Home India औद्योगिक विकास विभाग पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012 के क्रियान्वयन हेतु रू. 85,0...
Date: 2021-02-05 Category: Not Applicable State: Uttar Pradesh Country: India

पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012 के क्रियान्वयन हेतु रू. 85,000.00 की वित्तीय स्वीकृति के संबंध में।

Issued by औद्योगिक विकास विभाग · औद्योगिक विकास विभाग

Research with AI Agent Chat with Document Generate Summary Translate Helpful Share Add to Project Create Task

Executive Summary & Key Takeaways

**कार्यकारी सारांश:** दस्तावेज़ औद्योगिक विकास अनुभाग-6, उत्तर प्रदेश सरकार से आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग निदेशालय, कानपुर को जारी एक सरकारी आदेश है। यह आदेश पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012 के कार्यान्वयन के लिए रुपये 85,000.00 की वित्तीय स्वीकृति प्रदान करता है। यह स्वीकृति वित्तीय वर्ष 2020-21 के दौरान दो पात्र औद्योगिक इकाइयों को पूंजीगत ब्याज उपादान वितरित करने के लिए है, जिसमें मे० सावित्री टेक एण्ड इफ्रा वर्क्स प्रा०लि०, रायबरेली शामिल है। **मुख्य बातें / मुख्य सामग्री:** *वित्तीय स्वीकृति:* - वित्तीय वर्ष 2020-21 के लिए पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012 के कार्यान्वयन के लिए रुपये 85,000.00 की स्वीकृति। - यह राशि अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश नीति-2012 के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2020-21 के बजट में प्राविधानित धनराशि के सापेक्ष आवंटित की गई है। *वितरण एवं शर्तें:* - यह धनराशि सीधे लाभार्थी संस्थाओं के खाते में जमा की जाएगी। - स्वीकृत धनराशि को केवल विशिष्ट मद के लिए ही खर्च किया जाएगा जिसके लिए उसे स्वीकृति मिली है। - इकाइयों को धनराशि शासनादेश संख्या-1415/77-6-12-08(एम)/12टी.सी.V दिनांक 30-11-2012 में उल्लिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अनुपालन पर उपलब्ध कराई जाएगी। *अनुपालन एवं रिपोर्टिंग:* - धनराशि का व्यय करते समय वित्त विभाग के कार्यालय ज्ञाप संख्या-1/2020/बी-1-149/दस-2020-231/2020 में दिए गए निर्देशों का पालन किया जाए। - आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, कानपुर को धनराशि जारी करने से पहले इकाइयों की पात्रता सुनिश्चित करनी होगी। - स्वीकृत धनराशि का उपयोगिता प्रमाण-पत्र प्रबंध निदेशक, उ०प्र०वित्तीय द्वारा हस्ताक्षरित कर शासन को प्रस्तुत किया जाएगा। **प्रभाव विश्लेषण** *आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग निदेशालय, कानपुर* **प्रभाव:** उन्हें पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012 के कार्यान्वयन के लिए वित्तीय स्वीकृति मिली है। **आवश्यक कार्रवाई:** यह सुनिश्चित करना कि आवंटित धनराशि का उपयोग दिशानिर्देशों का अनुपालन करते हुए किया जाए, इकाइयों की पात्रता की पुष्टि करना और वित्तीय निगम से उपयोगिता प्रमाण पत्र प्राप्त करना। *मे० सावित्री टेक एण्ड इफ्रा वर्क्स प्रा०लि०, रायबरेली* **प्रभाव:** वे पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012 के तहत वित्तीय सहायता प्राप्त करने के लिए पात्र हैं। **आवश्यक कार्रवाई:** शासनादेश संख्या-1415/77-6-12-08(एम)/12टी.सी.V दिनांक 30-11-2012 के अनुसार अपनी पात्रता को पूरा करना और उपादान प्राप्त करने के लिए आवश्यक औपचारिकताओं को पूरा करना। *उ०प्र० वित्तीय निगम* **प्रभाव:** उन्हें स्वीकृत धनराशि का लेखा-जोखा रखना होगा और व्यय के बाद उपयोगिता प्रमाण पत्र जारी करना होगा। **आवश्यक कार्रवाई:** यह सुनिश्चित करना कि सभी वित्तीय लेनदेन ठीक से रिकॉर्ड किए जाएं और आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, कानपुर को एक उपयोगिता प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना।

Key Entities Referenced

पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012: औद्योगिक इकाइयों को पूंजीगत ब्याज पर सब्सिडी प्रदान करने की एक योजना। उत्तर प्रदेश वित्तीय निगम (UPFC): एक वित्तीय संस्थान जो उत्तर प्रदेश में पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012 के तहत वित्तीय सहायता प्रदान करने में शामिल है। आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, कानपुर: पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012 के कार्यान्वयन में शामिल एक सरकारी अधिकारी। अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश नीति-2012: नीति का संदर्भ जिसके तहत पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-2012 संचालित है। औद्योगिक विकास विभाग अनुभाग-6, वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-4: उत्तर प्रदेश सरकार का विभाग / अनुभाग जो स्वीकृत धनराशि के उपयोगिता प्रमाण-पत्र का पर्यवेक्षण करता है।
Official Source Record View Original Source →
See Full Document Text
संख्या-08/202 / 93/77-6-202-4(Aate)/7 7c A. सुजाता शर्मा, विशेष सचिव, उ0प्र0 शासन। सेवा में, आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, उद्योग निदेशालय, कानपुर। औद्योगिक विकास अनुभाग-6 लखनऊ : दिनांक 05 फरवरी, 202' विषय: for ब्याज SUH AMl-202 के क्रियान्वयन हेतु रू. 85,000.00 की वित्तीय स्वीकृति के संबंध | महोदय, उपर्युक्त विषयक उ0प्र0 वित्तीय निगम के पत्रांक-28/वि0नि0/विनियो/मुख्या0/2020-2 दिनांक 0-09-2020 एवं पत्र पत्रांक-78/वि0नि0/विनियो/मुख्या0/2020-2। दिनांक 05-0-2020 द्वारा पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-202 हेतु पात्र औद्योगिक इकाइयों को फूँजीगत ब्याज उपादान वितरित करने हेतु वित्तीय वर्ष 2020-2 में प्राविधानित बजट व्यवस्था के सापेक्ष समेकित रूप से रू.85,000.00 (रूपये पचासी or मात्र की वित्तीय स्वीकृति निर्गत किये जाने का अनुरोध किया गया है। पात्र 02 इकाईयों का विवरण [ ह:- क्रमांक | इकाई का नाम वित्तीय वर्ष धनराशि (रूपये में) | मे0सावित्री टेक एण्ड इफ्रा वर्क्स Woe, रायबरेली। 208-9 85000.00 योग- 85,000.00 (रूपये पचासी हजार मात्र) 2. इस संदर्भ में मुझे यह कहने का निदेश हुआ है कि पूँजीगत ब्याज उपादान योजना-202 के क्रियान्वयन हेतु अवस्थापना एवं औद्योगिक नीति-202 के अन्तर्गत वित्तीय वर्ष 2020-2 के आय-व्ययक में प्राविधानित धनराशि SO 500.00 करोड़ (रूपये पॉच सौ करोड़ मात्र) के सापेक्ष कुल धनराशि रू.85,000.00(रूपये पचासी हजार मात्र) की वित्तीय स्वीकृति निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन निर्गत किए जाने की श्री राज्यपाल महोदय सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं:- (।) यह धनराशि जिस संस्था को भुगतान किया जाना है उसके खाते में सीधे जमा की जाएगी। आहरित धनराशि उ0प्र0वित्तीय निगम के खाते में जमा नहीं की जाएगी। (2) किसी भी परिस्थिति में धनराशि को पूर्व से आहरित करके एकमुश्त/बैंक खाते/अन्य किसी खाते में नहीं रखा जाएगा। (3) स्वीकृत धनराशि का व्यय केवल उसी मद में किया जाएगा जिसके लिए स्वीकृत किया गया है। (4). स्वीकृत धनराशि का आहरण राजकोष से तात्कालिक आवश्यकता के आधार पर ही किया जाएगा। (5) Ue धनराशि उन पात्र इकाइयों को उपलब्ध करायी जाएगी जो शासनादेश POAN-45/77-6-2- 08(एम)/22ी.सी.'/ दिनांक 30-:-20:2 में उल्लिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित करती हों। (6) यह धनराशि ऐसी पात्र इकाइयों, जिनका प्रत्यावेदन उ0प्र0वित्तीय निगम में प्राप्त हो या आगे प्राप्त होंगे को उनके प्राप्त प्रत्यावेदन के यथाक्रम में वरीयतानुसार आवश्यक औपचारिकताएं एवं अनुबन्ध पूर्ण कराते हुए उपलब्ध करायी जाएगी। (7) स्वीकृत धनराशि का आहरण आवश्यकतानुसार किया जाएगा। आवश्यकता का आंकलन आयुक्त एवं निदेशक,उद्योग, कानपुर द्वारा किया जाएगा। 4- ae शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है । 2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in & सत्यापित की जा सकती है |(8). स्वीकृत धनराशि को व्यय किए जाने से पूर्व वित्त विभाग के कार्यालय ज्ञाप संख्या-/2020/बी-- 49/दस-2020-23/2020 दिनांक 24-03-2020, 07.04.2020, .4.2020 व 8.05.2020 द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा। (9) आयुक्त Ud निदेशक, उद्योग, कानपुर धनराशि अवमुक्त करने के पूर्व उपरोक्त इकाईयों की पात्रता का परीक्षण कर देय धनराशि के संबंध में संतुष्ट हो लेंगे। (0) स्वीकृत धनराशि का लेखा-जोखा उ0प्र0 वित्तीय निगम द्वारा रखा जाएगा। (]) स्वीकृत धनराशि का उपयोगिता प्रमाण-पत्र प्रबंध निदेशक, उ0प्र0वित्तीय द्वारा हस्ताक्षरित कर आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, कानपुर के माध्यम से शासन के औद्योगिक विकास विभाग अनुभाग- 6/ वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-4 को उपलब्ध कराया जाएगा। (2) इस संबंध मे होने वाला व्यय वित्तीय वर्ष 2020-2। के आय-व्ययक के उद्योग विभाग के अनुदान संख्या-7 के लेखा शीर्षक 2885-उद्योगों तथा खनिजों पर अन्य परिव्यय(क्रमशः)-60-अन्य(क्रमशः)- 800-अन्य व्यय(क्रमशः)-9-अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश नीति-202 का कार्यान्‍्वयन-27 सब्सिडी के नामे डाला जाएगा। 3- .... यह आदेश वित्त (व्यय-नियंत्रण) अनुभाग-6 के अशासकीय संख्या- ई-6-6/दस-202 दिनांक 07.02.202 में प्राप्त उनकी सहमति से जारी किए जा रहे SI भवदीया, सुजाता शर्मा विशेष सचिव। संख्या-08/202। /93()/77-6-202-4(बजट) /।7टीसी,तट्ठिनांक उपर्युक्त की प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषित: - -महालेखाकार, प्रथम/द्वितीय, (लेखा एवं हकदारी) उ.प्र,, प्रयागराज। 2-मुख्य कोषाधिकारी, कानपुर । 3-प्रमुख सचिव, Yen, लघु एवं मध्यम उद्यम तथा निर्यात प्रोत्साहन विभाग, उ0प्र0 शासन। 4-आयुक्‍्त एवं निदेशक, उद्योग, उद्योग निदेशालय, कानपुर। ५-प्रबच्ध निदेशक,उ0प्र0 वित्तीय निगम को उनके पत्र संख्या-28/वि0नि0/विनियो/ मुख्या0/2020-2 दिनांक 0-09-2020 Ud दिनांक 0.2.2020 के क्रम में अग्रेतर कार्यवाही सुनिश्चित करने हेतु प्रेषित । 6-निदेशक, वित्तीय सांख्यकीय निदेशालय, जवाहर भवन, लखनऊ। 7-वित्त (आय-व्ययक) SUPT-/4 8-वित्त (व्यय-नियंत्रण) अनुभाग-6 9-नियोजन अनुभाग-/4 0-औद्योगिक विकास अनुभाग-2 |4-गार्ड फाइल। आज्ञा से, रजनी Hired पाण्डेय अनु सचिव। 4- ae शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है । 2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in & सत्यापित की जा सकती है |

Continue your research