Date: 2020-09-25Category: Not ApplicableState: Uttar PradeshCountry: India
चालू वित्तीय वर्ष 2020-21 में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे परियोजना के संरेखण में आ रहे जनपदों को भूमि क्रय/अधिग्रहण हेतु विभागीय बचतों से पुनर्विनियोग के माध्यम से धनराशि की स्वीकृति।
**कार्यकारी सारांश:**
यह दस्तावेज़ पूर्वांचल एक्सप्रेसवे परियोजना के संरेखण में आने वाले जिलों में भूमि क्रय/अधिग्रहण के लिए 2020-21 के वित्तीय वर्ष में विभागीय बचत से धनराशि के पुनर्विनियोग की स्वीकृति के संबंध में है। राज्य सरकार ने आजमगढ़, सुल्तानपुर और गाजीपुर के जिलाधिकारियों को कुल 84.31 करोड़ रुपये की अतिरिक्त धनराशि जारी करने की स्वीकृति दी है। यह स्वीकृति कुछ शर्तों और प्रतिबंधों के अधीन है, जिनका अनुपालन आवश्यक है।
**मुख्य बातें / मुख्य सामग्री:**
*वित्तीय स्वीकृति:*
* आजमगढ़ के जिलाधिकारी को ₹28.31 करोड़, सुल्तानपुर के जिलाधिकारी को ₹50.00 करोड़ और गाजीपुर के जिलाधिकारी को ₹6.00 करोड़ की राशि आवंटित की गई है, कुल ₹84.31 करोड़।
*वित्तीय प्रबंध*
* धनराशि को जिलाधिकारियों के डिपाजिट खाते में जमा किया जाएगा और आवश्यकतानुसार आहरण किया जाएगा।
* आहरित धनराशि को यूपीडा के बैंक खाते या किसी अन्य बैंक खाते में नहीं रखा जाएगा।
* यूपीडा जिलाधिकारियों से उपयोगिता प्रमाण पत्र प्राप्त करेगा और शासन को उपलब्ध कराएगा।
*अनुपालन और उपयोग:*
* सक्षम स्तर के अनुमोदन के बाद नियमानुसार धनराशि आहरित की जाएगी।
* वित्त विभाग के दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन किया जाएगा।
* स्वीकृत धनराशि का उपयोग उसी उद्देश्य के लिए किया जाएगा जिसके लिए वह स्वीकृत की गई है।
* किसी भी परिस्थिति में धनराशि को आहरित करके बैंक/पी०एल०ए० खाते में नहीं रखा जाएगा।
* जिस मद से पुनर्विनियोग किया जा रहा है उसमें अतिरिक्त धनराशि की मांग नहीं की जायेगी।
* पुनर्विनियोजित धनराशि का सदुपयोग वित्तीय वर्ष के भीतर किया जाएगा।
*लेखांकन:*
* व्यय को अनुदान संख्या-07 के तहत विशिष्ट लेखाशीर्षक में डाला जाएगा और "भूमि क्रय" खाते से वहन किया जाएगा।
**प्रभाव विश्लेषण:**
**हितधारक:** जिलाधिकारी (आजमगढ़, सुल्तानपुर, गाजीपुर)
**प्रभाव:** भूमि क्रय/अधिग्रहण के लिए अतिरिक्त धनराशि प्राप्त होगी, जिससे पूर्वांचल एक्सप्रेसवे परियोजना का क्रियान्वयन सुगम होगा।
**आवश्यक कार्रवाई:**
* धन का आहरण डिपाजिट खाते से तत्कालिक आवश्यकतानुसार ही किया जाए।
* आवंटित धनराशि का सदुपयोग सुनिश्चित करें और निर्देशों का सख्ती से पालन करें।
* यूपीडा से उपयोगिता प्रमाण पत्र प्राप्त कर शासन को उपलब्ध कराएं।
**हितधारक:** यूपीडा
**प्रभाव:** पूर्वांचल एक्सप्रेसवे परियोजना के लिए आवश्यक भूमि की उपलब्धता सुनिश्चित होगी।
**आवश्यक कार्रवाई:**
*जिलाधिकारियों से उपयोगिता प्रमाण पत्र प्राप्त करें और शासन को उपलब्ध कराएं।
**हितधारक:** राज्य सरकार (वित्त विभाग, औद्योगिक विकास विभाग)
**प्रभाव:** पूर्वांचल एक्सप्रेसवे परियोजना के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करना।
**आवश्यक कार्रवाई:**
* परियोजना की प्रगति पर नजर रखें।
* निधि आवंटन के उचित उपयोग को सुनिश्चित करें।
Key Entities Referenced
यूपीडा (UPIDA): उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण, जो पूर्वांचल एक्सप्रेसवे परियोजना की कार्यान्वयन एजेंसी है।
पूर्वांचल एक्सप्रेसवे परियोजना: एक प्रमुख बुनियादी ढांचा परियोजना जिसके लिए भूमि अधिग्रहण के लिए धन आवंटित किया जा रहा है।
आजमगढ़/सुलतानपुर/गाजीपुर: जिले जहां पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के लिए भूमि अधिग्रहण किया जाना है, और जिन्हें इस नीति के तहत धन आवंटित किया गया है।
संख्या-37/2020/853/77-3-2020-04(बजट)/2079
प्रेषक,
आनन्द कुमार सिंह,
अनु सचिव,
उ0प्र0 शासन
सेवा में,
जिलाधिकारी,
आजमगढ़/सुलतानपुर/गाजीपुर।
औद्योगिक विकास अनुभाग-3 लखनऊ: दिनांक 25 fray
विषयः- चालू वित्तीय वर्ष 2020-2 में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे परियोजना के संरेखण में आ रहे oval
क्रय/अधिग्रहण हेतु विभागीय बचतों से पुनर्विनियोग के माध्यम से धनराशि की स्वीकृति।
महोदय,
उपर्युक्त विषयक यूपीडा के पत्र संख्या-0644/यूपीडा/बलिया लिंक/209, दिनांक 020 एवं पत्रांक-
47485/घूपीडा 8/548-IV (भू-अर्जन) दि0 07.09.2020 का कृपया संदर्भ ग्रहण Ha करें
. कक
2- इस संबंध में मुझे यह कहने का निदेश हुआ है कि अनुदान संख्या-07 के 054.सड़कों तथा सेतुओं पर
पूंजीगत परिव्यय 03-राज्य राजमार्ग 337-सड़क निर्माण कार्य 04-पूर्वांचल एव 24-वृहत निर्माण कार्य
मद में से जिलाधिकारी, आजमगढ को रू0 28.3 करोड़, जि पुर को रू0 50.00 करोड़ एवं
जिलाधिकारी, गाजीपुर को रू0 06.00 करोड़ अर्थात कुल रू0 8 0 चैरासी करोड़ senda लाख मात्र)
की अतिरिक्त धनराशि विभागीय बचतों से dan पुनर्विनियोग/ के अनुसार श्री राज्यपाल निम्नलिखित शर्तों
एवं प्रतिबन्धों के अधीन निर्गत करने की सहर्ष स्वीकृति प्र
(धनराशि आहरित करके जिलाधिकारीए,
जायेगी।
(2)... उक्त धनराशि का आहरण डिप
(3)... धनराशि का आहरण
/गाजीपुर के डिपाजिट खाते में जमा की
कैवल तात्कालिक आवश्यकता के अनुसार ही किया जायेगा।
व खाते में अथवा किसी अन्य बैंक खाते में नहीं रखी जायेगी।
धनराशि के सापेक्ष जिलाधिकारी, आजमगढ़/सुलतानपुर/गाजीपुर
प्राप्ति कर cam की जाने वाली धनराशि से अपने को पूर्णरूप से संतुष्ट करने के
(5) cr ' कराया जाये। a ण सक्षम स्तर के अनुमोदनोपरान्त नियमानुसार किया जायेगा तथा स्वीकृत धनराशि को
व्यय oly पूर्व वित्त आय-व्ययक अनुभाग- के कार्यालय ज्ञाप der-2/20I9/8-I-770/e8-
7/209 दि0 22.03.209 द्वारा जारी दिशा निर्देशों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित किया जायेगा।
धनराशि का उपयोग उसी प्रयोजन के लिए किया जायेगा, जिसके लिए धनराशि स्वीकृत की जा
'किसी भी परिस्थिति में धनराशि को आहरित कर बैंक/पी0एल0ए0 खाते में नहीं रखा जायेगा।
(8)... जिस मर्दे से पुनर्विनियोग किया जा रहा है उसमें अतिरिक्त धनराशि की मांग नहीं की जायेगी।
(9)... जिस मद में पुनर्विनियोग किया जा रहा है उसका सदुपयोग इसी वित्तीगय वर्ष में कर लिया जायेगा।
3-.... उपर्युक्त व्यय चालू वित्तीय वर्ष 2020-2 के आय-व्ययक के अनुदान संख्या-07 के लेखाशीर्षक 5054.सड़कों
तथा सेतुओं पर पूंजीगत परिव्यय 03-राज्य राजमार्ग 337-सड़क निर्माण कार्य 04-पूर्वांचल एक्सप्रेसवे परियोजना 24-
वृहत निर्माण कार्य के नामे डाला जायेगा तथा अनुदान संख्या-07 के लेखाशीर्षक “5054.सड़कों तथा सेतुओं पर पूंजीगत
sem 03. -राज्य राजमार्ग 337-सड़क निर्माण कार्य t0-afeen लिंक एक्सप्रेसवे परियोजना 60-भूमि wa" से वहन
या जायेगा।
Lae शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नहीं है ।
2. इस शासनादेश की प्रमाणिकतता बेब साइट httpy//shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है।4, यह आदेश वित्त विभाग के कार्यालय ज्ञाप BVM 7 /2020/ F-7-749/4s-2020-23/2020, दिए
24.03.2020 द्वारा प्रतिनिधानित शक्तियों के अधीन निर्गत किये जा रहे है।
संलग्रक-प्रपत्र बीएएम0-9
yada,
( आनन्द कुमार सिंह )
अनु सचिव।
संख्या- 37/2020/853()/77-3-2020, तडिनांक।
प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषितः-
SN महालेखाकार, (लेखा परीक्षा (प्रथम/द्वितीय,उत्तर प्रदेश, इलाहाबाद ।
महालेखाकार,(लेखा एवं हकदारी( प्रथम/द्वितीय,उ0प्र0, इलाहाबाद।
मुख्य कार्यपालक अधिकारी, यूपीडा, पर्यटन भवन, गोमतीनगर, लखनऊ।
मुख्य/वरिष्ठ कोषाधिकारी/कोषाधिकारी, आजमगढ़/सुलतानपुर/गाजीपुर |
निदेशक, वित्त सांख्यिकीय निदेशालय, जवाहर भवन, लखनऊ।
वित्त (व्य-नियंत्रण (अनुभाग-6,औद्योगिक विकास अनुधाग-2
वित्त (आयप-व्ययक (अनुभाग-। नियोजन अनुभाग-4 पैर
गार्ड फाइल।
छा छा मी छह एज दी
आज्ञा से,
(आनन्द कुमार सिंह)
अनु सचिव।
ग-. यह शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नहीं है ।
2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.upgov.in से सत्यापित की जा सकती है |फार्म बी0एएम0-9 भिग-५)
पुनर्विनियोग के लिए आवेदन
अनुदान संख्या- 07
/ स्वीकृति
(सन्दर्भ बजट मैनुअल के Were—58)
विभागकानाम-औद्योगिक विकास विभाग (धनराशि लाख रू0 में)
निधियोसेप्रस्तावितसंकमण वित्तविभाग द्वाराभराजायेगा
लेखा शीर्ष (5-डिजिट कोड में) आवेदन: सत्र देगे के आवेदन-पत्र देने के संकमित की वित्तविभ्परग द्वारासंकमणहेतुअनुमोदित संकमण के पश्चात
अनुदान हिविनियोग दिनांक पर उपलब्ध बचत |. जानेवाली धनराशि धनराशि शेषअनुदान,/ विनियोग (2-5)
4 2 3 4 | 8 | |. 6
53035547--ससडड़़कको ंन ितर्थमाा णgकाsय t पर पूंजीगत परिव्यय 8434.00 8434.00 —
03-राज्य राजमार्ग
00
to~aferar लिंक एक्सप्रेसवे परियोजना 8437-00 8432.00 “82.0
60-मभूमि कय'
(5 अंको का लेखाशीर्ष-505403337060)
Co TI] 8432.00 8434.00 843.00 843.00 |. 0.00...
|... मिम्नलिखितनिधियोगप्रस्तावितसंकमण .......... | वित्तविभाग द्वाराभराजायेगा
लेखा शीर्ष ((5-डिजिट कोड में) लिये वर्ष के वित्तीय वर्ष में प्रस्तावित | संकमण हेतु प्रस्तावित | वित्त विभाग are अनुमोदित संकमण संकमण के पश्चातउपलब्ध
oa कुल व्यय धनराशि (9-8 की धनराशि अनुदान / विनियोग (8+4)
7 fw | 8 0 4 2
“5054-सड़कों तथा gall पर पूंजीगत परिव्यय
03-राज्य राजमार्ग
337-सड़क निर्माण कार्य
04-पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे परियोजना 440000.00 345434.00 843].00 8437.00 248432.00
24 वृहत निर्माण कार्य'
(45 अंकोकालेखाशीर्ष-5054033370424)
PT | 40000.00 4843.00 843..00 8437.00 48434,00
0t. स्तम्भ-3 में उपलब्ध बचत का कारण निम्नानुसार है-5054-सड़कों तथा सेतुओं पर पूंजीगत परिव्यय 03-राज्य राजमार्ग 337-सड़क निर्माण कार्य १0-बलिया लिंक
एक्सप्रेसवे परियोजना मे बचत सम्भावित है|
02. स्तम्भ-8 मेंउल्लिखित उपलब्ध अनुदान के सापेक्ष were में अंकित अधिक व्यय का कारण-“5054-संड़कों तथा सेतुओं पर पूंजीगत परिव्यय 03-राज्य
राजमार्ग-337-सड़क निर्माण कार्य-04-पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे-24 gee निर्माण कार्य' में अधिक व्यय की सम्भावना है।
03. प्रमाणित किया जाता है कि उपर्युक्त पुनर्विनियोग में उत्तर प्रदेश बजट बजट मैनुअल के weae—50,57,i54 व i566 में निर्दिष्ट प्रतिबन्धों / परिसीमाओं का उल्लघंन नहीं
होता है।संख्या -आर0ईए0सं0 78 /ई-6/2020, दिनांक 24.09.2020
सेवा में,
महालेखाकार (लेखा एवं हकदारी) प्रथम ovo
इलाहाबाद |
ता ie 2 Ne
(आनन्द कुमार सिंह) (विवेक त्रिपाठी)
अनु सचिव संयुक्त सचिव
औद्योगिक विकास विभाग
वित्तविभाग
संख्या /85 3 ()/77-3-2020, Teheran | v
उपुर्यक्त की प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषितः--
मुख्य कार्यपालकअधिकारी, यूपीडा, लखनऊ |
l
2, मुख्य /वरिष्ठकोषाधिकारी, आजमगढ़, सुल्तानपुर एवं गाजीपुर |
3, . निदेशक, वित्तीय सांख्यिकीय निदेशालय जवाहरभवन लखनऊ |
वित्त (व्यय-नियंत्रण) अनुभाग-४6
4
वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-0। तीनप्रतियोंमें |
5
4364
(आनन्द कुमार Rs
अनु सचिव