Date: 2025-09-15Category: Not ApplicableState: Uttar PradeshCountry: India
वित्तीय वर्ष 2025-26 के आय-व्ययक में अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नीति-2012 (पूंजीगत ब्याज उपादान
योजना) के अन्तर्गत मेसर्स वाईबरेन्ट लैमिनेट प्रा0 लि0, सन्डीला, जनपद-हरदोई को वित्तीय स्वीकृति निर्गत करने के
संबंध में।
This document, numbered 70/2025/1314/77-6-2025/1933916 and dated September 15, 2025, from Piyush Verma, Special Secretary of the Uttar Pradesh Government, addresses the Commissioner and Director of Industries, Industry Directorate, Kanpur, regarding the allocation of financial approval under the Infrastructure and Industrial Investment Promotion Policy-2012 (Capital Interest Subsidy Scheme) for FY 2025-26.
The document approves a financial sanction of ₹47.62 lakh to M/s Vibrant Laminate Pvt. Ltd., Sandila, District-Hardoi, under the Capital Interest Subsidy Scheme-2012. This amount comprises ₹24,52,000.00 for FY 2019-20 and ₹23,10,000.00 for FY 2020-21.
The approval is subject to several terms and conditions, including that the funds be transferred directly to the beneficiary's account via RTGS/NEFT, used only for the approved purpose, and drawn from the treasury based on immediate requirements. The funds are allocated from the budget head 2885-Industries and Minerals on Other Outlays-60-Other-800-Other Expenditure-19-Infrastructure and Industrial Investment Policy-2012 Implementation-27 Subsidy, against a provision of ₹552.00 crore for the current financial year 2025-2026.
The Managing Director of UPFC must provide a utilization certificate to the Commissioner and Director of Industries, Kanpur, through the Industrial Development Section-6/Finance (Income-Expenditure) Section-4. The Uttar Pradesh Financial Corporation (UPFC) Kanpur must ensure there is no Duplicacy of funds before disbursing.
Copies of the document are forwarded to various officials, including the Accountant General, Chief Treasury Officer, Additional Chief Secretary, and Director of Financial Statistical Directorate.
Ram Dhyan Rawat, Deputy Secretary, signs on behalf of the order.
Key Entities Referenced
Poonjigat Byaj Upadan Yojana-2012: Capital Interest Subsidy Scheme 2012, the primary scheme governing financial assistance to industries.
Udyog Nideshalay, Kanpur: The Industries Directorate in Kanpur, responsible for disbursement and monitoring of the scheme.
Uttar Pradesh Financial Corporation (UPFC), Kanpur: Financial institution involved in processing and forwarding applications under the subsidy scheme.
Hardoi, Uttar Pradesh: Location of the beneficiary firm, indicating the geographical scope of the policy's impact.
Audyogik Nivesh Protsahan Niti-2012: Industrial Investment Promotion Policy - 2012, a broader policy framework under which the Capital Interest Subsidy Scheme operates.
संख्या-70/2025/34/77-6-2025/93396
प्रेषक,
पीयूष वर्मा,
विशेष सचिव,
उत्तर प्रदेश शासन।
सेवा में,
आयुक्त एवं निदेशक,
उद्योग, उद्योग निदेशालय,
कानपुर।
औद्योगिक विकास अनुभाग-6 लखनऊ : दिनांक 5-09-2025
विषयः- वित्तीय वर्ष 2025-26 के आय-व्ययक में अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश प्रोत्साहन नीति-
20I2 (पूंजीगत ब्याज उपादान योजना) के अन्तर्गत मेसर्स वाईबरेन्ट लैमिनेट v0 लि0, सन्डीला,
जनपद-हरदोई को वित्तीय स्वीकृत निर्गत करने के संबंध में ।
महोदय,
उपर्युक्त विषयक उ0प्र0 वित्तीय निगम कानपुर के पत्र संख्या-8/विनि/वि.यो.वि./मु0/2025-26
दिनांक 08.05.2025 एवं पत्र संख्या-466/विनि/वि.यो.वि./मु0/2025-26 दिनांक 79.06.2025 द्वारा
पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-202 हेतु पात्र इकाई को स्वीकृत पूंजीगत ब्याज उपादान वितरित
करने हेतु वित्तीय वर्ष 2025-26 में प्राविधानित धनराशि के सापेक्ष मेसर्स वाईबरेन्ट लैमिनेट प्रा0
लि0, Hest, जनपद-हरदोई को देय धनराशि BO 47.62 लाख की वित्तीय स्वीकृति निर्गत किये
जाने का अनुरोध किया गया है, जिसका विवरण निम्नवत है:-
क्र0सं0 इकाई का नाम वित्तीय वर्ष उपादान स्वीकृत हेतु
प्रस्तावित धनराशि (रू0 में)
{ मेसर्स वाईबरेन्ट लैमिनेट प्रा0 लि0, 209-20 24,52,000.00
सन्डीला, जनपद-हरदोई | 2020-2 23,0,000.00
कुल योग 47,62,000.00
2- sa संबंध A मुझे यह कहने का निदेश हुआ है कि पूंजीगत ब्याज उपादान योजना-202 के
क्रियान्वयन हेतु वित्तीय वर्ष 2025-26 के आय-व्ययक में लेखा शीर्षक 2885-उद्योगों तथा खनिजों
पर अन्य परिव्यय-60-अन्य-800-अन्य व्यय-49-अवस्थापना एवं औद्योगिक निवेश नीति -20i2 का
कार्यान्वयन-27 सब्सिडी मद में प्राविधिनित धनराशि रू0 552.00 करोड़ (रूपया पांच सौ बावन करोड़
मात्र) के सापेक्ष उक्त इकाई को धनराशि BO 47.62 लाख (रूपया सैतालिस लाख, बासठ हजार मात्र)
की वित्तीय स्वीकृति निम्नलिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन निर्गत कर आपके निर्वतन पर रखे
जाने की श्री राज्यपाल महोदय सहर्ष स्वीकृति प्रदान करते हैं:-
नियम व शर्तें/प्रतिबन्धों
I- Ue शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है |
2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट htip://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है |स्वीकृत धनराशि का भुगतान जिस इकाई को किया जाना है उसके खाते में सीधे
आर0एटी0जी0एस0/एन0एफ0टी0 के माध्यम से अन्तरित की जाएगी।
किसी परिस्थति में धनराशि को पूर्व से आहरित करके एकमुश्त बैंक खाते व अन्य किसी
खाते में नहीं रखा जाएगा।
स्वीकृत धनराशि का व्यय केवल उसी मद में किया जाएगा जिसके fore स्वीकृत किया गया
है।
स्वीकृत धनराशि का आहरण राजकोष से तात्कालिक आवश्यकता के आधार पर ही किया
जाएगा।
यह धनराशि उन पात्र इकाईयों को उपलब्ध करायी जाएगी जो शासनादेश संख्या-45/77-6-
2 08 (TA)I2e सी. दिनांक 30.7.202 में उल्लिखित शर्तों एवं प्रतिबन्धों का पूर्णतया
अनुपालन सुनिश्चित करती हो।
यह धनराशि ऐसी पात्र इकाईयों, जिनका प्रत्यावेदन उ0प्र0 वित्तीय निगम में प्राप्त हो या
आगे प्राप्त होंगे को उनके प्राप्त प्रत्यावेदन के यथाक्रम A वरीयतानुसार आवश्यक
औपचारिकताएं एवं अनुबन्ध पूर्ण कराते हुए उपलब्ध करायी जाएगी।
स्वीकृत धनराशि का आहरण आवश्यकतानुसार किया. जाएगा। आवश्यकता का आंकलन
आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग, उद्योग निदेशालय, कानपुर द्वारा किया जाएगा।
स्वीकृत धनराशि को व्यय किए जाने से पूर्व वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-। के कार्यालय-ज्ञाप
दिनाक 27.03.2025 एवं अन्य संगत शासनादेशों द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूर्णतया
अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा।
उ0प्र0 वित्तीय निगम धनराशि अवमुक्त करने से पूर्व इकाई की पात्र एवं आंकड़ो की शुद्धता
का परीक्षण कर देय धनराशि के संबंध में संतुष्ट हो लेंगे तथा उ0प्र0 वित्तीय निगम द्वारा
इस आशय की आख्या आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग कानपुर को उपलब्ध करायी जाएगी।
[0. स्वीकृत धनराशि का उपयोगिता प्रमाण पत्र प्रबन्ध निदेशक, उ०प्र० वित्तीय निगम द्वारा
हस्ताक्षरित कर आयुक्त एवं निदेशक, उद्योग कानपुर के माध्यम से शासन के औद्योगिक
विकास अनुभाग-6/वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-4 को उपलब्ध कराया जाएगा।
Il. प्रश्नगत इकाई को वित्तीय वर्ष-209-20 व 2020-2 हेतु स्वीकृत पूंजीगत ब्याज उपादान
प्रदान किये जाने का प्रस्ताव इकाई दूवारा विलम्ब से प्रेषित किया गया है, जिसके सम्बन्ध
मैं निगम द्वारा कोई समुचित कारण स्पष्ट नहीं किया गया है। अत: उत्तर प्रदेश वित्तीय
निगम कानपुर, वित्तीय स्वीकृति निर्गत करने से पूर्व प्रश्गत इकाई को पूंजीगत ब्याज
उपदान की धनराशि को Tatra से दिये जाने के कारणों से स्वयं पूर्णतय: संतुष्ट हो लेंगे।
[2. उत्तर प्रदेश वित्तीय निगम कानपुर यह सुनिश्चित करेंगे कि योजनान्तर्गत इकाइयों को
प्रदान किये जाने वाले प्रोत्साहन के लाभ में द्विरावृत्ति (Duplicacy) की स्थिति उत्पन्न न हो।
3- इस संबंध में होने वाला व्यय चालू वित्तीय वर्ष 2025-2026 के आय-व्ययक में अनुदान संख्या
007 लेखा शीर्षक 288560800900 अवस्थापना एवं औदयोगिक निवेश alfa-20i2 का कार्यान्वयन
मानक मद- 27 सब्सिडी मद के नामे डाला जायेगा।
4- यह शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है |
2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट htip://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है |4- यह आदेश कंप्यूटर SANT उत्पन्न अशासकीय संख्या-६-6-39-2(-2025-26, दिनांक 09.09.2025 में
प्राप्त वित्त विभाग की सहमति से निर्गत किये जा रहे है।
भवदीय,
पीयूष वर्मा
विशेष सचिव।
संख्या- 70/2025/34(4)/77-6-2025/93396 तदुदिनांक।
प्रतिलिपि निम्नलिखित को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्यवाही हेतु प्रेषितः-
महालेखाकार. प्रथम द्वितीय (लेखा एवं हकदारी), उ0प्र0 प्रयागराज।
.
महालेखाकार (लेखा परीक्षा) प्रथम afddia, उ०प्र० लखनऊ/प्रयागराज।
2
3. मुख्य कोषाधिकारी, कानपुर/लखनऊ।
अपर मुख्य सचिव, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम तथा निर्यात प्रोत्साहन विभाग,
4
उ0प्र0 शासन।
उ0प्र0 वित्तीय निगम कानपुर को उनके पत्रांक-8/विनि/वि.यो.वि./मु0/2025-26 दिनांक
08.05.2025, के क्रम में अग्रेतर कार्यवाही सुनिश्चित करने हेतु प्रेषित |
निदेशक, वितीय सांख्यकीय निदेशालय, जवाहर भवन, लखनऊ।
6
7 वित्त (आय-व्ययक) अनुभाग-4/4
8. Tact (व्यय-नियंत्रण) अनुभाग-6
नियोजन अनुभाग-4/4
9
0. औद्योगिक विकास अनुभाग-2
. गार्ड फाइल।
आज्ञा से,
रामध्यान रावत
उप सचिव।
4- यह शासनादेश इलेक्ट्रानिकली जारी किया गया है, अत: इस पर हस्ताक्षर की आवश्यकता नही है |
2- इस शासनादेश की प्रमाणिकता वेब साइट htip://shasanadesh.up.gov.in से सत्यापित की जा सकती है |