Home India औद्योगिक विकास विभाग वित्तीय वर्ष 2016-17 के अनुदान संख्या-7 के लेखाशीर्षक 2070-...
Date: 2017-03-31 Category: Not Applicable State: Uttar Pradesh Country: India

वित्तीय वर्ष 2016-17 के अनुदान संख्या-7 के लेखाशीर्षक 2070-अन्य प्रशासनिक सेवाएं (आयोजनेत्तर) के अन्तर्गत कतिपय मानक मदो में अतिरिक्त धनराशि पुनर्विनियोजित कराने के संबंध में।

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Executive Summary & Key Takeaways

ज़रूर, दिया गया नीति पाठ का सारांश इस प्रकार है: **कार्यकारी सारांश** यह दस्तावेज़ उत्तर प्रदेश शासन द्वारा जारी एक परिपत्र है जो वित्तीय वर्ष 2016-17 के लिए अनुदान संख्या-7, लेखाशीर्षक 2070 के तहत कुछ मानक मदों में अतिरिक्त धनराशि के पुनर्विनियोजन से संबंधित है। इसमें 1856.75 हजार रुपये की धनराशि को पुनर्विनियोजित करने की मंजूरी शामिल है, जिसका उपयोग विशेष जांच आयोग, विद्युत बिलों, टेलीफोन व्यय और किराए के उपशुल्क और कर स्वामित्व के लिए किया जाएगा। यह दस्तावेज़ 31 मार्च, 2017 को जारी किया गया था। **मुख्य बातें** * **धनराशि का पुनर्विनियोजन:** * कुल 1856.75 हजार रुपये की अतिरिक्त धनराशि को पुनर्विनियोजित किया जा रहा है। * पुनर्विनियोजित धनराशि को विभिन्न शीर्षों के तहत आवंटित किया गया है: विशेष जांच आयोग (1772.48 हजार), विद्युत बिल (65.07 हजार), और टेलीफोन व्यय (19.20 हजार)। * **लेखांकन और व्यय:** * स्वीकृत धनराशि का लेखा-जोखा पिकप द्वारा रखा जाएगा। * स्वीकृत धनराशि को किसी बैंक खाते में नहीं रखा जायेगा। * धनराशि को सक्षम स्तर के अनुमोदन से नियमानुसार व्यय किया जाएगा। * धनराशि को व्यय करने से पहले वित्त विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन किया जाएगा। * **निगरानी और रिपोर्टिंग:** * आहरित धनराशि के सापेक्ष उपयोगिता प्रमाण-पत्र संयुक्त आयुक्त, उद्योग, लखनऊ मण्डल लखनऊ के माध्यम से शासन एवं महालेखाकार, उ.प्र., इलाहाबाद को उपलब्ध कराया जायेगा। * यदि कोई धनराशि शेष बचती है, तो इसे राजकोष में समर्पित कर दिया जायेगा। * **व्यय की प्राथमिकता:** * विद्युत बिलों, टेलीफोन व्यय और किराए जैसे मदों पर होने वाले वास्तविक व्यय को कवर करने के लिए पुनर्विनियोजन का अनुरोध किया गया है क्योंकि अनुमोदित बजट में इन व्ययों के लिए कोई प्रावधान नहीं था। **प्रभाव विश्लेषण** **हितधारक:** संयुक्त आयुक्त, उद्योग, लखनऊ मण्डल लखनऊ। **प्रभाव:** उत्तर प्रदेश के औद्योगिक विकास विभाग को वित्तीय वर्ष 2016-17 के दौरान कुछ मानक मदों में अतिरिक्त धनराशि के पुनर्विनियोजन के लिए स्वीकृति प्राप्त हुई है। **आवश्यक कार्रवाई:** सुनिश्चित करें कि स्वीकृत धनराशि का उपयोग निर्दिष्ट उद्देश्यों के लिए किया जाए, लेखा-जोखा सही ढंग से रखा जाए और सभी प्रासंगिक दिशानिर्देशों का पालन किया जाए। **हितधारक:** प्रबंध निदेशक, पिकप। **प्रभाव:** पुनर्विनियोजित धनराशि के लेखांकन के लिए जिम्मेदार और धन आहरित करने के लिए आवश्यक कदम उठाने के लिए कहा गया है। **आवश्यक कार्रवाई:** स्वीकृत धनराशि का लेखा-जोखा रखना और आवश्यकतानुसार धन का आहरण करना। **हितधारक:** महालेखाकार, उत्तर प्रदेश, इलाहाबाद। **प्रभाव:** पुनर्विनियोजित धनराशि के उपयोग पर उपयोगिता प्रमाण-पत्र प्राप्त होगा। **आवश्यक कार्रवाई:** सुनिश्चित करें कि धनराशि का सही ढंग से उपयोग किया गया है और उपयोगिता प्रमाण-पत्र प्राप्त किया गया है।

Key Entities Referenced

वित्तीय वर्ष 2016-17: वह वित्तीय अवधि जिससे संबंधित धनराशि का पुनर्विनियोजन किया जा रहा है। अनुदान संख्या-7: वह विशिष्ट अनुदान संख्या जिसके तहत धन आवंटित किया जा रहा है और पुनर्विनियोजित किया जा रहा है। 2070-अन्य प्रशासनिक सेवाएँ (आयोजनेत्तर): लेखाशीर्षक जिसके तहत धन आवंटित किया गया था और जिसके भीतर पुनर्विनियोजन किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश शासन: वह राज्य सरकार जो पुनर्विनियोजन के लिए अनुमोदन जारी कर रही है। पिकप (PICUP): संस्था जो स्वीकृत धनराशि का हिसाब रखेगी।
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जद 7-4 7-00एन. /04 प्रेषक, अनिल कुमार, अनु सचिव, उत्तर प्रदेश शासन। सेवा में, संयुक्त आयुक्त, उद्योग, Se औद्योगिक विकास अनुभाग-4 मार्च, 207 विषय-वित्तीय ad 2006-47 के मानक va) में अतिरिक्त धनराशि पुनर्विनियोजित कराने के संबंध में | महोदय, उपरोक्त विषयक शासनादेश BeeM—769//77-4~26-2407/ १6, दिनांक 25 sits, 2006 के कम में संयुक्त प्रबंध निदेशक के पत्र संख्या-पिक्/ लेखा 566, दिनांक 94 मार्च, 2007 के संदर्भ में मुझे यह कहने का निदेश हुआ है कि वर्तमान वित्तीय वर्ष 20r6—47 में अधोलिखित लेखाशीर्षक के अन्तर्गत पूर्व में अवमुक्त की गयी धनराशि के अतिरिक्त निम्न विवरण के अनुसार धनराशि, जिसका कुल योग रू0 worra00 (धनराशि रू हजार मैं) है, को संलग्न प्रपत्र संख्या-आसई0 संख्या-880 7£6/ 2007, दिनांक 34 मार्च, 207 के अनुसार पुनर्विनियोग कर आपके Pde पर रखे जाने की श्री राज्यपाल महोदय wed स्वीकुति प्रदान करते है:-. अनुदान संख्या-7 आयोजनेत्तर 2070-अन्य प्रशासनिक सेवाएं 05-विशेष जांच आयोग 03-एकल सदस्यी न्यायिक जांच आयोग लेखाशीर्षक जिसमें धनराशि स्वीकृत की जा रही है। 7 Raa wae अर मर स्वर 8-0 wae Eu 2. उक्त स्वीकृत धनराशि का लेखा-जोखा पिकप द्वारा रखा जायेगा तथा स्वीकृत धनराशि को किसी बैंक खाते में नहीं रखा जायेगा। 3... धनराशि सक्षम स्तर के अनुमोदन से नियमानुसार व्यय की जायेगी तथा स्वीकृत धनराशि को व्यय किययेे जाने से पूर्व वित्त विभाग के कार्यालय ज्ञाप HET—43 /205 / Ah-2-2560 / eA-2005-244 /20:5 दिनांक 26 अगस्त, 20:5 द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूर्तणितययाा अनुपालन सुनिश्चित किया जायेगा।4... स्वीकृत धनराशि का आहरण यथावश्यक प्रबंध निदेशक, पिकप की मांग पर SS किया. जायेंगा। आहरित धनराशि के सापेक्ष उपयोगिता प्रमाण-पत्र संयुक्त आयुक्त, उद्योग, लखनऊ मण्डल लखनऊ के माध्यम से शासन छवं महालेखाकार, उ0प्र0, इलाहाबाद को उपलब्ध कराया जायेगा तथा यदि कोई धनराशि शेष बचती है तो इसे राजकोष में समर्पित कर दिया जायेगा। 5... उक्त के संबंध में होने वाला व्यय वर्तमान वित्तीय वर्ष 207 के आय-व्ययक के अनुदान संख्या-7 के अन्तर्गत उक्त तालिका में अंकित लेखाशीर्षकों के अधीन सुसंगत प्राथमिक इंक्राईयों के नामे डाला जायेगा तथा इसी अनुदान की बचतों से पुनर्विनियोजित कर उपलब्ध धनराशि से वहन किया जायेगा। 6... यह आदेश वित्त विभाग के अशासकीय संख्या-77/दस-7. दिनांक 34.03.2007 # प्राप्त उनकी सहमति से निर्गत किये जा रहे है। भवदीय, (अनिल कुमार ) अनु सचिव | संख्या एवं दिनांक ata ्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषितः- महालेखाकार, (लेखा परीक्षा), प्रथम एवं द्वितीय, उ0प्र0 इलाहाबाद | महालेखाकार, (लेखा एवं हकदारी), प्रथम एवं द्वितीय, उ0प्र0 इलाहाबाद | प्रबंध निदेशक, पिकप, पिकप भवन, लखनऊ, गोमतीनगर। सचिव, एक सदस्यीय न्यायिक जांच आयोग, पिकप भवन, लखनऊ। निदेशक, वित्तीय एवं सांख्यिकी निदेशालय, जवाहर भवन लखनऊ। संयुक्त अधिशासी निदेशक, उद्योग बन्धु, लखनऊ | मुख्य / वरिष्ठ कोचाधिकारी, लखनऊ। वित्त (व्यय नियन्त्रण) अनुभाग-6/वित्त (आय-व्ययक) अनुमाग-/ 2 गार्ड फाइल। आज्ञा से, A (अनिल कुमार ) अनु aftal o o ( ट ज ब ल अ ु न ै म e e W स इ ( ) 8 5 3 त प र ् प ो क े न र भ े स e y d O ं ो श े द ु न अ ो क ी ल भ ि त ा म ख े द ा य ि ल व ) य ा ज म ा न न ा द ु न अ , 7 - 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