Home India Ministry of Ports, Shipping and Waterways 3rd Edition E-newsletter of the DGS, GoI January, 2017 (Hind...
Date: 2019-04-05 Category: DGS Circular State: Union Government Country: India

3rd Edition E-newsletter of the DGS, GoI January, 2017 (Hindi)

Issued by Ministry of Ports, Shipping and Waterways · Directorate General of Shipping

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Executive Summary & Key Takeaways

**Executive Summary** This document is the third issue of the e-newsletter by the Directorate General of Shipping, India, for January 2017. The newsletter provides updates on maritime regulations, initiatives, and information relevant to seafarers and other stakeholders. The document welcomes feedback and suggestions for improvement. **Key Points / Main Content** *New Leadership* * Dr. Malini V. Shankar assumed the role of Director-General of Shipping and ex-officio Additional Secretary on December 19, 2016. *Key Initiatives and Regulatory Updates* * Approval restrictions are removed for Modular, Simulator, and Post-Sea competency courses, effective November 1, 2016. * Restrictions on GP Rating maritime training courses have been lifted effective the date the circular was issued. * The Directorate continues incorporating new methods and techniques into the examination system, now using electronic tablets for NCV competency certificate exams to promote transparency. * The Merchant Shipping Bill, 2016 is placed before Parliament. The bill provides regulations for courts to settle claims, arrest ships, and deal with related issues. *Facilitating Trade and Maritime Commerce* * Statutory certificates and documents will no longer be required for port clearance if a declaration-cum-undertaking is provided. * The Directorate promotes the use of authorized Recruitment and Placement Services (RPS) to prevent seafarers from being deceived by unauthorized agents. *Seafarer Welfare and Training* * Provides guidelines for maritime training and pre-sea courses. * Addresses the conditions for foreign flag vessels operating in Indian waters. * Discusses implementation of the Maritime Labour Convention (MLC) and requirements for maritime labor certificates. * Provides instructions for issuing certificates of competency (COCs) for cooks under the Maritime Labour Convention. *Compliance and Enforcement* * Mandates compliance with MLC 2006 for Indian flag vessels above 500 gross tonnage. *Other* * Shares information on the IMO participation and recognition of various officers. * Lists positive feedback from seafarers regarding the services provided by the Directorate. **Impact Analysis** **Stakeholder: Seafarers** *Impact:* * Receive information about maritime regulations, training opportunities, and employment advisories. * Benefit from streamlined processes for examinations and certifications. * Are advised to use authorized RPS agencies to avoid exploitation. * Will be subject to new rules regarding port clearance. *Action Required:* * Seafarers are required to comply with new examination procedures. * They must use authorized RPS agencies for employment. * Foreign flag seafarers are eligible for some considerations. **Stakeholder: Ship Owners** *Impact:* * Must comply with MLC 2006 requirements. * Need to obtain necessary certificates for cooks. * Must be aware of the new conditions for foreign flag vessels operating in Indian waters. *Action Required:* * Obtain maritime labor certificates. * Ensure cooks have appropriate COCs. * Follow revised port clearance procedures. **Stakeholder: Maritime Training Institutions** *Impact:* * Approval restrictions are removed for Modular, Simulator, and Post-Sea competency courses. * Standards for seafarer pre-sea training must be in accordance with new maritime regulations. *Action Required:* * Institutions should develop guidelines for maritime training. **Stakeholder: Maritime Administrators/Government Bodies** *Impact:* * Oversee the implementation of MLC 2006. * Enforce the new regulations regarding port clearance. * Are involved in the international maritime conventions. *Action Required:* * Need to ensure compliance with MLC 2006. * Implement and monitor new port clearance procedures. * Participate in international maritime forums and activities.

Key Entities Referenced

Directorate General of Shipping: The primary regulatory body for maritime affairs in India. Also known as 'नौवहन महानिदेशालय' in Hindi. Ministry of Shipping: The government ministry responsible for policies and regulations related to shipping and ports in India. Also known as 'पोत परिवहन मंत्रालय' in Hindi. Merchant Shipping Act, 1958: Indian law that governs maritime activities, including registration of ships, maritime safety, and related matters. Maritime Labour Convention, 2006 (MLC): An international convention that sets minimum standards for the working and living conditions of seafarers. Also known as 'समुद्रीय श्रम कन्वेंशन' in Hindi. Mumbai: A location where the Directorate General of Shipping and the Ministry of Shipping are located. A central location for understanding the policy's scope or impact.
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नौम�न,भारत सरकार के ई-न‍य् ूज़लटै र का तीसरा अंक, जनवर� 2017 भारत सरकार, पोत प�रवहन मतं ारा, नौवहन महा�नदेशारा, बीटा �बिल्ंं , 9 वी ं मिं ज़ र, आई-�थकं टेक्‍नो कैम‍प् स, कांजूर मां र (पवू )र मबुं ई –400 042. नौम�न, भारत सरकार का ई-ना-ज़ू रटै र (नौवहन महा�नदेशारा, भारत सरकार का �तमाह� ई-न‍ा् जू ज़रटै र) 1डॉ. मािलनी वी. शं्र, भा�से, संपाद्�य. . . संरक्: नौवहन महािनदेश् एव ंपदेन अपर सिचव, भारत सर्ार िव्ास ्े िलए अिधरचना ्ा आधारभूत अंग प�रवहन है और नौवहन सलाह्ार इस्ा अिभन्‍न अंग ह.ै राष्‍�ीय अथरव‍य् वस्‍था म� वािणज्‍य पोत प�रवहन मंडल: 1. �ी अिमताभ ्ुमार, भारासे, ्� महतवपूणर भूिम्ा होने ्े ्ारण वािणज्‍य पोत प�रवहन ्ो अपर नौवहन महािनदेश्. वािणिजय्, आ�थ्, और औ�ोिग् िव्ास ्े िलए अप�रहायर समझा 2. �ी बी आर शेखर, मुख्‍य सव�क् जाता ह.ै इस संबंध म�, िन:संदेह, ्ारगर तरी्े से सेवाएं �दान ्रने ्े 3. �ी सुरेश ्ुमार, मुख्‍य पोत सव�क् िलए उत‍त् रदायी वािणिजय् पोत और समु�्म� इस्े महत‍व् पूणर घट् ह.ै 4. ्प्‍तान ्ेपी जय्ुमार, उप नौ�ट्ल सलाह्ार समु�ीय सुरका, पयारवरण िनयं�ण और पोत� ् े�चालन म �समु�्�मय� ्� भूिम्ा अनुपम ह.ै समु�्�मय� ्ा ्ायर तथा इन्� जीवन ्� िसथितयां संपाद् : जी एल �सह , ्न्‍सल‍ट् �ट हले ्‍प डेस्‍् और ्ायर ्� �्ृित सबसे अलग होती ह.ै इसी वजह से अंतररा�ीय �म 1. �ीमती आर. आई. सोल्र, संगठन ्ो िविशष्‍ट तौर पर समु�ीय जगत ्े िलए अलग से �म मान्� संपाद्�य ्न‍स् ल्‍ट�ट ्ो स्‍थािपत ्रन े् ेिलए ्न‍व् �शन अपनानी पड़�. समु�ीय �म ्न्‍व�शन सहायता : 2. �ीमती वी. आई. शमार, (एमएलसी) ने इनह� समे�्त �्या, और समु�्�मय� हते ु ्ायर ्� ्न‍स् ल्‍ट�ट आरामदाय् िसथितय� ् ेअिध्ार� ्� सथापना ्�. �स�ता ्� बात ह ै 3. �ी डी. डी. मं्�्र, ्न्‍सल‍ट् �ट हले ्‍प डेस्‍् �् भारत सर्ार ने 09.10.15 ्े एमएलसी ्ा अनुसमथरन �्या और �दनां् 09 . 10. 16 से यह भारत म� �वृत‍त् हो गया. भारतीय समु�ीय �हदी अं्: �शासन ने समु�ीय �म �माणप� जारी ्रने ्े िलए वषर 2016 ्� वािणज्‍य पोत प�रवहन सूचना संख्‍या 16 समु�ीय �म �माणप� जारी संपादन तथा िवमलेन्‍� भदौ�रया ्रने हते ु �दनां् 08.12.2016 म� यथाव�णत रीित से पहले से ही अनुवाद: मान‍य् ता �ाप्‍त संगठन� (आईआरएस, एबीएस, एलआर, डीएनवी, बीवी, टाइपसे�टग: �ीयुत �ीराम एन्े्े, ्ेआर आरआईएनए) ्ो �ािध्ृत �्या जा चु्ा ह.ै समु�ीय के� म� चाहे जो लोग शािमल ह� �्तु समस्‍या ्ा सामना सबसे पहले समु�्म� ्ो ही ्रना होता है. जब भी ्ुछ िवपरीत घटता है तो सबसे पहले इस्ा असर समु�्म� पर होता ह.ै समय-समय पर समु�्�मय� ्ो सखती स ेयह िहदायत दी जाती रही ह ै�् व ेपोत पर भत� और िनयोजन सेवा� ्े िलए अ�ािध्ृत एजेनट� ्े फेर म� न पड़�. अन‍य् बात� ्े साथ-साथ समु�्�मय� ्� सहायता ्े िलए िश्ायत ्ा समाधान होने पर जान्ारी देने ्� �णाली बनाई गई, इन िश्ायत� और समाधान� ्े बारे म� जान्ारी नौमिन ्ो �ाप्‍त होती ह.ै नौमिन ्े ई- न्‍यूज़लैटर ्े माध्‍यम से अपने सदस्‍य� और िहतधा�रय� ्े बीच सूचना प�चं ाई जाती ह.ै इस ई-न्‍यूज़लैटर म� सुधार लाने ्े िलए हर सुझाव ्ा सवागत ह.ै जीएल �सह. अस‍व् ी्रण :इस न‍य् ूज़लैटर म � िनिहत बात� मा� सूचना ्े �योजन से ह � .इसम� िनिहत बात� ्े सही होने या �फर इन्� अिध�ामािण्ता ्ा न तो ्ोई दावा ह ै न ही इस न‍य् ूज़लैटर म� दी गई जान्ारी या �्सी संदभर से इसम � शािमल ्� गई जान्ारी ् े �ित �्सी व्‍यि� ्ा ्ोई दाियत‍व् ही ह ै. 2नौवहन महािनदेश् एवं पदेन अपर सिचव, भारत सर्ार, पोत प�रवहन मं�ालय, मुंबई. डॉ. मािलनी वी. शं्र , (भा�स े (महाराष‍�् , :1984) ने �दनां्19 . 12. 2016्ो नौवहन महािनदेश् एवं पदेन अपर सिचव, भारत सर्ार ् े�प म � ्ायभर ार संभाला. इस िनयुि� से पहले आप महाराष‍�् सर्ार म� राजस‍व् , राहत और पुनवारस िवभाग ्� �भारी अपर मुखय सिचव ्े �प म� ्ायरर त थ�. आप्े गितवान नेतृतव और मागरदशरन म� अपेका्ृत �प से अिध् सुरिकत और समुतथानशील समुदाय� ्� रचना ्े �ित सर्ार ्� �ितब�ता ्े ए् भाग ्े �प म� आपदा �बंधन/ शमन ्ायर्म हते ु ्ारगर तरी् े स े िविभन‍न् नीितय� तथा मागरदश� िस�ांत� ्ा िन�पण �्या गया. इससे पहले अपर मुख‍य् सिचव, पयारवरण ्े �प म� आपने पयारवरण िन्ािसय�, तटवत� िविनयम और �बंधन योजना�, मौसम प�रवतरन, जल तथा वायु �दषू ण ्� रो्थाम, नमभूिम प�ररकण और �चालन ्े �ित सहमित संबंधी मु�� ्ा समाधान ्रन े्� चुनौितय� पर ्ाय र �्या. �धान सिचव, जल संसाधन ्े तौर पर आपने बांध और नहर� ्े �बंधन, जल आवंटन, संसाधन�, जल ्ुशलता म� सुधार, �ितभािगतापूण र �सचाई �बंधन ्ा संवधरन ्रन ेआ�द म � अपना भारी योगदान �दया. महाराष्‍� राज‍य् ्े शहरी और �ामीण दोन� ही के�� म� पेय जलापू�त और स‍व् च्‍छता ्� नीित िन�िपत ्रने और इसे ्ायािर नवत ्रन े म� आप अध‍य् ेता रही ह.� सब्े िलए जल और शहरी जल सुधार ्� पहल आपन े ्� और जनता इस े ्भी भुला नह� स्ेगी. िव्ास आयु्‍त् , उ�ोग रहत े आपने महाराष‍�् म� – बड़े, मधयम और छोटे उ�ोग� म � िनवेश� ्े साथ-साथ औ�ोिग् समुच्‍चय� ् े ्ायर्म ्ा संवधरन �्या. वािणज्‍य मं�ालय, भारत सर्ार म� जेडीसी, एमईपीज़ैड ्े �प म� अपने ्तरव‍य् � ्ा िनवरहन ्रते �ए आपने अपने यहां आने वाली एफडीआई ्ो बढ़ाने और �्ए जाने वाले िनयारत� ्ो बढ़ावा देने म� अपने उत्‍तरदाियत‍व् ्ा िनवारह �्या. आप सावरजिन् नीित – संसथानगत अथशर ास‍�् म� �िति�त भा�ौसं, म�ास �ारा डॉ्‍ट् र ऑफ �फलॉसॉफ� (पीएच. डी.) स े िवभूिषत ह.� नौवहन महािनदेशालय, भारत सर्ार ्� ओर स े संपाद् मंडल और समूच े नौवहन जगत ्� ओर स े इस िव�ास ्े साथ नौवहन महािनदेश् ्ा स्‍वागत ह ै �् आप भारतीय समु�ीय जगत ्ो नई ऊंचाइय� त् ले्र जाएंगी. . . . . ई-न‍य् ूज़लैटर ्ा संपाद् मंडल. 3नौवहन महािनदेश् एव ंपदेन अपर सिचव, भारत सर्ार ्ा व्‍त् व‍य् . . . �ाचीन ्ाल से ही नौवहन जहा ं प�रवहन ्ा साधन रहा ह ै तो वह� इसन ेतटवत� नगर�, राष‍�् � और महा�ीप� ् ेलोग� ्ो परस‍प् र जोड़े रखा ह.ै आज िवश‍व् ्ा लगभग 90 �ितशत व‍य् ापार अन‍त् रराष‍�् ीय नौवहन उ�ोग �ारा ही �्या जाता ह.ै िवश्‍व म� समु�ीय ्ायर व्‍यापार ्ा िवस्‍तार �्ए जाने तथा लोग� ्े िलए इसे और अिध् लाभ्ारी बनाए जान े ्� आवश‍्् ता ह.ै 2. �बंधन �णािलय� से समु�ीय जगत ्ा लाभ होगा िजससे इस्� दीघर्ािल् िनरंतरता बनी रहगे ी साथ ही राष्‍�ीय तथा अन‍त् रराष‍�् ीय िविनयम� और संलेख� ् े ्ायानर ्‍वयन स े अभी त् अनसुलझ ेमु�� और िन्ट भिवष‍य् म � िसर उठा स्ने वाली संभािवत समस्‍या� ्ा समाधान होगा. इस पर िवचार ्रते �ए, लंबे समय से �तीिकत �मुख और व‍य् ावहा�र् �प स ेसंगत नौ अिध्रण (समु�ीय दाव� ्ा न्‍यायके� और िनपटान) िवधेय्, 2016 संसद म� रखा गया जो �् समु�ीय समुदाय हते ु अत‍य् ंत महत‍व् ्ा है और व‍य् ावहा�र् �प से संगत ह.ै इस िवधेय् से नौ अिध्रण नयायके� सुचा� हो जाएगा. इसी तरह से संसद ्े गत स� म� भारत म� ए् नया संिहताब�, आधुिन्, त्सर ंगत, सहज और �यो्‍त् ा अनु्ूल वािणज्‍य पोत प�रवहन िवधान लाने ्े िलए वािणज‍य् पोत प�रवहन िवधेय्, 2016 लाया गया. आशा ह ै�् इसस े ��्याए ंऔर प�ितया ं सहज ह�गी. 3. वैि�् प�रदशृ ‍य् और भारत ्े सतत् आ�थ् िव्ास ्ो दिृ �गत रखते �ए ्ारोबार म� आसानी ्ा बड़ा महत‍व् ह.ै आज इस बात ्� आवश‍य् ्ता बढ़ती चली जा रही ह ै �् ्ारोबार ्रन े म,� व्‍यापार ्रन,े भारतीय पत‍त् न� पर भारतीय ध‍व् ज पोत�/ जलयान� ्े िनबारध आवागमन म� आसानी बढ़ाने ्े िलए चार� ओर से सहयोग �्या जाए इस संबंध म� भारतीय समु�ीय �शासन ने यह िनणरय िलया है �् य�द घोषणा-सह-प�रवचन दे �दया गया हो तो पत‍त् न िन्ासी ्े �योजन से अपेिकत सांिविध् �माणप�� और �लेख� ्ो �स‍त् ुत �्ए जाने ्� अपेका से छूट �दान ्� जाए. 44. नए तौर-तरी्� और त्नी् ्ो परीका �णाली म� िनरंतर शािमल �्या जा रहा ह,ै िनदेशालय ने ्ागज पर परीका देने ्� चली आ रही �णाली ्� जगह एनसीवी ्े सकमता �माणप� ्े िविभन्‍न �ेड� ्ो �दान �्ए जान े ् े िलए परीका देन े हते ु इलेक�ॉिन् टेबलेट ्� शु�आत ्� ह.ै ्ागजी �र्ॉड र पर िनभरर बन े रहन े म � ्मी लान े तथा पारद�शता बढ़ान े ् े िलए िबना ्ागज ्� िडिजटल त्नी् ्ो आरंभ �्या गया ह.ै 5. समु�ीय के� म� पोत� पर ्ायर ्रने वाले समु�्�मय� और �ोफेशनल� ्� महतवपूणर भूिम्ा होती ह.ै समु�्�मय� और िहतधा�रय� ्ो सुिवधा उपलब्‍ध ्रवाने ्े �यास म� ए् सहवत� फ�डबै् �णाली चलाई गई है और वतरमान म� 1400 से अिध् ��� ्ा उत‍त् र �दया गया ह.ै िश्ायत� दजर ्र जल‍द् समाधान ्रने और आवश‍य् ् फ�डबै् देन े ्� वजह स े यह सुिवधा उन् ेिलए लाभदाय् िस� �ई ह.ै 6. नौमिन ्ा ई-न्‍यूज़लैटर समु�ीय के� ्� संगत जान्ारी सब त् प�चं ाने और इसे �्ािशत ्रने ्े िलए ए् उिचत माधयम ह.ै मेरी ्ामना ह ै �् यह �यास महती �प स े सफल हो. (डॉ. मािलनी शं्र, भा�से) नौवहन महािनदेश् एव ं पदेन अपर सिचव, भारत सर्ार. 5समु�ीय वािणज‍य् िवभाग� और समु�ीय राज‍य् � तथा संघ राज‍य् के� �शासन� �ारा भारतीय माितसय्� नौ्ा� ् े पंजी्रण, सव�कण और �माणन ्� मान‍य् ता बढ़ाया जाना . भारतीय ध‍व् ज माितसय्� नौ्ा स्‍वामी अपनी सुिवधाथर अपने वतरमान पंजी्ार ्े यहां से अपने समु�ी राज‍य् /संघ राज्‍य के� �शासन म� पंजीयन ्रवाएं तो ऐसे म� संबंिधत अिध्ार के� ् ेसमु�ीय राज्‍य /संघ राज्‍य के� �शासन ्� �शासिन् सुिवधा और इस्े साथ ही यह �् वे अभी त् पूव�््‍त ्ाय� ्े िलए पूरी तरह से तैयार भी नह� हो पाए ह�गे तो ऐसे म� नौवहन महािनदेशालय अपने गत नौमिन आदेश संख्‍या1 / 2015�दनां् ्� मान्‍यता आगे बढ़ाता ह.ै इस संबंध म� �दनां्09 . 11. 2016्ा नौमिन आदेश संख्‍या6 / 2016पढ़�. भारत म� समु�्�मय� ्े �िशकणाथर अनुमो�दत समु�-पूवर पा�्म� ्ो आयोिजत ्रने ्े िलए नए मागरदश� िस�ांत और ��्याए ं. नौवहन महािनदेशालय ने अपने नौमिन आदेश2 / 2007्े अिध्मण म � नौमिन आदेश7 / 2016जारी �्या ह,ै िजस् े अंतगरत भारत म� समु�्�मय� ्े �िशकणाथर अनुमो�दत समु�-पूवर पा�्म� ्े आयोजन ्े संबंध म� मागरदश� िस�ांत और ��्याएं दी गई ह.� ये मागरदश� िस�ांत तत‍्् ाल �भाव स े �वृत‍त् ह�ग.े 6सर्ार न ेिनम‍न् ो्‍त् ् े अनुमोदन स े �ितबंध हटा िलया ह ै : (1) मॉ�ूलर, िसम‍य् ूलेटर और समु�ोपरांत सकमता पा�्म : नौवहन महािनदेश् ने वषर 2007 ्े �िशकण प�रप� संख्‍या 5 ्ा पुन : अवलो्न �्या जो �् समु�ोपरांत मॉ�ूलर पा�्म� ्े अनुमोदन ्े बारे म� ह.ै नौमिन और सकम �ािध्ारी ने वषर 2016 ्े नौमिन आदेश संख‍य् ा 5 म� िनिहत मागरदश� िस�ांत� ्े अनुसार भारत म� समु�्�मय� ्े �िशकणाथर मॉ�ूलर, िसम्‍यूलेटर और समु�ोपरांत सकमता पा�्म� ् ेअनुमोदन स ेसहष र�ितबंध समाप्‍त ्र �दया ह.ै ये मागरदश� िस�ांत 1 नंवबर, 2016 स े �वृत‍त् ह.� ये मागरदश� िस�ांत 25 जून, 2010 ्ो मनीला म� एसटीसीडबलयू ्न‍व् �शन ्े पक� ्े सम्‍मेलन पोत प�रवहन अिधिनयम, 1958 ्े अंतगरत (एसटीसीडबलयू) िनयम, 2014 �ारा अंगी्ृत �प म � �िशकण और िनगरानी पर अंतरराष‍�् ीय ्ा पूणर�पेण ्ायानर ‍व् यन ्रन े ् ेिलए बनाए गए ह.� 7(2) जीपी रे�टग समु�ीय �िशकण पा�्म : �दनां्07 . 05. 2015् ेनौमिन �िशकण प�रप� संख‍य् ा 4 (फाइल नंबर :3-टीआर/(15)/2003 और �दनां्07 . 09. 2010 ्ा वषर 2010 ्ा गत �िशकण प�रप� संख‍य् ा 9 (फाइल नंबर :11-टीआर (25)/2008) (िजसम� नए जीपी रे�टग समु�ीय �िशकण संस‍थ् ान-सह-ऐसे संस्‍थान� ्� कमता बढ़ाय े जान ेऔर जीपी रे�टग पा�्म� ्� पा�चया र ्े अनुमोदन पर �ितबंध लगाया गया था) ्े अिध्मण म� सकम �ािध्ारी ने ए् नया प�रप� (वषर 2016 ्ा �िशकण अनुभाग ्ा प�रप� संख्‍या08 ) जारी ्र इस प�रप� ्ो जारी �्ए जाने ्� तारीख से जीपी रे�टग पा�्म स े �ितबंध हटा िलया गया ह.ै ्ायरव‍य् ा पार ्ो िनरंतर आसान ्रते रहना, वापोप अिधिनयम, 1958 ्े अंतगरत पंजी्ृत भारतीय धवज पोत�/जलयान� ्ा िनबारध आवागमन. यथा संशोिधत वािणज‍य् पोत प�रवहन अिधिनयम, 1958्ा उ�ेशय यह है �् अन‍य् बात� ्े साथ-साथ वािणज्‍य पोत प�रवहन जगत ् ेसम� िव्ास ्ा ्ाय र िनरंतर चलता रहे और भारतीय िहत� ्� िसि� ्े िलए सवरथा उपयु््‍त तरी्े से भारतीय समु�ी वािणज्‍य म � सुरका और ्ौशल सुिनि�त हो. 8पत‍त् न िन्ासी ्े �योजन से वािणज्‍य पोत प�रवहन अिधिनयम, 1958 ्े अंतगरत िविहत �माणप�� और �लेख� ्ो �स‍त् ुत �्ए जाने ्� अपेका भारतीय पंजी्ृत पोत� और अन‍य् पोत� से थी. ्रोबार ्रने म� सुभीता बनाए रखने ्े िलए सकम �ािध्ारी ने पत‍त् न िन्ासी ्े िलए सभी भारतीय पत‍त् न� पर इस अपेका से छूट �दान ्� ह.ै ऐसा तब होगा जब पोत ्े मास्‍टर �ारा िविधवत हस‍त् ाक�रत ए् घोषणा-सह- प�रवचन �दया जाए �् सभी उ्‍त् सांिविध् �माणप� मान‍य् ह� और यह भी �् पोत से संबंिधत ्ोई सव�कण (ए्ािध्) या लेखापरीका (ए्ािध्) ब्ाया नह� ह.ै यह घोषणा-सह-प�रवचन आवश‍य् ्ता होन े पर के�ािध्ार वाले समु�ीय वािणज्‍य िवभाग (सिववा) �ारा सतयािपत �्या जाएगा. इस संबंध म� नौमिन आदेश संख‍य् ा 08 �दनां्30 . 11. 2016्ा अवलो्न ्र�. 9भारतीय समु� म� चल रहे िवदेशी धवज जलयान� हेतु मागरदश� िस�ांत . यथा संशोिधत, वापोप अिधिनयम, 1958 ्� धारा 406 या 407 ् ेअंतगरत नौमिन, भारत सर्ार �ारा जारी लाइसेन‍स् वाले िवदेशी ध‍व् ज जलयान भारतीय समु� म� ए् से दसू रे पत‍त् न ्े बीच याि�य� ्ो लान-े ले जाने ्े ्ायर म� लगाए जा रहे ह.� भारतीय समु� म� ऐसे िवदेशी या�ी जलयान� ्ो अनुमित देते समय नौमिन, भारत सर्ार ्ो यह सुिनि�त ्रना होता है �् इन जलयान� हते ु सुरका, संरका और �दषू ण ्� रो्थाम ् े जो न‍य् ूनतम मान् इन् े िलए िविहत ह � व े इन्ा पालन ्र� और इन् े या�ी और ् ू अन‍त् रराष‍�् ीय समु�ीय संगठन �ारा िविहत �्ए गए मान्� ्ा पालन ्र�. इस े दिृ �गत रखत े �ए नौवहन महािनदेश्, भारत सर्ार रा�ीय समु�ीय �शास् होने ्े नाते यथा संशोिधत, वापोप अिधिनयम, 1958्� धारा 406 और 407 ् ेअंतगरत उस े �दत‍त् शि�य� ्ा �योग ्रत े�ए �दनां्02 . 12. 2016् े नौवहन िव्ास प�रप� संख्‍या 07 ् ेअनुसार, वापोप अिधिनयम, 1958 ्� धारा 406 या 407 म �स े �्सी ् े अंतगरत िवदेशी धवज ् े या�ी पात� ्ो अनुमित/ लाइसेन‍स् �दान ्रन े्� शत � तय ्रता ह.ै 10आमोद-�मोद वाल ेजलयान :मागरदश� िस�ांत/ अनुदेश आमोद-�मोद हते ु जलयान� ्ो चलाए जाने ्े िलए अलग से जब त् िनयम अिधसूिचत नह� �्ए जाते ह� तब त् ्े िलए नौवहन महािनदेश्, भारत सर्ार न े आमोद-�मोद हते ु जलयान� ्ो चलाए जाने ्े िलए मागरदश� िस�ांत/ अनुदेश (�दनां्30 . 11. 2016्ा आदेश संख‍य् ा7 /2016) जारी �्ए ह �जो �् इस �योजनाथर आमोद-�मोद हते ु जलयान� ्ो चलाए जाने ्े िलए इन्े िनमारण, सव�कण, �माणन और �चालन हते ु ह.� नौ अिध्रण (न‍य् ायके� और समु�ीय दाव� ्ा िनपटान) िवधेय्, 2016 और वािणज्‍य पोत प�रवहन िवधेय्, 2016 संसद म � ह.� (1) नौ अिध्रण (न‍य् ायके� और समु�ीय दाव� ्ा िनपटान) िवधेय्,2016 . नौ अिध्रण (न‍य् ायके� और समु�ीय दाव� ्ा िनपटान) िवधेय्, 2016 सदन ् े िवचाराथ र �दनां्21 . 11. 16्ो लो् सभा म� लाया गया. �स‍त् ािवत िवधेय् म� न‍य् ायालय� ्े नौ अिध्रण न‍य् ायके�, समु�ीय दाव� पर नौ अिध्रण ्ायवर ािहय�, जलयान� ्ो बंदी बनाए जाने और संबंिधत मु�� ्े बारे म� िव�मान िविधय� ्ो समे�्त �्या गया ह.ै अं�ेज़� ्े ज़माने ्े पुराने पड़ चु्े चार नगरीय नौ अिध्ार ्ानून� ्� जगह इसे लाया गया ह.ै इन 11चार नौ अिध्रण ्ानून� ्ो सर्ार ्� उस �ितब�ता ्े अंतगरत समा� �्या गया है िजसम� यह िनिहत था �् ्ुशल शासन म � बाधा बनन े वाल े पुरान ेपड़ चु्� िविधय� ्ो समा� ्र �दया जाए. (2) वािणज‍य् पोत प�रवहन िवधेय्, 2016 �दनां् 23.11.16 ्ो संघीय मंि�मंडल �ारा वािणज‍य् पोत पिवहन िवधेय्, 2016 ्ा अनुमोदन �्या गया. �दनां् 16. 12.16 ्ो यह िवधेय् लो् सभा म � लाया गया. इस नए िवधान स े िव�मान वािणज‍य् पोत प�रवहन अिधिनयम, 1958 और तटवत� जलयान अिधिनयम, 1838 समाप्‍त हो जाएंगे. इस िवधेय् ्े �ावधान� से भारत म� वािणज‍य् पोत प�रवहन ्ो शािसत ्रने वाली िविध सहज �प म� बन पाएगी. इस्े अलावा, ्ुछ पुराने पड़ चु्े �ावधान समाप्‍त ्र �दए जाएंगे और शेष �ावधान� ्ो समे�्त �्या जाएगा और आसान �्या जाएगा ता�् ्ारोबार ्रने म� आसानी, पारद�शता और सेवा� ्ो ्ारगर तरी् ेस े �दान �्य ेजान े ्ो बढ़ावा �दया जा स्.े िवधेय् ्ा अिधिनयमन हो जान े ् े बाद िनम‍न् ो्‍त् भारी सुधार लाए जाएंग े: ए. भारत म � भारतीय टनभार ् े संवधरन/ तटवत� नौवहन ् े िव्ास ्ो इन् े �ारा बढ़ावा �दया जाना : (ए) भारतीय ध‍व् ज जलयान� ्े �प म� पंजी्ृत होने ्े िलए भारतीय संसथा� ्े भारी स्‍वािमत्‍व वाले जलयान� और बेयर बोट-सह-िडमाइस (बीबीसीडी) संिवद े पर चाटरर �्ए गए जलयान� ्ो अनुमित �दया जाना. बी) भारत ् ेिनयं�ण वाल े टनभार ्ो अलग स े ए् �ेणी म � मान्‍यता �दया जाना सी) भारतीय ध‍व् ज जलयान� ्ो तटवत� �प से चलाए जाने और ्स्‍टम �ािध्ा�रय� �ारा पत‍त् न िन्ासी �्ए जाने हते ु लाइसेन‍स् � ्ो जारी �्ए जान े ्� आवश‍य् ्ता समाप्‍त �्या जाना, और डी) भारत म� तटवत� नौवहन ्ो िव्िसत ्रने और इस्ा संवधरन ्रने ्े िलए तटवत� जलयान� हते ु अलग से िनयम बनाया जाना. बी. समु�्�मय� हते ु ्ल‍य् ाण उपाय� ्ो आरंभ �्या जाना, जैस े �् : ए) समु�ी दस‍य् ु� �ारा बंध् बनाए गए समु�्�मय� ्ो तब त् मज़दरू ी दी जाएगी जब त् �् वे छूट ्र अपने घर सुरिकत �प स े प�चं नह� जात.े बी) जलयान� ्े स‍व् ािमय� ्े िलए यह अिनवायर है �् वे मािसतसय्�, पाल जलयान िजनम� �णोदन ्� मशीन नह� लगी है और िजन्ा टनभार 15 स े ्म ्ा ह ै उन सिहत जलयान� पर ्ाय र ्र रह े ् ू्ा बीमा ्रवाए,ं और सी) अब ् ेबाद स े यह आवश‍य् ् नह� होगा �् ् ू नािव् पाल ् ेसामन े ्रारनाम ेपर हस‍त् ाकर ्रे. 12सी. ्ुछ बची �ई �ेणी ्े जलयान� ्ा पंजी्रण जो �् �्सी ्ानून ्े अंतगरत नह� आते और सुरका संबंधी पहलु� पर �ावधान बनाया जाना. सभी समु�गामी जलयान� ् े िलए यह आवश‍य् ् होगा �् व े इस नए ्ानून ् े अंतगरत पंजी्ृत हो जाए ं ता�् सुरका एव ं संरका ्ो बर्रार रखा जा स्.े डी. नए अन‍त् रराष‍�् ीय ्न‍व् �शन� ्ो शािमल �्या जाना : इस िवधेय् म� नौ नए आईएमओ ्न‍व् �शन शािमल �्ए गए ह.� िव�मान अिधिनयम ्े िविभन्‍न भाग� म� जो जलयान� ्े सव�कण, िनरीकण और �माणन हते ु �ावधान िबखरे पड़े थे उन‍ह् � ए् जगह लाया गया ह ै ता�् भारतीय नौवहन उ�ोग ्� सुिवधाथ र आसान व‍य् वस्‍था बनाई जा स्.े भारतीय नौवहन टनभार भारतीय िनयं�ण वाले पोत� सिहत भारतीय पोत� ्े टनभार ्� िसथित िमिलयन स्ल टनभार म� नीचे �दए गए �ाफ म � दशारई गई ह ै: 13टैबलेट पर एनसीवी परीका – िडिजटल टै�ोलॉजी म � ए् सराहनीय ्दम : िनदेशालय िनरंतर िविभन‍न् �ेड� ्े सकमता �माणप� �दान ्रने हते ु परीका �णाली म� िनत नए टूल और त्नी्� ्ो लान ेतथा इन्ा �योग ्रन े् े�ित सन‍न् ध ह.ै इनम � स े ऐसा ए् ्दम ह ै�् ्ागज पर िलखवा ्र ली जाने वाली परीका ्� परंपरागत �णाली ्� जगह अब िलिखत परीका हते ु इलेक�ॉिन् टैबलेट ्ा �योग �्या जाए. सम� और ए्�पता वाले तरी्े से अभ‍य् �थय� ्े िवषयिनष‍ठ् उत‍त् र� ्ो आसानी और तेज़ी से जांचने ्े िलए, पारद�शता ्ो बढ़ाने और ्ागजी �र्ॉडर पर आि�त रहन े म� ्मी लाने ्े �योजन से नौमिन ने यह िनणरय िलया ह ै �् एनसीवी ्े सभी �ेड� ्� परीका ्ो आयोिजत �्ए जाने ्े िलए िलिखत परीका �णाली म� ्ागज रिहत िडिजटल टै्‍न् ोलॉजी ्ा �योग आरंभ �्या जाए. अभ‍य् �थय� अपने उत‍त् र टैबलेट पर द�ग े और इन‍ह् � ऑनलाइन ही जांच िलया जाएगा, इसम� वे पेपर शािमल नह� ह�गे िजनम� �् िवशेष तरह ्े रेखािच� या ऐसे डाटा होते ह� जो वतरमान त्नी्� सीमा� ्े ्ारण टैबलेट पर नह� आ स्त.े अिध् जान्ारी ्े िलए आप �दनां् 25.11.16 ्ा इंजीिनय�रग प�रप� संख‍य् ा133 / 2016देख.� पत‍त् न राष‍�् िनयं�ण – अिध् जोिखम वाल ेजलयान� पर नज़र : U हमारे पत‍त् न� पर आने वाले िवदेशी पोत� ्े आवागमन ्ो दिृ �गत रखते �ए भारतीय समु� सुरिकत, संरिकत और �्ए जाने वाले �दषू ण ्ा पूरी तरह से �ित्ार ्रते ह.� ्ुल िमला्र 132 िवदेशी ध‍व् ज वाले पोत� ्ा िनरीकण �्या गया और इनम� से अन‍त् रराष्‍�ीय िविनयम� ्ा पालन न ्रने वाले 06 पोत� ्ो रो् ्र रखा गया. िविभन्‍न िविनयम� ्ो दिृ �गत रखते �ए इन्े अनुपालन हते ु 75 भारतीय पोत� ्ा भी िनरीकण �्या गया िजनम� से 09 पोत� ्ो रो् ्र रखा गया. इन सभी मामल� म� ब�त ही बारी्� बरतते �ए इन्� जान्ारी �दान ्� गई. इसी 14बीच, िवदेशी पत‍त् न� पर 03 भारतीय पोत� ्ो रो् ्र रखा गया. इस बात ्ो सुिनि�त ्रने ् े �यास �्ए गए �् हमारे पत‍त् न� पर आने वाले अिध् जोिखम वाले जलयान� ्ो पत‍त् न राष‍�् िनयं�ण िनरीक्� �ारा अिध् ध्‍यान म � रखा जाए. सुरका �बंधन �णाली : �चालन� म � सुरका संबंधी जोिखम� ्ो िनयंि�त ्रन े ् े िलए ए् संरिचत �बंधन दिृ �्ोण उपलब‍ध् ्रवाए जान े ् े उ�ेश्‍य से 08 नई ्ंपिनय� ्ो अनुपालन �माणप� ्ा अंत�रम �लेख, ्ंपिनय� ्ो 07 पूणर्ािल् अनुपालन �लेख और पोत� ्ो 45 सुरका �बंधन �माणप� जारी �्ए गए ह.� इंजीिनय�रग परीका – सबस ेअिध् पारदश� �णाली : U (1) सभी मौिख् परीकाएं बाहरी परीक्� �ारा उिचत रीित से सीसीटीवी ्वरेज ्े अंतगरत आयोिजत ्� ग� िजससे यह परीका �णाली िवश्‍व ्� सबसे अिध् पारदश� परीका �णाली ्े �प म� सामने आई ह.ै �्सी अभ‍य् �थय� ्ो य�द िश्ायत हो तो वह मौिख् परीका ्� �र्ॉ�डग ्ो देख स्ता/ ती ह.ै (2) सभी िलिखत परीकाएं भी सीसीटीवी ्वरेज म� ही आयोिजत ्� जाती ह� और उ�र पुिसत्ा� ्ा मूल‍य् ां्न बाहरी परीक्� �ारा ्रवाया जाता ह.ै सकमता �माणप� (सीओसी) : U योजनाब� �प से इंजीिनय�रग परीकाएं आयोिजत ्� ग� और सभी समु�ी वािणज्‍य िवभाग� �ारा यथा समय प�रणाम घोिषत ्र �दए. इंजीिनय�रग ्े सभी �ेड� ्� परीका� ्े िलए अ�ूबर 16 से �दसंबर 16 ्� ितमाही ्े दौरान ्ुल िमला्र 1638 सकमता �माणप� जारी �्ए गए और वषर ्� िपछली ितमािहय� ्� तुलना म� ये अिध् थ.े स्‍्��नग और मूल‍य् ां्न ��्या सुदढ़ृ है और मा� सकम अभ‍य् �थय� ्ो ही �मािणत �्या जाता है िजससे गुणवत‍त् ा बनी रहती ह.ै अ्‍त् ूबर और नवंबर 2016 ्े महीन� म� औसतन26 . 2 �ितशत अभ‍य् �थय� न े परीका� म � सफलता �ाप‍त् ्�. 15अनािध्ृत सभी समु�्�मय� ्ो सलाह (वतरमान तथा भावी) एजेन‍ट् जलयान� पर नौ्री �दलान े ्ा झांसा दे्र अनािध्ृत एजेन‍ट् � �ारा ठगी �्ए जान े ् े संबंध म � समु�्�मय� ्� ओर स े िमली तमाम िश्ायत� ्ो दिृ �गत रखते �ए नौमिन ने सभी समु�्�मय� ्ो ए् सूचना जारी ्� िजसम� यह सलाह दी गई �् अनािध्ृत एजेन‍ट् � ् े माध्‍यम स े नौ्री म � आन े ्ा ्तई �यास न ्र�. यह भी ्हा गया �् िवदेशी ध्‍वज पोत सिहत पोत� पर नौ्री पान े ् ेिलए व े मा� पंजी्ृत िनयोजन और सेवा अिभ्रण� यानी एजेन‍ट् � ् े माध्‍यम स े ही आए.ं ऐसी अनुमो�दत एजेिनसय� ्� सूची www. dgshipping. gov. in. पर उपलब‍ध् ह.ै िनयोजन अिभ्रण� से �ाप‍त् िनयुि� ्े �स‍त् ाव पर िवचार ्रने से पहले समु�्म� आवश‍य् ् �प से नौमिन ्� वैबसाइट देख ल� और िनि�त ्र ल� �् यह एजेन‍स् ी पंजी्ृत है भी या नह�. इस े सभी संबंिधत� �ारा धयान म � रखा जाए. आयात-िनयारत व‍य् ापार म� होने वाले लेनदने ्े खचर पर सलाह ्े संबंध म� स‍पष‍टी्रण: लेनदेन से संबंिधत शुल‍्् � ्े बारे म� पारद�शता और मध‍य् स्‍यतता ्े अभाव ्े संबंध म� आयात-िनयारत व्‍यापा�रय� ्� िश्ायत� ्ा समाधान ्रने ्े िलए नौमिन ने िहतधा�रय� से व्‍याप् परामशर ्र उसम� से जो मतै्‍य् ता ्� िसथित बनी उस्े अनुसार �दनां् 26.12.16 ्ो प� संख‍य् ा एमटीओ-2(1)/2015 जारी ्र इस सलाह ्े बारे म� स्‍पष्‍टी्रण जारी �्या. िवदेशी ध‍व् ज पोत� ् े पोत स‍व् ािमय� �ारा �त‍य् क �प स े िनयोिजत समु�्म� ्� समु�ी सेवा म �छूट/ मान‍य् ता . 16(1) सकमता �माणप� ्ा पुनव�धी्रण और जीएमडीएसएस �माणप�� ्ा पृष‍ठ् ां्न. वािणज्‍य पोत प�रवहन (समु�्�मय� ्� भत� और िनयोजन) िनयम, 2016 म� ऐसी �णाली दी गई है िजसस े भारतीय और िवदेशी ध‍व् ज जलयान� पर ्ाय र्र रह ेभारतीय समु�्�मय� ्� रका ्� जा स् ेऔर उन्े ्ह� फंस जाने ्� दशा म�, या अन्‍य िवपदा ्े दौरान, जब संबंिधत पोत स्‍वामी ऐसे समु�्�मय� ्ो उन् े देश ् ेपत‍त् न पर वापस ला स्न े ् ेअपन े्तरव‍य् ्ा िनवरहन न ्र पा रहा हो तो ऐस े म � उन‍ह् � वापस लाए जान े ्ा ्ाय र ्रन े् े संबंध म � आवश‍य् ् सुरकोपाय ्रना. नौवहन महािनदेशालय, भारत सर्ार ने इस बात पर बल �दया है �् उ� िनयम ्े अंतगरत �ािध्ृत आरपीएस �दाता� ्े माध‍य् म से ही समु�्म� नौ्री पर लगाए जाए.ं तथािप, ऐसा देखा गया है �् समु�्म� अब भी अन्‍य बात� ्े साथ-साथ पोत पर या तो िवदेशी ध्‍वज स्‍वािमय� �ारा सीधे ही भत� ्र िलए जाते ह � या �फर इन‍ह् � अब भी अनिध्ृत आरपीएस एजेिनसय� ्े माध्‍यम से भत� �्या जाता ह.ै ऐसे मामल� ्ा समाधान ्रने ्े िलए यह भी बताया गया �् सकमता �माणप�� और �माणन� ्े �योजन से ऐसी समु�ी सेवा जो �् अपंजी्ृत आरपीएस सस‍थ् ा� ्े माध‍य् म से ्� गई होगी उसे मान‍य् ता नह� दी जाएगी. बावजूद इस्,े तमाम समु�्�मय� ्ो सीध े ही या �फर अपंजी्ृत आरपीएस संस्‍था� ् ेमाध‍य् म से नौ्�रयां दी ग�. िनदेशालय ्ो िमले िविभन्‍न अभ‍य् ावेदन� पर आवश‍य् ् बातचीत और आंत�र् परामशर �्ए जाने ्े बाद यह िनणरय िलया गया है �् िवदेशी ध‍व् ज पोत� ्े स्‍वािमय� �ारा सीधे ही िनयोिजत ऐसे समु�्�मय� ्� मा� 01.11.16 से पहले ्� गई सेवा पर सकमता �माणप�� ्े पुनव�धी्रण ्े �योजन से तथा जीएमडीएसएस �माणप�� ्े पृष्‍ठां्न हते ु िवचार �्या जा स्ेगा. यह भी जान िलया जाए �् इस समु�ी सेवा ्ो सकमता �माणप� ्� परीका� ्े �योजन� हते ु नह� िगना जाएगा. इस संबंध म,� ् ू अनुभाग ्ा प�रप� �दनां 25.11.16. संख्‍या4 / 2016देख.� (2) इले्‍�् ो त्नी्� अिध्ारी : इसी तरह स,े नौमिन न े िनणरय िलया ह ै �् िवदेशी ध‍व् ज पोत� ् े सवािमय� �ारा सीध े ही नौ्री पर लगाए गए ऐस े इलेक�ो त्नी्� अिध्ा�रय� ्�01 . 11. 16से पहल े ्� गई समु�ी सेवा पर ही इस परीका और �माणन ्े �योजन से िवचार �्या जा स्ेगा. इस संबंध म� �दनां्5 . 12. 16्ा नौमिन प�रप� संख्‍या 5/ 2016देख.� नौमिन न े पहल े ही सभी संबंिधत� ्ो यह सप� ्र �दया ह ै �् वापोप (वािणज‍य् पोत प�रवहन म � रसोइए ्े �प म� सकमता �माणप�) िनयम, 1991 ्े अंतगरत जारी �्या गया रसोइए हते ु सकमता �माणप� समु�ीय �म ्न‍व् �शन, 2006 ्े �ावधान� ् ेअनुसार ह.ै इस अनुरोध ् े अभयावेदन �ा� �ए ह � �् उ� पृष्‍ठां्न म� �माणप� पर ही यह बात िलखी हो. तदनुसार यह िनणरय िलया गया �् नािव् पाल� �ारा जारी �्ए गए रसोइए ् ेतौर पर सकमता �माणप�� पर िन�ो� व�� छपा होगा : यह �माणप� समु�ीय �म ्न‍व् �शन, 2006 ् े िविनयम3 . 2् े अनुपालन म � जारी �्या गया ह.ै 17िजन समु�्�मय� ्ो पहल ेस े ही सकमता �माणप� जारी �्या जा चु्ा ह ैऔर जो उपयुर� पृष‍ठ् ां्न ्े साथ नए �माणप� चाहते ह� वे इस ्ायालर य ्� वैबसाइट www. dgshipping.gov.in से ऑनलाइन आवेदन ्र �माणप�� ्� दसू री �ित �ा� ्र स्ते ह.� उपयुर� पृष‍ठ् ां्न वाला नया �माणप� मूल �माणप� ्� जगह पर जारी �्या जाएगा. इस संबंध म� �दनां्20 . 10. 2016्ा ्ू अनुभाग ्� वापोप सूचना संख‍य् ा11 / 2016देखी जा स्ती ह.ै बीडबलयूएम ्नवेनशन : अनतररा�ीय या�ा म� ए् अप�रहायर आवशय्ता पोत� ्े अनुपूर् जल और तलछट ्ो िनयंि�त रखने और इस्ा �बंधन ्रने ्े िलए अन‍त् रराष‍�् ीय ्न‍व् �शन, 2004(बीडबलयूएम ्न‍व् �शन) िसतंबर, 2017 से �वृ� हो जाएगा. भारत ्ो अभी बीडबलयूएम ्न‍व् �शन ्ा अनुसमथरन ्रना ह.ै 400 स्ल टनभार और इसस ेअिध् टनभार वाल ेभारतीय ध‍व् ज वाल े जलयान जब ऐस ेदेश ् े पत‍त् न म� जाते ह� िजनह�ने ्न‍व् �शन ्ा अनुसमथरन ्र �दय है तो वहां बीडबलयूएम ्न‍व् �शन ्े अंतगरत �माणप� ्� आवश‍य् ्ता होती ह.ै चूं�् भारत ने अभी त् ्न‍व् �शन ्ा अनुसमथरन नह� �्या ह ै इसिलए यह अन‍त् रराष‍�् ीय अनुपूर् जल �बंधन �माणप� जारी नह� ्र स्ता. इसिलए, ्न‍व् �शन म� यथानुमत �प से अन‍त् रराष‍�् ीय अनुपूर् जल �बंधन �माणप� ्� जगह पर भारत अनुपालन िववरण जारी ्रेगा. सभी मानयता �ा� संगठन� (आरओ) ्ो यह सलाह दी गई है �् ये बीडबलयूएम ्न‍व् �शन ्� अपेका� से शािसत ह�गे. इनह� बीडबलयूएम योजना� ्ो अनुमो�दत ्रने और सव�कण ्रने और �दनां्06 . 12. 2016्े इंजीिनय�रग प�रप� संख्‍या2 / 2016म� यथािविन�द� �योजनीय अपेका� ्े अनुसार बीडबलयूएम अपेका� ्ा संतोषजन् सतयापन ्र िलए जाने ्े बाद ऐसे सभी भारतीय जलयान� ्ो बीडबलयूएम ्न‍व् �शन हते ु अनुपालन िववरण जारी ्र�. जान्ारी िमलन े् े साथ ही समाधान ्� �णाली 18नौवहन महािनदेशालय ने ए् ऑनलाइन ऐसी �णाली िव्िसत ्� है िजसम� िश्ायत िमलने ्े साथ ही समाधान �्या जाता ह.ै समु�्�मय� और िहतधा�रय� �ारा �सतुत �्ए गए डाटा और फ�डबै् ् े आधार पर नीचे �दए गए �ाफ म � रे�टग ्ा �ितशत देखा जा स्ता ह ै: इसी तरह स,े िलए गए समय ्ो नीच े ् े�ाफ म � बताया गया ह ै: नौमिन ्ा सुधार पर भरोसा ह ैऔर �ाफ स े सेवा� म � सुधार ्� �वृि� नज़र आ रही ह.ै 19्ेन‍�् ीय्ृत सावरजिन् िश्ायत समाधान और अनुवीकण �णाली (सीपीजीआरएएमएस) यह भारत सर्ार ्ा पोटरल है और इस्ा ल�य है �् नाग�र्� ्ो िश्ायत समाधान ्ा ए् मंच �दान �्या जाए. इस्ा शीषर अिभ्रण �शासिन् सुधार और लो् िश्ायत िवभाग ह.ै िश्ायत िमलने पर इसे तत्ाल मं�ालय/िवभाग/राज‍य् सर्ार ्ो भेजा जाता ह.ै पोत प�रवहन मं�ालय से संबंिधत िश्ायत ्े िमलन े पर नौमिन िश्ायत� ्ा समाधान ्रता ह.ै वषर ्े अंत म�, ए् ्ो छोड़ ्र सभी ्े उत्‍तर दे �दए गए थ,े इस शेष ए् ्ा उत्‍तर भी �दनां् 04. 01. 2017 ्ो दे �दया गया. नौमिन म� िश्ायत और ततसंबंधी फ�डबै् ्ा स्‍वागत ्रता ह.ै रसोइए ् े िलए सकमता �माणप� (सीओसी) नौमिन न े पहल े ही सभी संबंिधत� ्ो यह स‍प् ष‍ट् ्र �दया ह ै�् वापोप (वािणज्‍य पोत प�रवहन म � रसोइए ् े�प म � सकमता �माणप�) िनयम, 1991 ्े अंतगरत जारी �्या गया रसोइए हते ु सकमता �माणप� समु�ीय �म ्न‍व् �शन, 2006 ्े �ावधान� ्े अनुसार ह.ै इस अनुरोध ्े अभ‍य् ावेदन �ाप‍त् �ए ह� �् उ्‍त् पृष‍ठ् ां्न म� �माणप� पर ही यह बात िलखी हो. तदनुसार यह िनणरय िलया गया �् नािव् पाल� �ारा जारी �्ए गए रसोइए ्े तौर पर सकमता �माणप�� पर िनम‍न् ो्‍त् व्‍त् व्‍य छपा होगा : यह �माणप� समु�ीय �म ्न‍व् �शन, 2006 ् े िविनयम 3. 2 ् े अनुपालन म � जारी �्या गया ह.ै िजन समु�्�मय� ्ो पहले से ही सकमता �माणप� जारी �्या जा चु्ा है और जो उपयुर� पृष‍ठ् ां्न ्े साथ नए �माणप� चाहते ह� वे इस ्ायालर य ्� वैबसाइट ्े माध‍य् म से ऑनलाइन आवेदन ्र �माणप�� ्� दसू री �ित �ाप्‍त ्र स्ते ह.� उपयुर््‍त पृष्‍ठां्न वाला नया �माणप� मूल �माणप� ्� जगह पर जारी �्या जाएगा. इस संबंध म � �दनां् 20.10. 2016 ्ा ् ूअनुभाग ्� वापोप सूचना संख्‍या11 / 2016देखी जा स्ती ह.ै समु�ीय �म ्न‍व् �शन, 2006 – ए् अिनवायर समु�ीय �म ्न‍व् �शन (एमएलसी),2006 अपेका 500 या इससे अिध् स्ल टनभार वाले सभी भारतीय ध‍व् ज पोत और जो पोत वषर 2014 ्े नौमिन आदेश संख‍य् ा 01्े अंतगरत नदी समु� और भारतीय तटवत� जलयान ्े � म� वग�्ृत ह� उनसे अपेका है �् वे अपने अनुपालन िववरण (एसओसी) ्� मान्‍यता समा� होन े से पहल े या 09 .10. 2016 स े ए् वष र ्� अविध्े भीतर म� से जो पहल े हो तब त् समु�ीय �म �माणाप� �ा� ्र ल.� आज ्� िसथित ् ेअनुसार, �ािध्ृत आरओ ् ेनाम ह �:((ए) इिनडयन रिजसटर ऑफ िश�पग (बी) लॉयडस रिजस्‍टर �ुप िलिमटेड (सी) ब्‍यूरो वेरीटस (डी) अमे�र्न ब्‍यूरो ऑफ िश�पग (ई) िनप‍प् न ्ाइजी ्‍य् ो्ाई (एफ) ्ो�रयन रिजस्‍टर ऑफ िश�पग (जी) आरआईएनए स�वसेज़ एसपीए (एच) डीएनवी जीएल एएस. िवस्‍तृत जान्ारी हते ु �दनां् 08. 12. 2016 ्� वापोप सूचना संख्‍या16 / 2016देख.� 20आईएमओ �ितभािगता : ए् बाध‍य् ्ारी अपेका भारत आईएमओ ्ा स�्य सदसय ह.ै 31.12.2016 ्ो समा� होने वाली ितमाही ्े दौरान, िन�िलिखत अिध्ा�रय� ने आईएमओ, लंदन ्े स��/बैठ्� म� भाग िलया : 1. आईएमओ, लंदन म� �दनां् 24.10.16 से 28.10.16 त् एमईपीसी ्े 70व� स� म� सवर �ी बीआर शेखर, मुख्‍य सव�क् और एबी दत‍त् ा, इंजीिनयर और पोत सव�क् न े भाग िलया. 2. आईएमओ, लंदन म� �दनां् 21.11.16 से 25.11.16 त् एमएससी ्े 97व� स� म� �ी अजी वासुदेवन, उप मुख्‍य पोत सव�क् न े भाग िलया. 3. �दनां् 05.12.16 से 09.12.16 त् छठे अन‍त् रराष‍�् ीय फोरम आ्�र ट् टूडे और फयूचर ऑन सेन‍ट् पीटसरबग र म � �ी अजी वासुदेवन, उप मुख‍य् सव�क् न े भाग िलया. पदोन‍न् ित : 1. �ी अजीत ्ुमार सु्ुमारन, उप मुख‍य् सव�क् ्ो �दनां् 20.10.16 से �धान अिध्ारी (इंजीिनय�रग) ् े पद पर पदोन‍न् त �्या गया. 2. ्पतान रणजीत ्ुमार मुदलु ी, नॉ�ट्ल सव�क् ्ो �दनां् 10.11.16 से उप नॉ�ट्ल सलाह्ारी-सह- व�रष्‍ठ उप महािनदेश् (त्नी्�) ् े पद पर पदोन‍न् त �्या गया. 3. ्प‍त् ान रिवन‍�् सागर, नॉ�ट्ल सव�क् ्ो �दनां् 10.11.16 स े उप नॉ�ट्ल सलाह्ार-सह-व�रष्‍ठ उप महािनदेश् (त्नी्�) ् े�प म � पदोन‍न् त �्या गया. के� ्ायारलय� म � गितिविधया ं: समु�ी वािणज‍य् िवभाग (सवािव), ्ोल्ाता 21समु�ी वािणज्‍य िवभाग, ्ोल्ाता ने 117 िनरीकण/सव�कण �्ए. इसी तरह से सवािव, ्ोल्ाता जो �् िविभन‍न् �ेड� ्े सकमता �माणप�� ्� परीका� ्े सबसे बड़े ्ेन‍�् � म� से ए् ह,ै ने 4 नॉ�ट्ल और 03 एनडबल‍य् ू्ेओ परीकाएं आयोिजत ्� िजनम� ्मश :700 और 13 अभ‍य् �थय� ने भाग िलया. ितमाही ्े दौरान 653 जीएमडीएसएस पृष्‍ठां्न �माणप� जारी �्ए गए. इंजीिनय�रग �ेड 18 एमईओ और 09 एनसीवी (मौिख्) आयोिजत �्ए गए िजनम� ्मश :1086 और 26 अभ‍य् �थय� ने भाग िलया. ितमाही ्े दौरान ए् िहन‍द् ी गृह पि�्ा ्ा िवमोचन �्या गया और ्ायालर य ने संघ ्� राजभाषा नीित ्े अंतगरत अपेका� ्े ्ायानर ्‍वयन हते ु राजभाषा ्ायानर ्‍वयन सिमित ्� बैठ् ्ा आयोजन �्या. समु�्�मय� ्� िश्ायत ्ा तं� सीधे तौर पर �धान अिध्ारी, सवािव ्े िनयं�ण म� ्ायर ्रता ह.ै ितमाही ्े दौरान समु�्�मय� ्� ओर से 01 िश्ायत िमली, िजस्ा िनपटान ्र �दया गया. सत्रता जाग�्ता सप‍त् ाह (�दनां् 31.10.16 से 05.11.16 त्) मनाया गया िजसम� �धान अिध्ारी, सवािव, ्ोल्ाता न े सभी अिध्ा�रय� और ्मचर ा�रय� ्ो शपथ �दलाई. सत्रता ् े बारे म � जाग�्ता बढ़ान े हते ु बैनर/पोस‍ट् र लगाए गए. इस पर 04 .11.16 ्ो ए् सेमीनार ्ा आयोजन भी �्या गया. समु�ी वािणज‍य् िवभाग (सवािव), चेन‍न् ई : ितमाही ् े दौरान, पत‍त् न राष‍�् िनयं�ण/ध‍व् ज राष‍�् ्ायानर ्‍वयन ् ेअंतगरत 17 िनरीकण �्ए गए. �िशकण संस‍थ् ान� ्ो अनुमोदन �दान ्रने ्े िलए ितमाही ्े दौरान 09 िनरीकण �्ए गए. इंजीिनय�रग परीका� ्े िलए 604 और नॉ�ट्ल परीका� ् ेिलए 193 अभ‍य् �थय� न े भाग िलया. ितमाही ्े दौरान 2389 �माणप� जारी �्ए गए िजनम� सीओसी, सीओसी-जीएमडीएसएस और डीसीई आ�द ्ा पुनव�धी्रण शािमल ह.ै प�रसर ्� सफाई ्र स‍व् च्‍छ भारत अिभयान मनाया गया. 31.10.16 ्ो राष‍�् ीय ए्ता �दवस ्� शपथ ली गई. �दनां् 31.10.16 से 05.11.16 त् सत्रता जाग�्ता सप‍त् ाह मनाया गया. �दनां् 02.11.16 ्ो, ईमानदारी बढ़ाने और �ष‍ट् ाचार ्ो समाप्‍त ्रने म� जन �ितभािगता िवषय पर ए् िनबंध �ितयोिगता ्ा आयोजन �्या गया. �दनां् 12.12.16 ्ो चेन‍न् ई तट पर वदार नाम् ए् बड़ा भारी तूफानी च्वात आया िजस्े प�रणामस‍व् �प ब�त तेज़ हवाए ं चल� और एं्र गेट भवन ्� दसू री और तीसरी मंि़जल ्� िखड़�्य� ् ेदरवाज़ े(07 ) टूट गए. मरम‍म् त ्ा ्ाय र �्या जा रहा ह.ै �दनां् 12.12.16 ्ो 1530 बजे च्वात वदार ् े ्ारण मौसम िबगड़ गया और एन‍न् ोर पत‍त् न पर �फगर बोट जे�ी ् े पास पायलट लॉन‍च् एआरएएनआई, ओ नंबर 2829, पंजीयन ्ा पत‍त् न-चेन‍न् ई, उलट गई. �दनां् 16.12.16 ्ो डीजी ्ॉम सेन्‍टर, मुंबई ्ो समु�ी अपघात/घटना/बाल-बाल बचने से संबंिधत �थम सूचना भेजी गई. सवािव, चेन‍न् ई ्� स‍थ् ानीय एजी लेखापरीका �दनां् 26.12.16 स े 30.12.16 त् ्� गई. �दनां् 28.12.16 ्ो �हदी ्ायशर ाला ्ा आयोजन �्या गया. अपने दैनं�दन सर्ारी ्ाम्ाज म� सभी अिध्ा�रय� और ्मचर ा�रय� ्ो राजभाषा �हदी ्ा �योग ्रन े ् ेिलए �ोत‍स् ािहत �्या गया. 22�ी दीप् शे�ी, भारास,े(सीएनडसीई : 1980) �दनां् 30.11. 2016 ्ो सर्ारी सेवा स े सेवािनवृत‍त् �दनां् 30. 11. 2016्ो अिधव�षता ्� आयु होने पर �ी दीप् शे�ी, भारासे (सीएनडसीई :1980) नौवहन महािनदेश् एव ं पदेन सिचव, भारत सर्ार सर्ारी सेवा स े सेवािनवृत्‍त हो गए. उल‍ल् ेखनीय है �् आप अपन े सर्ारी ्ाम्ाज ्े दौरान उप/संयु््‍त आयु्‍त् , राजस‍व् आसूचना, मुंबई, अपर वस‍�् आयु्‍त् , भारत सर्ार (अपनी पूवर ्ेन‍�् ीय �ितिनयुि� पर), मुंबई, अपर आयु्‍त् और उत‍प् ाद शुल‍्् आयु्‍त् , सीएसआई िवमानपत्‍तन, सहार, मुंबई, अपर महािनदेश्, ्ेन‍�् ीय सीमाशुल‍्् आसूचना, पि�मी के�, मुंबई, आयु्‍त् , सीमा शुल‍्् , ्ेन‍�् ीय ्ेन‍�् ीय उत‍प् ाद शुल‍्् और सेवा ्र, उड़ीसा, भुवनेश्‍वर, आयु्‍त् , सीमा शुल‍्् , ्ेन‍�् ीय उत‍प् ाद शुल‍्् और सेवा ्र, दमन और संयु� नौवहन महािनदेश्, भारत सर्ार (संयु््‍त सिचव ्े स्‍तर पर, आरंिभ् �प स े और बाद म � अपर सिचव, भारत सर्ार) ् े पद� पर आसीन रह.े �ी दीप् शे�ी ने अन‍त् रराष‍�् ीय समु�ीय संगठन (आईएमओ) म� ्ई आिध्ा�र् भारतीय िशष‍ट् मंडल� और सीजीपीसीएस (सोमािलया ्े तट से परे समु�ी दस‍य् ुता पर संप्र समूह) ्ा नेतृत‍व् �्या. िपछल े साढ़े पांच साल से सोमािलया ्े तट से परे अदल ्� खाड़ी/हॉनर ऑफ अ��्ा म� समु�ी दस‍य् ुता से िनपटने म� आपने सम�पत भाव से श्‍लाघनीय एव ं उल‍ल् ेखनीय योगदान �दया जो �् िवशेष �प स े भारतीय समु�्�मय� और उन् ेप�रवार� �ारा सदैव याद रखा जाएगा. मई, 2014 म � न‍य् ूयॉ्र, यूएसए िसथत संयु््‍त राष‍�् संघ म �आयोिजत सीजीपीसीएस ्� प्‍लेनरी म � सावरजिन् और औपचा�र् तौर पर इसम � आप्� भूिम्ा ्� भू�र-भू�र �शंसा ्� गई. �ी दीप् शे�ी न े नौवहन �बंधन म � ए् िवशेषज ् े �प म � �ितष‍ठ् ा अ�जत ्�. नौमिन और नौवहन जगत ्� ्ामना ह ै �् आप्ा सेवािनवृत्‍त जीवन सुखद-सव्स थर.ह.े �ीमती िव�ा रण�दव,े �वर �ेणी िलिप् ्� सेवािनवृि� :�दनां् 30.11.16 ्ो अिधव�षता ्� आय ुहोन ेपर �वर �ेणी िलिप् सर्ारी सेवा स े सेवािनवृत्‍त हो ग�. नौमिन और नौवहन जगत ्� ्ामना ह ै �् आप्ा सेवािनवृत्‍त जीवन सुखद-स्‍वस्‍थ रह े पेन‍श् न स ेसंबंिधत ्ागज-प� लेखा एव ंवेतन अिध्ारी (नौवहन) ्ो भेज �दए गए : 1. �ी दीप् शे�ी, भारासे, नौवहन महािनदेश् एव ं पदेन सिचव भारत सर्ार. 2. �ीमती िव�ा रण�दव,े �वर �ेणी िलिप् 3. �ी ए् े ठा्ुर, नॉ�ट्ल अिध्ारी, भारतीय समु�ीय िवश्‍विव�ालय, मुंबई 4. �ीमती रेखा डी दलाल, �योगशाला सहाय्, भारतीय समु�ीय िवश्‍विव�ालय, मुंबई ्ो प�रशोिधत सेवािनवृि� लाभ 5. �ी राम �सह एम एल हॉट, टोपस, भारतीय समु�ीय िवश्‍विव�ालय, मुंबई 6. �ी राम �सह एम एल हॉट, टोपस, भारतीय समु�ीय िवश्‍विव�ालय, मुंबई 23राजभाषा ् े िविभन‍न् U संवैधािन् �ावधान�, राजभाषा अिधिनयम, राजभाषा िनयम आ�द ् े ्ायानर ‍व् यन  महािनदशे ालय म � डॉ. मािलनी िब. शं्र, (भा.�.स.े,) महािनदशे ् एव ं पदने अपर सिचव, भारत सर्ार ् े �प म � �दनां् 19.12.16 ्ो ्ायरभार �हण �्या. उन्� अध‍य् कता म � राजभाषा ्ायारन‍व् यन सिमित ्� बैठ् �दनां् 28 �दसंबर, 2016 ्ो आयोिजत ्� गई.  राजभाषा ्ायारन‍व् यन सिमित ्� बैठ् म� पॉवर प्‍वाइंट ्े माध्‍यम से िविभन‍न् िवषय� पर �स्‍तुित्रण �्या गया.  राजभाषा �हदी म� ्ायर ्रन े ्े िझझ् ्ो दरू ्रन े ् े िलए �हदी ्ायरशाला ्ा आयोजन �दनां् 19.12.16 ्ो �्या गया. आय्र िवभाग ्े अिध्ारी �ी रमण �सह इस ्ायरशाला म� ितमाही �गित �रपोटर ्ो भरे जाने ्े संबंध म� िविशष्‍ट जान्ारी दी गई. �दनां्01 /12/ 2016एवं02 /12/ 2016्ो ्मश: समु�ी वािणज्‍य िवभाग, मुंबई, के�ीय पाल, मुंबई, सर्ारी नौवहन ्ायारलय और नािव् रोजगार ्ायारलय, मुंबई ्ा राजभाषा संबंधी िनरीकण �्या गया. इस िनरीकण ्े दौरान सुधार हते ु आवश‍य् ् सुझाव �दए गए और राजभाषा संबंिधत �र्ॉड� ्ो �विसथत �प स े रख े जान े ् े िलए ्हा गया.  नौवहन महािनदशे ालय ्े 4 अनुभाग नामत : नॉ�ट्ल, समन‍व् य, नौवास‍त् ु और सत्रता अनुभाग ्ा ्मश : �दनां्13 /12/ 2016स1े 6 /12/ 2016त् राजभाषा संबंधी िनरीकण �्या गया. िनरीकण ्े दौरान राजभाषा �हदी ्े िविभन‍न् पहलु� ्ो समझाते �ए ितमाही �गित �रपोटर म� अनुमािनत �प से आं्ड़े न दशारए.ं उन सभी अनुभाग� ्ो यह बताया गया �् राजभाषा िवभाग ्े आदशे � एवं वा�ष् ्ायर्म म� �दए गए लक्‍य� ्ो ध्‍यान म � रखत े �ए फाइल� पर �टप्‍पणी होनी चािहए.  “्ौमी ए्ता सप्‍ताह” �दनां् 19 नवम्‍बर, 2016 से 25 नवम्‍बर, 2016 ्े दौरान आयोिजत �्या गया. �दनां् 22 नवम्‍बर, 2016 ्ो �ात :11 बजे �ी दीप् शे�ी, भा.रा.से., नौवहन महािनदशे ् एवं सिचव, भारत सर्ार ने सभी अिध्ा�रय� एवं ्मरचा�रय� ्ो �हदी एव ं अं�ेजी म � शपथ �दलवायी.  �दनां् 31.10.2016 ्ो इस िनदशे ालय म� “रा�ीय ए्ता �दवस” ्ा आयोजन �्या गया इस “रा�ीय ए्ता �दवस” पर �ी अिमताभ ्ुमार, भा.रा.से., अपर नौवहन महािनदशे ्, भारत सर्ार ने सभी अिध्ा�रय� एवं ्मरचा�रय� ्ो �हदी और अं�ेजी म� शपथ �दलवायी.  �ी सुनील ्ुमार, संयु� िनदशे ् (रा. भा. ), पोत प�रवहन मं�ालय, नई �दल्‍ली �ारा इस िनदशे ालय ्ा िनरीकण �दनां् 26.10.2016 ्ो �्या गया. उन‍ह् �ने राजभाषा 24िवभाग ्े आदशे � एवं वा�ष् ्ायर्म म� �दए गए लक्‍य� ्ो ध‍य् ान म� रखते �ए महािनदशे ालय ्े अिध्ा�रय� एवं ्मरचा�रय� ्ा �हदी ्े �ित �झान बढे़ इस्े िलए �ोत्‍सािहत �्या. मान् �चालन ��्याए ं:समय ्� मांग : मान् �चालन ��्या ्ो िव्िसत ्रने ्े �योजन से नौमिन ने �दनां् 8-9.12.2016 ्ो िविभन्‍न ��्या�/ गितिविधय� हते ु ए् �िशकण ्ायशर ाला ्ा आयोजन �्या. इस ्ायशर ाला म� नौमिन ्े अिध्ा�रय� और समु�ी वािणज्‍य िवभाग और अन‍य् अधीनस‍थ् ्ायालर य� ् े�ितिनिधय� न े भाग िलया. नौमिन ्� नई ई-गवन�नस प�रयोजना संबंधी भावी ्ाय रयोजना ्� �रपोट:र िनदेशालय ्� नई ई-गवन�न‍स् �णाली म� �स‍त् ाव है �् पोत� ओर समु�्�मय� दोनो ्ो िमला्र सेवा� और ्ायर्लाप� ्ो पूरी तरह से समे�्त ्र रखा जाए. इस संबंध म� मैससर अन‍ट्र एनड यंग एलएलपी टीम �ारा भावी ्ाय र योजना संबंधी �रपोट र बनाई गई ह.ै यही भावी ्ाय र योजना �रपोट र नई ्ाय र�णाली ्ा आधार बनेगी. यह �रपोटर सभी संबंिधत अिध्ा�रय� और िनदेशलाय ्े अधीनस‍थ् ्ायालर य� ्ो इस मामले म� आवश‍य् ् आशोधन/ मत/ िवचार रखन े हते ु भेजी गई ह.ै 25�ा्ृित् गैस – �धन वाले पोत� और एलएनजी बं्�रग संबंधी सुरका हेतु त्नी्� मान् बनाया जाना . न�दय �, नहर�, भूभाग म� फैले समु�ी जल और सं्री खाि़डय� ्े �प म� भारत भर म� अनतद�शीय जलमाग� ्ा ए् व्‍याप् जाल फैला �आ ह.ै वतरमान म,� अन‍त् द�शीय और तटवत� जल माग� दोन� ही म� जलयान� �ारा �धन ्े �प म� भारी �धन तेल और डीज़ल तेल ्ा �योग �्या जाता ह.ै इन के�� म � �दषू ण ्म ्रन े्� �दशा म� �ा्ृित् गैस ्ा �योग बढ़ाना ए् सही ्दम होगा. अन‍त् रराष‍�् ीय �प स े पयारवरण संबंधी िनयम� ्ा दबाव ह ै �् जल प�रवहन ्े माध‍य् म� से होने वाले उ�जरन म� ्मी लाई जाए. दिु नया भर म� सखती से सल‍फ् र ्� सीमा म� ्मी लाए जाने ्े ्ारण समु�ी बं्र �धन ्ो िडज़ाइन और इस्ा िनमारण इस तरह से �्या जा रहा है �् एलएनजी से चलने वाले पोत बनाए जा रह े ह �और एलएनजी �धन ्� अिधरचना ्ा िनमारण हो रहा ह.ै एलएनजी स े चलन े वाल े पोत� ् े िडज़ाइन और इन् े िनमारण ्ो बढ़ान े ्ो दिृ �गत रखत े �ए और भारत म � एलएनजी �धन ्� अिधरचना ्ो खड़ा ्रने ्े िलए पोत प�रवहन मं�ालय ने अपने आदेश संख‍य् ा एसडी-11018/7/2016 �दनां् 7 अ�ूबर , 2016 ्े अनुसार िवशेषज� ्� ए् सिमित ग�ठत ्� गई है ता�् �ा्ृित् गैस से चलने वाले जलयान� और एलएनजी बं्�रग संबंधी सुरका ् े त्नी्� मान्� ्� जांच ्� जा स् े और मागरदश� िस�ांत बनाए जा स्.� इस सिमित म� नौवहन महािनदेशालय, इिनडयन रिजसटर ऑफ िश�पग, तेल उ�ोग सुरका िनदेशालय (ओआईएसडी), पे�ोिलयम एन‍ड् ए्‍स् प्‍लोिसव सेफटी संगठन (पीईएसओ), आईपीए, तेल उ�ोग िव्ास बोडर (ओआईबीडी), जीएआईएल, डीएनवी-जीएल, लॉयडस रिजसटर, बयूरो वेरीटस, पे�ोनेट ्े िवशेषज और पोत प�रवहन मं�ालय ् े �ितिनिध शािमल ह.� �दनां् 26.10.16, 18.11.16 और 01.12.16 ्ो �ी सुरेश ्ुमार आरएम, मुख्‍य पोत सव�क्, नौमिन, भारत सर्ार, मुंबई ्� अध‍य् कता म� सिमित ने तीन बैठ्� ्� और ई-मेल प�ाचार ्े माध्‍यम से ्ई बार िवचार-िवमशर �्ए गए. िवस्‍तृत बातचीत ् ेउपरांत सिमित न ेएलएनजी स े चलन ेवाल ेपोत� और एलएनजी बं्�रग ्� सुिवधा� स ेसंबंिधत त्नी्� मागरदश� िस�ांत िन�िपत �्ए. सिमित ्� �रपोटर आवश‍य् ् िवचाराथर पोत प�रवहन मं�ालय ्ो भेजी गई ह.ै 26्ैबोटेज ्ो जान �:ए् सं्लन ्ैबोटेज शब्‍द स्‍पेिनश भाषा ् े्ैबो शब‍द् स े बना िजस्ा मतलब होता ह ै्ेप यानी अंतरीप या आग े ्� ओर िन्ली �ई भूिम. ्नसाइज़ ऑ्‍स् फोडर िड्‍श् नरी म� ्ैबोटेज ्ा अथर वह तटवत� व्‍यापार बताया गया ह ै जो �् �्सी देश िवशेष ् े अपन े ही के� ् ेभीतर यातायात �चालन� स े होता हो. भारतीय नौवहन हते ु तटवत� व्‍यापार ्ो आरिकत ्रने ्े िलए अतीत म� ्ई �यास �्ए गए. पहला �यास संवग�य माननीय सर एल भाई शामलदास �ारा माचर 1922 म� �्या गया, आपने राज्‍य प�रषद म� ए् सं्ल‍प् पा�रत �्या िजसम� ऐसी संस्‍तुित थी �् संबंिधत िवभाग� ्ो ऐसे अनुदेश जारी �्ए जाएं �् वे भारतीय ्ंपिनय� ्ो अपनी दर� बतान े ्ा अवसर द.� इस्ा ब�त लाभ्ारी प�रणाम न �आ. दसू रा �यास सन ् 1928 म � एसएन हाजी न े �्या, हालां�् सर्ार न ेअपना मत �्ट �्या �् ऐसा �्या जाना उन भारतीय� ् े िहत म � न होगा जो �् बमा र और अन‍य् अं�ेज़ी �्ूमत� ् े अधीन रह रह े ह.� तीसरा �यास सर अबदलु हलीम ग़ज़नवी �ारा 1937 म� �्या गया आपने भारत म� तटवत� नौवहन ्ो िनयंि�त ्रने ्े िलए ए् िवधेय् पेश �्या ता�् िविभन्‍न �चालन ्ंपिनय� ्े बीच चल रही अनुिचत �ितयोिगता ्ो रो्ा जा स्.े आपने बात ्ो िवभे�दत छूट �णाली ्ो समाप्‍त ्र देने त् बढ़ाया. आम जनता �ारा हालां�् इस िवधेय् ्ो �ाप् समथरन िमला इसिलए सर्ार ्ो लगा �् इस े ्ायािर नवत �्या जाना ्�ठन होगा. अंत म,� 1945 म� भारत सर्ार ने सर पीसी रामस‍व् ामी ऐयर ्� अध‍य् कता म� नौवहन पर यु�ोपरांत पुन :िनमारण नीित उप सिमित ्ा गठन �्या. इस उप सिमित ने संस‍त् ुत �्या �् अन‍य् बात� ्े साथ अगले 5 से 7 साल त् तटवत� व्‍यापार ्ो आरिकत रखा जाए. सर्ार �ारा यह संस‍त् ुित मान ली गई. अगस‍त् , 1950 म � तटवत� व‍य् ापार ् े पूरे आरकण ्� नीित घोिषत ्� गई. अंततोगत‍व् ा वािणज्‍य पोत प�रवहन अिधिनयम, 1958 ्े अंतगरत भारतीय नौवहन ्े िलए तटवत� व्‍यापार ्ो आरिकत ्र �दया गया. वतरमान म�, सर्ार �्सी िवदेशी जलयान ्ो अनुमित नह� देती �् वह भारतीय तट ्े �्सी पत्‍तन से अन‍य् भारतीय पत‍त् न पर ्ाग� ले्र जाए. वािणज‍य् पोत प�रवहन अिधिनयम, 1958 ्� धारा 407 ्े अंतगरत ्ोई िवदेशी पोत भारतीय तट पर ्ाग� नह� ल े जा स्ता. य�द िवदेशी पोत भारतीय तट पर ्ाग� ले जाना चाहता ह ै तो उसे नौमिन ्े यहां तटवत� लाइसेन‍स् ्े िलए आवेदन ्रना होगा या �फर समु�ी या�ा ्े लाइसेन्‍स हते ु आवेदन ्रना होगा ता�् वह उस समु�ी या�ा ्े उस िहस्‍से ्े तट पर अपना ्ाय र ्र स्.े 27हमारे ि�य समु�्�मय� ्ा ्हना ह ै �् : �ट्ट नंबर �दनां् और समय �टपपिणयां समु�्म� ्ा नाम 132957 10/ 1042 142016:42 बज े सवािव ्� सेवा उत्‍्ृष‍ट् ह ै �जभान �सह 717987 10/15/2016 1:49 बजे सवािव ् े ्मचर ारी अत‍य् ंत ्ुशल वैभव भड़भड़े और सेवाभावी ह � 206542 10/25/2016 4:44 बजे उत्‍्ृष‍ट् सेवा �जभान �सह 240375 11/01/2016 11:51 बजे ब�त अच‍छ् ी अनुभव रतुल घोष 464217 11/07/2016 4:19 बजे अच‍छ् ी ए�े हसन 976101 11/10/2016 10:17 बजे अच‍छ् ी सेवा �ती् ्ुमार 641244 11/17/2016 10:15 बजे ब�त अच‍छ् ी अंबर तािलयान 526778 11/25/2016 2:14 बजे अच‍छ् ी सेवा शंभ ू झा 998048 12/01/2016 2:18 बजे ब�त अच‍छ् ी सेवा. ब�त-ब�त अशो् ्ुमार धन‍य् वाद 204744 11/29/2016 10:52 बजे संतु� ्नगराज स�गुटटूवेल 819766 21/01/2016 10:05 बजे िडिजटल इिनडया ् े ्ािनत्ारी िव�रल यादव ्दम हते ु धन‍य् वाद 262559 12/01/2017 1400 बजे नौमिन और सवािव �ारा उत‍्् ृष‍ट् िवशाल सराफ और िनबारध ऑनलाइन सेवा आरंभ ्� गई. 160169 12/01/2017 12:10 बजे पोतसथ मासटर ्ो सकमता मोिनतना लवीना �माणप� �दान ्रन े् ेतत‍प् र सहयोग हते ु धन‍य् वाद. 297348 09/12/2016 16:56 बजे ब�त अच‍छ् ी और ऑनलाइन फाम र ्ुमार संगीत भरा जाना आरंभ ्रन ेस े समय ्� बचत. अितशय धन‍य् वाद. 871554 10/24/2016 11:04 बजे िवशेष �प स े ्ोि� ् े ्मचर ा�रय� व�ण शमार �ारा सहायता हते ु उन्ा और आप सब्ा ब�त-ब�त धन‍य् वाद. 998048 12/01/2016 1400 बजे मेरा बदला �आ सकमता �माणप� अशो् ्ुमार मुझे िमल गया ह,ै ब�त ही अच‍छ् ी सेवा है. ्ोल्ाता सवािव ्े ्मचर ा�रय� ्ो बधाई. 28874805 12/09/2016 16:35 बजे संतोषजन् सिचन पंवार 398523 12/09/2016 1704 बजे ऑनलाइन आवेदन ्� ��्या वा्ई आ�दत‍य् ्ाळे अच‍छ् ी ्दम ह.ै ्ई �ाउज़र लगाए जाए ं तो और भी अच‍छ् ी रहगे ा. 29

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