ज़रूर, यहाँ दिए गए नीति पाठ के सारांश की एक रिपोर्ट दी गई है।
**कार्यकारी सारांश:**
यह दस्तावेज़ डिफेन्स इंडस्ट्रियल कॉरिडोर आगरा नोड के तहत आगरा जिले में बुनियादी ढाँचा विकास कार्यों के लिए वित्तीय मंजूरी प्रदान करता है। कुल लागत ₹15974.79 लाख है, जिसमें से ₹5574.79 लाख की शुरुआती किश्त वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए जारी की गई है। इस आदेश में वित्तीय व्यय, तकनीकी अनुमोदन और परियोजना कार्यान्वयन से संबंधित नियमों और शर्तों का वर्णन है।
**मुख्य बातें/मुख्य सामग्री:**
* **वित्तीय स्वीकृति:**
* आगरा नोड के तहत आगरा जिले में बुनियादी ढाँचा विकास कार्यों के लिए ₹15974.79 लाख की कुल लागत को मंजूरी दी गई।
* 2024-25 के वित्तीय वर्ष के लिए लागत का 35% पहली किश्त के रूप में ₹5574.79 लाख जारी किए गए।
* **नियम और शर्तें:**
* कार्य शुरू करने से पहले सक्षम स्तर से तकनीकी मंजूरी प्राप्त की जानी चाहिए, वित्तीय पुस्तिका खंड -6 के अध्याय -12 के पैराग्राफ -318 में उल्लिखित प्रक्रिया के अनुसार।
* परियोजना का निर्माण समय पर पूरा किया जाना चाहिए, और स्वीकृत राशि का व्यय वित्तीय पुस्तिका के प्रासंगिक प्रावधानों और सरकार द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार होना चाहिए।
* धनराशि को केवल स्वीकृत उद्देश्य के लिए निकाला और उपयोग किया जाना चाहिए, और इसे बैंक/पोस्ट ऑफिस में जमा नहीं किया जाना चाहिए।
* यह सुनिश्चित करें कि प्रस्तावित कार्य के लिए राज्य सरकार या किसी अन्य स्रोत से पहले कोई धनराशि स्वीकृत नहीं की गई है, और यह कार्य किसी अन्य योजना/कार्यक्रम में शामिल नहीं है।
* श्रम विभाग को नियमों के अनुसार लेबर सेस का भुगतान किया जाएगा।
* मूल्यह्रास निधि को प्रासंगिक लेखा शीर्ष में नियमानुसार जमा किया जाएगा।
* निर्माण कार्य शुरू करने से पहले यूपीडा को सक्षम स्तर से सभी आवश्यक वैधानिक अनापत्तियाँ और पर्यावरणीय स्वीकृतियाँ प्राप्त करनी होंगी।
* परियोजना के तहत 18% जीएसटी की राशि की अनुमति है, जीएसटी का भुगतान वास्तविक राशि से ज़्यादा नहीं किया जाएगा।
* परियोजना के तहत विभिन्न कार्य मदों में GST शामिल नहीं किया जाएगा।
* मात्राओं को यथावत मानते हुए केवल दरों का परीक्षण किया गया है। निर्माण के समय मात्राओं को सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी कार्यकारी संस्था/यूपीडा की होगी।
* लागत आकलन में प्रस्तावित विशिष्टियों और कार्य प्रावधानों को यथावत मानते हुए परीक्षण किया गया है। परियोजना के स्कोप में परिवर्तन आदि शासन का पूर्व अनुमोदन प्राप्त किए बिना नहीं किया जाएगा।
* द्विरावृत्ति से बचने के लिए यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि यह कार्य पहले किसी योजना/कार्यक्रम के तहत स्वीकृत नहीं है और न ही वर्तमान में किसी अन्य योजना/कार्यक्रम में प्रस्तावित है।
* धनराशि का आहरण सक्षम स्तर के अनुमोदनोपरान्त नियमानुसार किया जायेगा तथा स्वीकृत धनराशि के व्यय में वित्त (आय व्ययक) अनुभाग-1 के कार्यालय ज्ञाप संख्या सं0-1/2024/ बी-1-294/दस-2024-231/2024 दिनांक 04.03.2024 द्वारा जारी दिशा निर्देशों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित किया जायेगा।
* भविष्य में कास्ट ओवर रन एवं टाईम ओवर रन की स्थिति न उत्पन्न होने पाये इसलिए परियोजना का कार्य समय पर पूरा कराया सुनिश्चित किया जायेगा।
* 30प्र0 इंडस्ट्रियल एरिया डेवलपमेंट एक्ट 1976 के प्रावधानों का पूर्णतया अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा।
* स्वीकृत धनराशि का उपयोग उसी प्रयोजन के लिए किया जायेगा जिसके लिए धनराशि स्वीकृत की जा रही है।
* आहरित धनराशि के सापेक्ष उपयोगिता प्रमाण-पत्र यथासमय शासन को उपलब्ध कराया जायेगा।
* किसी भी वित्तीय अनियमितता के लिए यूपीडा उत्तरदायी होगा।
* उक्त वित्तीय स्वीकृति पी.एफ.ए.डी./वित्त व्यय समिति द्वारा निर्धारित शर्तों एवं प्रतिबन्धों के अधीन होगी।
* यूपीडा द्वारा भविष्य में अन्य डिफेन्स नोड हेतु एक इन्टीग्रेटेड प्रायोजना का गठन कर अनुमोदन हेतु प्रस्तुत किया जाए तथा यह भी प्रयास किया जाये कि यदि पूर्व स्वीकृत प्रायोजनाओं का एक इन्टीग्रेटेड एक्शन प्लान बनाते हुए निर्माण कार्य प्रारम्भ किया जाये।
* सुपर विजन चार्ज हेतु प्रोयाजना लागत का 2 प्रतिशत अनुमन्य कर दिया गया है तथा प्रोजेक्ट मैनेजमेन्ट कन्स्लटेन्ट (पी0एम0सी0) हेतु धनराशि पर पृथक से वित्त विभाग से बजट व्यवस्था करायी जाये।
**प्रभाव विश्लेषण:**
* **यूपीडा (उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण)**
* **प्रभाव:** निर्माण, मानकों और गुणवत्ता के लिए जिम्मेदार; समय पर परियोजना का समापन सुनिश्चित करना; आवश्यक वैधानिक अनापत्तियाँ और पर्यावरणीय स्वीकृतियाँ प्राप्त करना; और वित्तीय अनियमितताओं के लिए उत्तरदायी होना।
* **आवश्यक कार्रवाई:** यह सुनिश्चित करें कि काम उच्च मानकों पर किया जाए, समय पर पूरा किया जाए और सभी नियमों और शर्तों का पालन किया जाए।
* **वित्त विभाग**
* **प्रभाव:** धनराशि जारी करना और यह सुनिश्चित करना कि व्यय उचित दिशा-निर्देशों का अनुपालन करे।
* **आवश्यक कार्रवाई:** स्वीकृत धनराशि के उचित उपयोग की निगरानी करें और निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करें।
* **श्रम विभाग**
* **प्रभाव:** लेबर सेस प्राप्त करना और उसका प्रबंधन करना।
* **आवश्यक कार्रवाई:** नियमों के अनुसार लेबर सेस का संग्रह और प्रबंधन करें।
* **महालेखाकार**
* **प्रभाव:** परियोजना के वित्तीय लेन-देन का ऑडिट करना।
* **आवश्यक कार्रवाई:** वित्तीय रिकॉर्ड का ऑडिट करें और उचित लेखांकन प्रक्रियाओं का अनुपालन सुनिश्चित करें।
यह सारांश दस्तावेज़ में प्रदान की गई जानकारी पर आधारित है और इसका उद्देश्य हितधारकों को मुख्य बिंदुओं और अपेक्षित कार्यों को समझने में मदद करना है।
Key Entities Referenced
डिफेन्स इण्डस्ट्रियल कॉरिडोर आगरा नोड: आगरा में डिफेन्स इण्डस्ट्रियल कॉरिडोर के भीतर बुनियादी ढाँचे के विकास के लिए एक परियोजना।
यूपीडा (UPIDA): उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवेज औद्योगिक विकास प्राधिकरण, जो डिफेन्स इण्डस्ट्रियल कॉरिडोर आगरा नोड परियोजना के कार्यान्वयन के लिए जिम्मेदार है।
व्यय वित्त समिति: इसने डिफेन्स इण्डस्ट्रियल कॉरिडोर आगरा नोड के बुनियादी ढाँचे के विकास के लिए 15974.79 लाख रुपये की लागत को मंज़ूरी दी।
वित्तीय हस्तपुस्तिका, खण्ड-6: वित्तीय प्रक्रियाओं के लिए एक मैनुअल जिसका इस्तेमाल परियोजना के कार्यान्वयन के दौरान दिशानिर्देशों का पालन करने के लिए किया जाना चाहिए।
30प्र0 इण्डस्ट्रियल एरिया डेवलपमेन्ट एक्ट 1976: कानून जिसका अनुपालन डिफेन्स इण्डस्ट्रियल कॉरिडोर आगरा नोड के विकास के दौरान किया जाना चाहिए।