Home India औद्योगिक विकास विभाग वित्ती य वर्ष 2021-22 में गंगा एक्सरप्रेसवे परियोजना में निर...
Date: 2021-04-27 Category: Not Applicable State: Uttar Pradesh Country: India

वित्ती य वर्ष 2021-22 में गंगा एक्सरप्रेसवे परियोजना में निर्माण हेतु वित्त, संस्था8ओं से लिये गये ऋण पर ब्यायज हेतु सहायता के मद में उपलब्धं धनराशि में से रू0 20,16,43,836/- की स्वीपकृति के संबंध में।

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Executive Summary & Key Takeaways

**कार्यकारी सारांश:** यह दस्तावेज़ वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना में निर्माण के लिए वित्तीय संस्थानों से लिए गए ऋण पर ब्याज के लिए यूपीडा (UPIDA) को 20,16,43,836/- रुपये की धनराशि जारी करने की मंजूरी प्रदान करता है। इस धनराशि का उपयोग केवल 1 मार्च 2021 से 31 मई 2021 तक हुडको (HUDCO) से लिए गए ऋण पर ब्याज भुगतान के लिए किया जाएगा और इसकी स्वीकृति कुछ शर्तों और प्रतिबंधों के अधीन है। यह अनुमति वित्त विभाग द्वारा दिनांक 27 अप्रैल 2021 को दी गयी सहमति के बाद दी गयी है। **मुख्य बातें / मुख्य सामग्री:** * **धनराशि आवंटन:** * गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के लिए लिए गए ऋण पर ब्याज सहायता के रूप में वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए यूपीडा को 20,16,43,836/- रुपये आवंटित। * यह धनराशि अनुदान संख्या-07, लेखा शीर्षक "2852-उद्योग 80-सामान्य 800-अन्य व्यय 22-यूपीडा द्वारा गंगा एक्सप्रेस-वे के निर्माण हेतु वित्त संस्थाओं से लिये गये ऋण पर ब्याज हेतु सहायता-20-सहायता अनुदान-सामान्य (गैर वेतन)" के तहत आवंटित की गई है। * **उपयोग के लिए शर्तें:** * धनराशि सीधे यूपीडा के बैंक खाते में जाएगी और किसी अन्य बैंक खाते में जमा नहीं की जाएगी। * आहरण केवल तात्कालिक जरूरतों के लिए किया जाएगा। * यूपीडा को आहरित राशि के लिए उपयोगिता प्रमाण पत्र समय पर सरकार को प्रस्तुत करना होगा। * **अनुपालन:** * धनराशि का आहरण सक्षम स्तर से अनुमोदन के बाद नियमों के अनुसार किया जाएगा। * व्यय, वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-1 द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार होना चाहिए। * **लेखा:** * व्यय को चालू वित्तीय वर्ष 2021-22 की अनुदान संख्या-7 के तहत लेखा शीर्ष "2852-उद्योग 80-सामान्य 800-अन्य व्यय 22-यूपीडा द्वारा गंगा एक्सप्रेस-वे के निर्माण हेतु वित्तीय संस्थाओं से लिये गये ऋण पर ब्याज हेतु सहायता-20-सहायता अनुदान-सामान्य (गैर वेतन)" के नामे डाला जायेगा। **प्रभाव विश्लेषण:** **हितधारक:** यूपीडा (UPIDA) * **प्रभाव:** गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना के लिए ऋण पर ब्याज भुगतान के लिए धन प्राप्त होता है, जिससे परियोजना का सुचारू रूप से संचालन सुनिश्चित होता है। * **आवश्यक कार्रवाई:** समय पर धनराशि का आहरण करना, उपयोगिता प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना और वित्त विभाग के दिशा-निर्देशों का पालन करना आवश्यक है।

Key Entities Referenced

गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना: वित्तीय वर्ष 2021-22 में इस परियोजना के निर्माण हेतु वित्त संस्थाओं से लिए गए ऋण पर ब्याज हेतु सहायता की स्वीकृति से संबंधित। यूपीडा (UPIDA): उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण, गंगा एक्सप्रेसवे के निर्माण के लिए ऋण के ब्याज भुगतान हेतु स्वीकृत धनराशि का प्राप्तकर्ता। औद्योगिक विकास अनुभाग-3: उत्तर प्रदेश सरकार का विभाग जो यह शासनादेश जारी कर रहा है। वित्त विभाग: विभाग जिसकी सहमति से आदेश जारी किया गया। उत्तर प्रदेश शासन: उत्तर प्रदेश सरकार।
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File No- 5- 77-3-3002(003)/6/202-3 संख्या - 20 /202/872/77-3-202 प्रेषक, आनन्द कुमार सिंह, अनु सचिव, उ0प्र0 शासन। सेवा में, मुख्य कार्यपालक अधिकारी, यूपीडा, पर्यटन भवन, गोमती नगर, लखनऊ। औद्योगिक विकास अनुभाग-3 लखनऊ: दिनांक: 27 अप्रैल 2027 विषय- वित्तीय वर्ष 202-22 में गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना में निर्माण हेतु वित्त संस्थाओं से लिये गये ऋण पर ब्याज हेतु सहायता के मद में उपलब्ध धनराशि में से रू0 20,6,43,836/- की स्वीकृति के संबंध में। महोदय, उपर्युक्त विषयक अपने पत्रांक-22/यी पूडा/गंगा/लेखा, दिनांक 06.04.202 का कृपया संदर्भ ग्रहण करें। 2-0 उक्त संदर्भ में मुझे यह कहने का निदेश हुआ है कि वित्तीय वर्ष 202-22 में अनुदान संख्या-07 लेखा शीर्षक "2852-उद्योग 80-सामान्य 800-अन्य व्यय 22-यूपीडा द्वारा गंगा एक्सप्रेस-वे के निर्माण हेतु वित्त संस्थाओं से लिये गये ऋण पर ब्याज हेतु सहायता-20-सहायता अनुदान-सामान्य (गैर वेतन)" में प्राविधानित धनराशि BO 76362.00 लाख में से हुडको से लिये गये ऋण के सापेक्ष दिनांक 0.03.202 से 3.05.202 तक रू0 20,46,43,836/- मात्र के ब्याज की देयता आगणित की गई Sl Ad: चालू वित्तीय वर्ष के आय-व्ययक में प्राविधानित धनराशि में से रू0 20,(6,43,836/- (रूपये बीस करोड सोलह लाख तैतालीस हजार आठ सौ छत्तीस मात्र) की वित्तीय स्वीकृति निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन निर्गत किये जाने की श्री राज्यपाल सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं:- (|) धनराशि का आहरण कर यूपीडा के बैंक खाते अथवा किसी अन्य बैंक खाते में नहीं रखा जायेगा। (2) उक्त धनराशि का आहरण केवल तात्कालिक आवश्यकता के अनुसार ही किया जायेगा। (3). यूपीडा का यह भी दायित्व है कि आहरित धनराशि के सापेक्ष उपयोगिता प्रमाण पत्र यथा समय शासन को उपलब्ध कराया जायेगा | (4) धनराशि का आहरण सक्षम स्तर के अनुमोदनोपरान्त नियमानुसार किया जायेगा तथा स्वीकृत धनराशि के व्यय में वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-। के कार्यालय ATT संख्या सं0- 3/2027/बी-4-4375/दस-202-234/202] दिनांक 22.03.202 तथा इस संबंध में जारी शासनादेश सं0-2/202/बी-3-438/दस-202-00(4)/2002 दि0 0.03.202 द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित किया जायेगा। 3- इस संबंध में होने वाला व्यय चालू वित्तीय वर्ष 202-22 की अनुदान संख्या-7 लेखा शीर्षक "2852-उद्योग 80-सामान्य 800-अन्य व्यय 22-यूपीडा द्वारा गंगा एक्सप्रेस-वे के निर्माण यह शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है । 2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है।हेतु वित्तीय संस्थाओं से लिये गये ऋण पर ब्याज हेतु सहायता- 20-सहायता अनुदान-सामान्य (गैर वेतन)" के नामे डाला जायेगा। 4- ... उक्त आदेश वित्त विभाग द्वारा दिनांक 27.04.2027 में प्राप्त उनकी सहमति से निर्गत किये जा रहे है। भवदीय, आनन्द कुमार सिंह अनु सचिव। संख्या- 5- 20/202/872()/77-3-24-तददिनांक प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषित :- 4.महालेखाकार,(लेखा परीक्षा) प्रथम/द्वितीय, उत्तर प्रदेश, इलाहाबाद। 2.महालेखाकार,(लेखा एवं हकदारी) प्रथम/द्वितीय, उ0प्र0, इलाहाबाद 3. मुख्य/वरिष्ठ कोषाधिकारी/कोषाधिकारी, जवाहर भवन, लखनऊ। 4.निदेशक, वित्तीय सांख्यिकीय निदेशालय, जवाहर भवन, लखनऊ। 5.वित्त (ई-6) अनुभाग-6/औद्योगिक विकास अनुभाग-2। 6.वित्त (आय-व्ययक्‌) अनुभाग- 7.गार्ड पत्रावली। आज्ञा से, आनन्द कुमार सिंह अनु सचिव यह शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है । 2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है।

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