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Date: 2018-03-28 Category: Not Applicable State: Uttar Pradesh Country: India

अवस्थातपना ब्याज उपादान योजना-2012 के अन्तर्गत पात्र औद्योगिक इकाइयों को योजनान्तर्गत वितरित करने हेतु वित्तीभय स्वीकृति के संबंध में।

Issued by औद्योगिक विकास विभाग · औद्योगिक विकास विभाग

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Executive Summary & Key Takeaways

ज़रूर, यहां अनुरोधित संरचना का उपयोग करके दिए गए नीति पाठ का सारांश दिया गया है। **कार्यकारी सारांश** यह दस्तावेज़ अवसंरचना ब्याज सब्सिडी योजना-2012 के तहत पात्र औद्योगिक इकाइयों को निधि के वितरण के लिए वित्तीय स्वीकृति प्रदान करता है। स्वीकृति वित्तीय वर्ष 2017-18 के लिए 8,19,000.00 रुपये की राशि के लिए है, और कुछ शर्तों और प्रतिबंधों के अधीन है। आदेश उत्तर प्रदेश के वित्तीय निगम को निर्देश प्रदान करता है और शासन के भीतर संबंधित विभागों को इस वित्तीय आवंटन और व्यय के संबंध में किए जाने वाले विशिष्ट कार्यों को निर्दिष्ट करता है। आदेश 28 मार्च, 2018 को जारी किया गया था। **मुख्य बातें** * पात्रता और वितरण: * उत्तर प्रदेश के वित्तीय निगम को स्वीकृत निधि के खाते रखने होंगे। * निधि उन पात्र इकाइयों को वितरित की जानी चाहिए जो 30-11-2012 के शासनादेश में उल्लिखित शर्तों और प्रतिबंधों का पूरी तरह से पालन करती हैं। * राज्य सरकार की किसी अन्य योजना के तहत अवसंरचना सुविधा बनाने के लिए लिए गए ऋण के लिए किसी प्रकार की छूट या सब्सिडी से लाभान्वित इकाइयों को इस योजना के तहत लाभ नहीं मिलेगा। * वित्तीय नियम और व्यय: * आवश्यकतानुसार स्वीकृत निधि एकमुश्त जारी की जाएगी। * निधि के व्यय से पहले 03-08-2017 के ज्ञापन द्वारा जारी निर्देशों का पूरी तरह से पालन किया जाना चाहिए। * धनराशि को यूपी वित्तीय निगम को उपलब्ध कराया जाएगा, जो तब उपयोगिता प्रमाण पत्र के माध्यम से आयुक्त और निदेशक, उद्योग के माध्यम से सरकार को प्रमाण प्रस्तुत करेगा। * वित्तीय वर्ष 2017-18 के लिए उद्योग विभाग के अनुदान संख्या-7 के लेखा प्रमुख के खिलाफ व्यय किया जाएगा। * अनुपालन और निगरानी: * आयुक्त और निदेशक, उद्योग, उद्योग निदेशालय, कानपुर, मूल्यांकन के बाद धन की आवश्यकता का निर्धारण करेगा। * उत्तर प्रदेश वित्तीय निगम को उपलब्ध कराई गई निधि का उपयोगिता प्रमाण पत्र जमा करना होगा। **प्रभाव विश्लेषण** **उत्तर प्रदेश वित्तीय निगम** * **प्रभाव:** निगम को स्वीकृत निधि का लेखा-जोखा रखना होगा और पात्र इकाइयों को निधि वितरित करनी होगी। * **आवश्यक कार्रवाई:** निगम को यह सुनिश्चित करना होगा कि वितरित धन 30-11-2012 के शासनादेश में उल्लिखित शर्तों का पालन करे और उपयोगिता प्रमाण पत्र प्रस्तुत करे। **आयुक्त और निदेशक, उद्योग, उद्योग निदेशालय, कानपुर** * **प्रभाव:** आयुक्त और निदेशक की स्वीकृति के बाद धन की आवश्यकता को मंजूरी दी जाएगी। उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि धन की आवश्यकता का आकलन सही है। * **आवश्यक कार्रवाई:** उन्हें धन की आवश्यकता का मूल्यांकन करना होगा और उत्तर प्रदेश वित्तीय निगम से उपयोगिता प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने को सुनिश्चित करना होगा। **उद्योग विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार** * **प्रभाव:** विभाग को यह सुनिश्चित करना होगा कि इस योजना से संबंधित व्यय को वित्तीय वर्ष 2017-18 के बजट में उपयुक्त लेखा प्रमुख के खिलाफ चार्ज किया जाए। * **आवश्यक कार्रवाई:** आवंटित निधि का सही आवंटन सुनिश्चित करना। **वित्तीय सांख्यिकी निदेशालय, जवाहर भवन, लखनऊ** * **प्रभाव:** निदेशालय को इस निधि से जुड़े वित्तीय आँकड़ों के बारे में जानकारी होनी चाहिए। * **आवश्यक कार्रवाई:** कोई विशिष्ट कार्रवाई नहीं बताई गई है, लेकिन सूचनाओं के लिए प्रतियाँ भेजी जा रही हैं ताकि उनके पास रिकॉर्ड हो। **महालेखाकार, उत्तर प्रदेश, इलाहाबाद** * **प्रभाव:** महालेखाकार को सूचित किया जाता है। * **आवश्यक कार्रवाई:** जानकारी उद्देश्यों के लिए। **मुख्य कोषाधिकारी, कानपुर** * **प्रभाव:** मुख्य कोषाधिकारी को सूचित किया जाता है। * **आवश्यक कार्रवाई:** जानकारी उद्देश्यों के लिए।

Key Entities Referenced

उत्तर प्रदेश वित्तीय निगम: पात्र औद्योगिक इकाइयों को वित्तीय सहायता वितरित करने में शामिल एक संगठन। अवस्थापना ब्याज उपादान योजना-2012: पात्र औद्योगिक इकाइयों को वित्तीय सहायता प्रदान करने के लिए एक योजना। अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश नीति-2012: अवस्थापना और औद्योगिक निवेश से संबंधित नीतियाँ निर्धारित करने वाली एक नीति, जिसके तहत यह सहायता प्रदान की जाती है। उद्योग निदेशालय, कानपुर: उद्योगों के लिए आयुक्त और निदेशक का कार्यालय, कानपुर में स्थित है, जो योजना के कार्यान्वयन में शामिल है। उ0प्र0 शासन: उत्तर प्रदेश सरकार का सर्वोच्च निर्णय लेने वाला प्राधिकरण, जो इस वित्तीय स्वीकृति को मंजूरी देता है।
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संख्या: 398/ 77-6-48-4(Aste)/ 47 प्रेषक, संतोष कुमार यादव सचिव, ऊ0प्र0 शासन। सेवा में, आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, उद्योग निदेशालय, कानपुर | औद्योगिक विकास अनुभाग-6 लखनऊ:दिनांक- 28 मार्च, 2048 विषय: अवस्थापना ब्याज उपादान Alee-20i2 के अन्तर्गत पात्र औद्योगिक इकाइयों... को योजनान्तर्गत वितरित करने हेतु वित्तीय स्वीकृति के संबंध में। महोदय, उपर्युक्त विषयक उत्तर प्रदेश वित्तीय निगम के पत्र संख्या-324/ वि0नि0/ वि.यो.वि./ मुख्यालय /2047-8 दिनांक 27-02-20i8 के संबंध में मुझे यह कहने का fea हुआ है कि अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश aAiea-2042 के अन्तर्गत वित्तीय वर्ष 20i7-48 A अनुदान संख्या-7 के लेखा शीर्षक 2885- उद्योगों तथा खनिजों पर अन्य परिव्यय (क्रमश:)-60-अन्य(क्रमशः)-800-अन्य व्यय(क्रमश:)-9-अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश fa-20i2 का कार्यान्वयन-27 सब्सिडी A प्राविधानित धनराशि BO 806.30 करोड (रू0 आठ सौ छ करोड तीस लाख मात्र) के सापेक्ष: अवस्थापना ब्याज उपादान योजना-202 हेतु धनराशि रू0 8,9,000.00 (रूपये आठ लाख seca . हजार मात्र) की वित्तीय स्वीकृति निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन निर्गत किए जाने की श्री राज्यपाल महोदय सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं- (॥) स्वीकृत धनराशि का-लेखा-जोखा ऊ0प्र0 वित्तीय निगम द्वारा रखा जाएगा। (2) यह धनराशि. उन-पात्र इकाइयों को उपलब्ध करायी जाएगी जो शासनादेश संख्या: 385/ 77- 6-2-08(a)/ i2 टी.सी.। दिनांक 30-:-20i2 A उल्लिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित करती हों। (3) यह धनराशि ऐसी पात्र इकाइयों, जिनका प्रत्यावेदन ठ0प्र0 वित्तीय निगम में we हो या आगे .प्राप्त होंगे को उनके We प्रत्यावेदन के यथाक्रम A वरीयतानुसार आवश्यक औपचारिकताएं एवं अनुबन्ध पूर्ण कराते हुए उपलब्ध करायी जाएगी। (4) उक्त योजना का लाभ उन्हीं इकाइयों को अनुमन्य होगा Tesla राज्य सरकार की किसी अन्य योजना के अन्तर्गत प्रस्तावित अवस्थापना सुविधा के सृजन हेतु लिए गए ऋण पर किसी प्रकार की छूट या अनुदान का लाभ न लिया हो। (5)... स्वीकृत धनराशि का आहरण एक ALA आवश्यकतालुसार किया जाएगा। आवश्यकता का आकलन ABFA एवं निदेशक, उद्योग, उद्योग निदेशालय, कानपुर द्वारा किया जाएगा। (6) स्वीकृत धनराशि को व्यय किए जाने से पूर्व वित्त विभाग के कार्यालय ज्ञाप संख्या- 8/ 207/ बी-4-90/ दस-207-23॥ 207 दिनांक 03-08-20i7 द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा।(7) उक्त धनराशि को आहरित करके 5000 वित्तीय निगम को उपलब्ध कराया जाएगा, जिसका उपयोगिता प्रमाण पत्र प्रबन्ध निदेशक, उ0प्र0 वित्तीय निगम द्वारा हस्ताक्षरित कर आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, उद्योग निदेशालय, कानपुर के माध्यम से शासन को उपलबध कराया जाएगा। (8) उक्त के संबंध मे होने वाला व्यय वित्तीय वर्ष 207-8 के आय-व्ययक के उद्योग विशाग के अनुदान संख्या-7 के लेखा शीर्षक 2885-उद्योगों तथा खनिजों पर अन्य परिव्यय (क्रमशः) - 60-अन्य(क्रमश:)-800-अन्य व्यय(क्रमश:)-9-अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश aAlia-202 का कार्यान्‍्वयन-27 सब्सिडी के AA डाला जाएगा। यह आदेश वित्त (व्यय-नियंत्रण) अनुभाग-6 के अशासकीय संख्या-ई-6-253(70/ दंस-208 दिनांक 28-03-208 में प्राप्त उनकी सहमति से जारी किए जा रहे हैं। भ्वेदीय, (संतोष कुमार यादव) सचिव। संख्या: 398(4)/ 77-6-8-4(Tae)/ alee उपर्युक्त की प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषित: - महालेखाकार, प्रथम/ द्वितीय, उ.प्र., इलाहाबाद मुख्य कोषाधिकारी, कानपुर । ऊ0प्र0 वित्तीय निगम, कानपुर को उनके. पत्र संख्या संख्या-324/ वि0नि0/ वि.यो. वि./ मुख्यालय / 207-38 दिनांक 27-02-20:8 के ma में अग्रेतर कार्यवाही सुनिश्चित करने हेतु प्रेषित । निदेशक, वित्तीय सांख्यकीय ..निदेशॉलय, जवाहर भवन, लखनऊ। वित्त (आय-व्ययक) *अलुभाग-१/ 4 वित्त (व्यय-नियंत्रण)- अनुभाग-6 नियोजन अनुभाग-/ 4 औद्योगिक विकास अनुभाग-2 गार्ड फाइल। आज्ञा से, (संतोष कुमार यादव) सचिव।

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