ । 33३ ९ औद्योगिक विकास अनुभाग-3 लखनऊ : न .2025 विषय:- गंगा एक्सवप्रेसवे परियोजना (प्रयागराज A मेरठ) एस0टी0 के अतिरिक्त 06 प्रतिशत व्यय भार के दृष्टिगत LW’ le को प्रतिपूर्ति हेतु धनराशि के आवंटन के सम्बन्ध में। महोदय, थे उपर्युक्त विषयक उप मुख्य Fee , यूपीडा के पत्र सं0- के संदर्भ में मुझे यह कहने का नाक 78.07.2022 से जी0एस0टी0 की दर 2 प्रतिशत से बढ़ाकर 8 प्रतिशर्त, कैर्‌ VEU जाने के फलस्वरूप GOTO मोड पर क्रियान्वित की जा रही a परियोजना के निष्पादित अनुबन्ध के आर्टिकल 4। C neat ange law h& अन्तर्गत गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के विकासकर्ताओं पर की 06 प्रतिशत अतिरिक्त व्यय-भार की प्रतिपूर्ति हेतु वित्तीय वर्ष AXP चतुर्थ त्रैमास के लिए रूपये 707.00 लाख (रुपये एक अरब सत्तर Heat लाख मात्र) Al धनराशि निम्नलिखित विवरण एवं इंकहत्तर शर्तीं/ अधीन अवमुक्त किए जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान (धनराशि रूपये लाख में) HO कार्य का नाम अब तक अवमुक्त | अवमुक्त धनराशि धनराशि | |. गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना (प्रयागराज से 33728.00 707.00 मेरठ) A जीएएस0टी0 के अतिरिक्त 06 प्रतिशत व्यय-भार के दृष्टिगत I- US शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है | 2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है |रन सकल... को वित्तीय वर्ष 2024-25 के चतुर्थ त्रेमास के लिए प्रतिपूर्ति हेतु नियम व शर्ते / प्रतिबन्धों () st दूवारा उक्त स्वीकृत धनराशि का आहरण केवल तात्कालिक आवश्यकता के अनुसार किया जायेगा। (2) स्वीकृत धनराशि उसी प्रयोजन हेतु व्याय की जायेगी जिसके लिए उक्त धनराशि स्वीकृत की जा रही है। ९ सुर (3) यूपीडा का यह भी दायित्व है कि आहरित धनराशि के सापेक्ष पत्र /कार्य का सम्परीक्षित लेखा निधारित समयावधि में कार्यालय A प्रयागराज, कार्यालय स्थानीय निधि लेखा परीक्षा, उ0प्र0 उपलब्ध करा दिया जाए। ect oa (4) धनराशि का आहरण सक्षम स्तर के अनु नुसार किया जायेगा तसंथखा्य ास ्BवOीक-ृ7त/ 2ध0न2र4ा/शaि- 7क के व्यय में मवित्त (आय Aरas नुाग-। के कार्यालय ज्ञाप a 04.03.2024 cant जारी दिशा निर्देशों का पूर्णतया अनुपालन T| (5) प्रश्नगत कार्य हेतु अवमुक्त /उपयोग वित्त विभाग द्‌वारा निर्गत आदेशों/ज्ञापों A उल्लिखित शर्तों , बजट मैनुअल एवं वित्तीय हस्तपुस्तिका के नियमों, स्थायी आदेशों क्षरश: अनुपालन सुनिश्चित करते हुए किया जायेगा तथा किसी भी oy कार्य हेतु आवंटित धनराशि का उपयोग किसी अ(6न)् यय दमिद में नहीं के पर कोई ब्याज प्राप्त होता है तो उसे राजकोष में किया "NS जायेगा। (7) ot Stan ae भी सुनिश्चित किया जाएगा कि कनन्‍्सेनशनेयर द्वारा भुगतान ed गए +d से सम्बसन्धित Tax Invoice दिनांक 8 जुलाई, 2022 aa की तिथि A Raise किए गए हो तथा साथ ही Change in Law: 6 :4] के लागू होने के फलस्वारूप कन्सेशनेयर के Rights एवं Obligation में परिवर्तन नहीं होगा। (8) इसमें किसी भी प्रकार की वित्तीय अनियमितता के लिए यूपीडा उत्तरदायी होगा। 2- sa संबंध में होने वाला व्यय रुपये 7,70,77,00,000 (रुपये एक अरब सत्तर करोड़ इकहत्तर लाख मात्र) को चालू वित्तीय वर्ष 2024-25 के आय-व्ययक मे अनुदान संख्या 007 लेखा शीर्षक 505403337700 गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना में जी.एस.टी. I- US शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है | 2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है |के अतिरिक्त प्रतिशत व्ययभार के दृष्टिगत विकासकर्ताओं को प्रतिपूर्ति हेतु मानक मद 24 वृहत्‌ निर्माण कार्य के नामे डाला जायेगा। 3- यह आदेश वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-।4 के. कार्यालय ज्ञाप संख्या- /2024/asl--294/@8-2024-23/2024, दिनाँक- 04-मार्च, 2024 A प्रशासकीय विभाग को उक्तवत प्रतिनिधानित अधिकार के अंतर्गत निर्गत किये जा रहे है। भवदीय, (निर्मेष er fe) उप क्र थे संख्या एव दिनांक ada! ce प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ vd आवश्यक कार्यवाही हेतु oD) |. निजी सचिव, AIO मंत्रीजी, अवस्थापना एवं औद्योगिक , उ0प्र0 के 2. निजी सचिव, AIO राज्य मंत्री जी, ee विकास विभाग, QT | उ0प्र0 शासन। 3. महालेखाकार, (लेखा परीक्षा) प्रथम/दृविज्लीद् C4 र प्रदेश, लखनऊ/प्रयागराज। 4. महालेखाकार, (लेखा एवं हकदारी) प्रथैम्र/दवितीय, उत्तर प्रदेश प्रयागराज। 5. मुख्य/वरिष्ठ कोषाधिकारी/कोषार्धिकोरी#जवाहर भवन, लखनऊ। 6. निदेशक, वित्तीय सांख्यिकीद्य लिंदेशौलय, जवाहर भवन लखनऊ। 7.निदेशक, स्थानीय year परीक्षा विभाग, उ0प्र0 प्रयागराज। 8. निजी सचिव, wae थे a , औद्योगिक विकास विभाग, उ०प्र० शासन | Real भवन गोमती नगर लखनऊ । अनुभाग-6/औद्योगिक विकास अनुभाग-2 व्ययक) अनुभाग- एलाटमेन्ट सिस्टम। आज्ञा से, (निर्मेष HAR शुक्ल) Re) ee) उप सचिव I- US शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है | 2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है |

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