This Uttar Pradesh government order, reference number 47/2022/1823/77-6-2022-6002(099)/7/2021(Part-1) issued on December 1, 2022, approves a financial sanction of ₹3313.61 lakh for the implementation of the Industrial Investment Promotion Scheme-2003.
The financial sanction is allocated to the following units:
1. M/s Surya Food and Agro Ltd, Gautam Buddha Nagar (FY 2017-18): ₹1680.00 lakh
2. M/s Surya Food and Agro Ltd, Gautam Buddha Nagar (FY 2018-19): ₹1427.86 lakh
3. M/s P.G. Electoplast Ltd, Gautam Buddha Nagar (FY 2013-14): ₹205.75 lakh
This expenditure of ₹33,13,61,000 will be charged to Grant No. 007, Head 6885011900600, Industrial Investment Promotion Scheme, 2003, Standard Head 30 Investment/Loan for the current financial year 2022-2023.
The order outlines several terms and conditions for the disbursement and utilization of the funds. These include that the funds will be directly transferred to the bank accounts of the entitled units, the utilization certificate for the approved amount be provided by the Managing Director, U.P. Financial Corporation, the U.P. Financial Corporation bears the full responsiblity for the recovery of distributed loan to the eligible units and interest at a rate of 1.25% per month will be charged for delays in the repayment of the loan.
The order is issued with the concurrence of the Finance Department and copied to various officials, including the Accountant General (Accounts and Entitlements), Kanpur Treasury Officer, Additional Chief Secretary Micro, Small and Medium Enterprises and Export Promotion Department, Nodal Officer, Budget Allotment, Industrial Development Department, Managing Director, U.P. Financial Corporation and other concerned departments and individuals. For authenticity of the document, visit http://shasanadesh.up.gov.in.
The issuing authority is Manoj Kumar Maurya, Deputy Secretary, Uttar Pradesh Government.
Key Entities Referenced
औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन योजना-2003: The Industrial Investment Promotion Scheme - 2003, the primary scheme for which financial approval is being issued.
उद्योग निदेशालय, कानपुर: Directorate of Industries, Kanpur - the implementing agency for industrial development initiatives.
उ0प्र0 वित्तीय निगम: Uttar Pradesh Financial Corporation, the entity responsible for disbursing and recovering the loans under the scheme.
औद्योगिक विकास अनुभाग-6: Industrial Development Section-6, the government department dealing with the Industrial Investment Promotion Scheme.
Kanpur: City where the Directorate of Industries is located; central to document applicability.
ह
WEAT-47/2022/823/77-6-2022-6002(099)/7/202(Part-2) 2/823/77-6-2022-6002(099)/7/202(Part-2
मनोज कुमार मौर्य,
उप सचिव,
उत्तर प्रदेश शासन।
सेवा में,
आयुक्त एवं निदेशक,
उद्योग,
उद्योग निदेशालय, कानपुर |
औद्योगिक विकास अनुभाग-6 लखनऊ : दिनांक 0। दिसम्बर, 2022
विषय:-औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन योजना-2003 के क्रिन्यान्वयन हेतु ¥.333.6larE की
वित्तीय स्वीकृति के संबंध में।
महोदय,
उपर्युक्त विषयक उ0प्र0वित्तीय निगम के पत्रांक-330/विनि/वियोवि/2022-23 दिनांक
5.07.2022 दूवारा औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन योजना-2003 के अन्तर्गत वित्त वर्ष 207-
8 एवं 208-9 के लिए पात्र इकाईयों को निगम gant स्वीकृत ब्याजमुक्त ऋण की
धनराशि वितरित किये जाने हेतु औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन योजना-2003 के अन्तर्गत
वित्तीय. वर्ष 2022-23 A प्राविधानित बजट व्यवस्था के सापेक्ष कुल धनराशि
€.333.6larg (रुपये तैतीस करोड़ Ae लाख इकसठ हजार मात्र) की वित्तीय स्वीकृति
निर्गत किए जाने की संस्तुति सहित अनुरोध किया गया है। पात्र इकाईयां का उपलब्ध
कराया गया विवरण निम्नवत है:-
क्रम इकाई का नाम ऋण स्वीकृत की धनराशि
सं0 (रू.लाख में)
' | Aogal फूड एण्ड एग्रो लि0, गौतमबुदूधनगर =| 7680.00
(वित्त वर्ष 207-48)
2 | Aogal फूड एण्ड val लि0, गौतमबुदूधनगर =| 427.66
(वित्त वर्ष 208-49)
3... | AO पी0जी0 इलेक्टोप्लास्ट लि0,गौतमबुदूधनगर | 205.75
वित्त वर्ष 203-44
कुल योग- 3343.6 (रूपये तैतीस करोड़ ae
लाख ShaAS हजार मात्र)
I- Ue शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है |
2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट htip://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है |2
2. इस सम्बन्ध मैं मुझे यह कहने का निदेश हुआ है कि औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन
योजना-2003 के क्रियान्वयन हेतु वित्तीय वर्ष 2022-23 के आय-व्ययक में प्राविधानित
धनराशि रू.00.00करोड़(रूपये सौ करोड़ मात्र) A से अवशेष धनराशि के सापेक्ष कुल
धनराशि B.33(3.6lera(era तैतीस करोड़ तेरह लाख Shao हजार मात्र) की वित्तीय
स्वीकृति निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन निर्गत किए जाने की श्री राज्यपाल
सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं:-
नियम व शर्तें / प्रतिबन्धों
धनराशि का भुगतान जिस इकाई को किया जाना है उसके बैंक खाते A सीधे आहरित
|-
कर जमा की जाएगी। स्वीकृत धनराशि का उपयोगिता प्रमाणपत्र प्रबंध निदेशक,
उ0प्र0 वित्तीय निगम दूवारा हस्ताक्षरित कर आयुक्त एवं निदेशक उद्योग, कानपुर के
माध्यम से तत्काल शासन के औद्योगिक विकास विभाग अनुभाग-6/वित्त (आय
व्ययक) अनुभाग-4 को उपलब्ध कराया जाएगा।
उ0प्र0 वित्तीय निगम दूवारा ऋण वितरित किए जाने के पूर्व पात्र इकाइयों के संबंध मैं
अपने स्तर से पात्रता के सम्बन्ध में स्थिति स्पष्ट कर लैंगे तथा यह सुनिश्चित कर
लैंगे कि प्रस्तावित ब्याजमुक्त ऋण स्वीकृत किये जाने सम्बन्धी प्रक्रियाओं/विधिक
औपचारिकताओं का पालन कर लिया गया है।
स्वीकृत धनराशि का आहरण राजकोष से तात्कालिक आवश्यकता के आधार पर ही
किया जायेगा।
किसी परिस्थिति में धनराशि को पूर्व से आहरित करके एकमुश्त बैंक खाते/अन्य
किसी खाते में नहीं रखा जाएगा।
स्वीकृत धनराशि सीधे आर.टी.जी.एस./एन.एफ.टी. के माध्यम से पात्र इकाई के बैंक
खाते मैं अन्तरित की जायेगी।
स्वीकृत धनराशि का लेखा जोखा उ0प्र0 वित्तीय निगम द्वारा रखा जाएगा
स्वीकृत धनराशि का व्यय केवल उसी मद में किया जाएगा जिसके लिए स्वीकृत
किया गया है।
यह धनराशि उन पात्र इकाइयों को उपलब्ध करायी जाएगी जो औद्योगिक निवेश
प्रोत्साहन नियमावल्नी-2003(यथासंशोधित) में उल्लिखित शर्तों का पूर्णतया अनुपालन
सुनिश्चित करती हो।
पात्र इकाइयों को वितरित ऋण की वसूली का पूर्ण उत्तरदायित्व उ0प्र0 वित्तीय निगम
पर होगा। वसूली मैं शिथिलता NA जाने पर उत्तरदायित्व निर्धारित कर अग्रेतर
कार्यवाही शासन ART की जायेगी।
यदि इकाईयों द्वारा ऋण वापसी के सम्बन्ध में डिफाल्ट किया जाता है तो डिफाल्ट
l0.
की तिथि से आगे दी जाने वाली धनराशि का भुगतान बन्द कर दिया जायेगा।
यह शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है |
- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट http://shasanadesh.up.gov.in A सत्यापित की जा सकती है |3
पात्र इकाइयों को वितरित ऋण की वसूली का पूर्ण उत्तरदायित्व उ0प्र0 वित्तीय निगम
II.
पर होगा। उ०प्र० वित्तीय निगम gant इकाइयों को स्वीकृत किये गये ऋण की वापसी
हेतु औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नियमावली-2003(यथा संशोधित) A दिए गए
प्राविधानों के अनुसार प्रभावी व्यवस्था की जाएगी तथा धनराशि की सुरक्षा हेतु
समस्त औपचारिकताएं पूर्ण की जाएंगी।
ऋण की वापसी में विलम्ब करने वाली इकाई A वसूला जाने वाला ब्याज (7.25
I2.
प्रतिशत प्रतिमाह साधारण ब्याज) राजकोष में जमा कराया जाएगा।
I3. यदि उ0प्र0 वित्तीय निगम दूवारा किसी किश्त के भुगतान मैं डिफाल्ट किया जाता है
तो उ0प्र0 वित्तीय निगम दूृवारा शासन को .25 प्रतिशत प्रतिमाह साधारण ब्याज की
दर से विलम्ब की अवधि में ब्याज का भुगतान किया जाना होगा।
4. स्वीकृत धनराशि का. आहरण एक माह की आवश्यकतानुसार किया. जाएगा।
आवश्यकता का आंकलन आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, कानपुर द्वारा किया जाएगा।
उ0प्र0 वित्तीय निगम को उपलब्ध कराए गए ऋण के सापेक्ष उ0प्र0 वित्तीय निगम
CORT ऋण वितरण का अनुश्रवण भी आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, कानपुर द्वारा
किया जाएगा तथा धनराशि के सदुपयोग के संबंध में संतुष्ट होने के उपरान्त ही
अगली किश्त का आहरण किया जाएगा।
स्वीकृत धनराशि को व्यय किये जाने से पूर्व वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-। के
I5.
कार्यालय AM दिनांक 07.06.2022 एवं अन्य संगत शासनादेशों द्वारा जारी दिशा-
निर्देशों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा।
उ0प्र0 वित्तीय निगम द्वारा स्वीकृत धनराशि आहरित करने से पूर्व इकाई की पात्रता
l6.
एवं आंकड़ों की शुद्धता का परीक्षण कर संतुष्ट हो लेंगे।
2- इस संबंध में होने वाला व्यय रुपये 33,3,6,000 (रुपये तैंतीस करोड़ तेरह लाख
इकसठ हजार मात्र) को चालू वित्तीय वर्ष 2022-2023 के आय-व्ययक मे अनुदान संख्या
007 लेखा शीर्षक 68850900600 औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन योजना, 2003 मानक मद
30 निवेश/ऋण के नामे डाला जायेगा।
3- यह आदेश कंप्यूटर दूवारा उत्पन्न संख्या E-6-87-X-2022-23, दिनांक- ..2022
मे प्राप्त वित्त विभाग की सहमति से निर्गत किये जा रहे हैं।
भवदीय,
मनोज कुमार मौर्य
उप सचिव।
WEAI-47/2022/823/77-6-2022-6002(099)/7/2024(Part-2), तद् दिनांक। 2/823/77-6-2022-6002(0990/7/202(0990-). dg. [कि।
प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषित:-
|- महालेखाकार (लेखा एवं हकदारी) प्रथम/दूवितीय, उ०प्र०, प्रयागराज।
4- यह शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है |
2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट htip://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है |2- मुख्य कोषाधिकारी, कानपुर |
3- अपर मुख्य सचिव सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम तथा निर्यात प्रोत्साहन विभाग,
उ0प्र0 शासन।
4- नोडल अधिकारी, बजट एलाटमेंट, औद्योगिक विकास विभाग, उ0प्र0 शासन।
5- प्रबन्ध निदेशक, उ0प्र0 वित्तीय निगम को पत्रांक-330/विनि/वियोवि/2022-23 दिनांक
5-07-2022 के क्रम में अग्रेतर कार्यवाही सुनिश्चित किये जाने हेतु।
6- आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, उद्योग निदेशालय, कानपुर |
7- निदेशक, वित्तीय सांख्यकीय निदेशालय, जवाहर भवन, लखनऊ।
8- वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-4/4
9- Tact (व्यय-नियंत्रण) अनुभाग-6
|0- नियोजन अनुभाग-/4
[- औद्योगिक विकास अनुभाग-2
|2- गार्ड Wise
आजा से,
मनोज कुमार मौर्य
उप सचिव।
I- Ue शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है |
2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट htip://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है |